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कोरोना के खिलाफ जंग में कूदे रिटायर्ड सैनिक, रक्षा मंत्रालय ले रही है इन जगहों पर मदद
Thu, 02 Apr 2020 03:26 PM IST
श्रीधर मिश्रा
न्यूज डेस्क, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, नई दिल्ली
Published by: श्रीधर मिश्रा
Updated Thu, 02 Apr 2020 03:26 PM IST
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साकेंतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए भारत सरकार अपने रिटायर्ड जवानों की मदद ले रही है। दरअसल इस महामारी से पैदा हुए हालात को देखते हुए सरकार ने पूरे देशभर में 21 दिनों का लॉकडाउन किया है। ऐसे में रक्षा मंत्रालय ने गुरुवार को कहा कि वह अपने रिटायर्ड जवानों को एकजुट कर रहे हैं। मंत्रायल का कहना है कि इससे राज्य और जिला स्तर या जहां कहीं भी जरूरत होगी वहां समय पर सहायता पहुंचाने में मदद मिलेगी।
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रक्षा मंत्रालय की तरफ से जारी एक प्रेस रिलीज में कहा गया है, ‘राज्य सैनिक बोर्ड, जिला सैनिक बोर्ड अधिक से अधिक संख्या में रिटायर्ड सैनिकों को जुटाने में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं ताकि, ये राज्य और जिला प्रशासन को लोगों तक पहुंचने में सहायता कर सकें। इसमें संपर्क का पता लगाना, सामुदायिक निगरानी, पृथक केंद्र का प्रबंधन और उनको दिया जाने वाला काम शामिल है।’
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बता दे कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक अब तक 1965 लोग इस कोरोना वायरस महामारी से संक्रमित हो चुके हैं। वहीं, इस भयानक बीमारी ने अब तक 50 लोगों की जान ले ली है। मंत्रालय ने बताया कि पंजाब में ‘ गार्डियन्स ऑफ गवर्नेंन्स’ नाम के संगठन में 4,200 सेवानिवृत्त सैनिक हैं और वे सभी गांवो से आंकड़े जुटाने में मदद कर रहे हैं। छत्तीसगढ़ सरकार ने भी ईएसएम को पुलिस की मदद करने के काम में लगाया है। आंध्र प्रदेश में भी ऐसी ही किया गया है, जहां जिला कलेक्टरों ने ईएसएम स्वयंसेवियों से मदद मांगी है।
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बात करें उत्तर प्रदेश की तो यहां सभी ‘जिला सैनिक कल्याण अधिकारी’ जिला नियंत्रण कक्ष के संपर्क में हैं। वहीं, रिटायर्ड आर्मी मेडिकल कॉर के कर्मियों की भी पहचान की गई है और उन्हें तैयार रखा गया है। मंत्रालय की तरफ से बताया गया है कि उत्तराखंड में सैनिक विश्राम गृहों को भी पृथक केंद्र में इस्तेमाल करने के लिए तैयार किया जा रहा है।