फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   The Center and the Mamata government have come face-to-face with the Inter-Ministerial Central Parties (IMCT) visiting Coronavirus infant districts in West Bengal

आईएमसीटी के दौरे से भड़की टीएमसी पर केंद्र का पलटवार, कहा- राज्य सरकार नहीं कर रही सहयोग

Tue, 21 Apr 2020 05:53 PM IST
श्रीधर मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: श्रीधर मिश्रा Updated Tue, 21 Apr 2020 05:53 PM IST
विज्ञापन
The Center and the Mamata government have come face-to-face with the Inter-Ministerial Central Parties (IMCT) visiting Coronavirus infant districts in West Bengal
आईएमसीटी के दौरे को लेकर केंद्र और ममता सरकार आमने-सामने आ गए हैं

पश्चिम बंगाल में कोरोना वायरस प्रभावित जिलों में अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दलों (आईएमसीटी) के दौरे को लेकर केंद्र और ममता सरकार आमने-सामने आ गए हैं। इस दौरे को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के सवाल उठाने के बाद अब गृह मंत्रालय ने कहा है कि राज्य में कोलकाता और जलपाईगुड़ी का दौरा करने वाले केंद्रीय दलों को राज्य व स्थानीय प्रशासन का सहयोग नहीं मिल रहा है। 

विज्ञापन


गृह मंत्रालय ने कहा है कि केंद्रीय दलों को क्षेत्रों का दौरा करने से रोक दिया गया। इसके साथ ही दलों को स्थिति का आकलन करने की अनुमति भी नहीं दी जा रही है, टीम को राज्य में स्वास्थ्य कर्मियों से मिलने से रोका जा रहा है। इसके साथ ही मंत्रालय ने कहा है कि पश्चिम बंगाल में केंद्रीय दल के काम में बाधा डालना लॉकडाउन लागू करने में बाधा डालने के बराबर है। 

विज्ञापन

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने जताई थी आपत्ति

बता दें कि पश्चिम बंगाल में दल भेजने पर आपत्ति जताते हुए बनर्जी ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर कहा कि इस तरह का कदम एकपक्षीय और अनपेक्षित है। उन्होंने प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से आकलन के लिए टीम द्वारा अपनाए जाने वाले वे आधार साझा करने को कहा था, जिनके बिना उनकी सरकार आगे कोई कदम नहीं उठा पाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन


वहीं, ममता के इस आरोप के बाद केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला ने बंगाल के मुख्य सचिव राजीव सिन्हा को पत्र लिख कर कहा, 'यह मंत्रालय के ध्यान में लाया गया है कि कोलकाता और जलपाईगुड़ी में आईएमसीटी दल को राज्य और स्थानीय अधिकारियों की तरफ से अपेक्षित सहयोग नहीं किए गए हैं।'

छह आईसीएमटी का किया गया है गठन

बता दें कि केंद्र ने सोमवार को मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान और पश्चिम बंगाल में कोविड-19 की स्थिति का आकलन करने के लिए छह अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दलों (आईएमसीटी) का गठन किया है। गृह मंत्रालय ने सोमवार को कहा था कि कोविड-19 को लेकर मुंबई, पुणे, इंदौर, जयपुर, कोलकाता और पश्चिम बंगाल के कुछ अन्य स्थानों पर हालात विशेष रूप से गंभीर हैं और लॉकडाउन के नियमों के उल्लंघन से कोरोना वायरस का संक्रमण और फैलने का खतरा है।

दल के सदस्य का दावा- बाहर जाने से रोका

राज्य में भेजे गए दो दलों में से एक के सदस्य अपूर्व चंद्रा ने दावा किया कि उन्हें कहा गया है कि वे मंगलवार को बाहर नहीं जाएंगे। रक्षा मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव चंद्रा ने कहा, ‘हमें केंद्र सरकार ने तैनात किया है और तैनाती के हमारे आदेशानुसार राज्य सरकार हमें जरूरी साजोसामान मुहैया कराएगी... मैं मुख्य सचिव के संपर्क में हूं और यहां आने के बाद से ही उनसे मदद मांग रहा हूं।’

उन्होंने कहा, ‘मैंने कल उनसे मुलाकात भी की थी। लेकिन आज हमें बताया गया कि कुछ समस्याओं के चलते हम आज बाहर नहीं जा सकते। मुख्य सचिव हमसे मिलने आने वाले हैं और हम फिर उनके साथ बैठक करेंगे।’ चंद्रा ने कहा कि दल ने यह स्पष्ट कर दिया है कि दौरे को अधिक कारगर बनाने के लिए वे राज्य अधिकारियों के साथ बाहर जाएंगे। लेकिन, अब एक दिन बीत चुका है और हमने केवल एनआईसीईडी (एक आईसीएमआर केन्द्र) और राज्य सचिवालय का दौरा किया है। 

टीएमसी ने दौरे को बताया था एडवेंचर टूरिज्म

सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने आईएमसीटी के दौरे को एडवेंचर टूरिज्म बताया है। पार्टी ने पूछा है कि ये दल उन राज्यों में आकलन के लिए क्यों नहीं गए, जहां कोरोना वायरस के मामले और प्रभावित इलाके ज्यादा हैं। तृणमूल कांग्रेस के सांसद डेरेक ओ ब्रायन और सुदीप बंदोपाध्याय ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि आईएमसीटी दल के पहुंचने के करीब तीन घंटे बाद इसकी जानकारी मुख्यमंत्री को दी गई, जो कि अस्वीकार्य है।

इस मामले पर डेरेक ओ ब्रायन ने कहा, ‘आईएमसीटी दल एडवेंचर टूरिज्म पर है। सीएम को दल के पहुंचने के तीन घंटे बाद इसकी जानकारी दी गई।’ इस दौरान डेरेक ने केंद्रीय दलों के गुजरात, तमिलनाडु और यूपी न जाने पर भी सवाल उठाए, जहां कोरोना के सबसे अधिक मामले और प्रभावित इलाके हैं। राज्यसभा सांसद डेरेक ने पूछा कि केंद्रीय दलों को बंगाल क्यों भेजा गया जबकि, संक्रमित राज्यों की सूची में वह टॉप-10 में भी नहीं है?



उन्होंने केंद्र सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा, केंद्र को यह साफ करना होगा कि मुख्यमंत्री को दल के पहुंचने के बाद ही क्यों उनके आने की जानकारी दी गई? जबकि, संघीय ढांचे के तहत आपको पहले राज्य सरकार को बताना होता है। इन दलों को भेजने के पीछे का लक्ष्य साफ नहीं है। ऐसे में पहले इसे स्पष्ट किए जाने की जरूरत है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed