{"_id":"635136d5d0ff73589173b737","slug":"teachers-recruitment-scam-supreme-court-dismisses-tmc-mla-manik-bhattacharya-plea-ed-arrest-latest-news-update","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट से TMC नेता माणिक भट्टाचार्य को झटका, गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली याचिका खारिज","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट से TMC नेता माणिक भट्टाचार्य को झटका, गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली याचिका खारिज
Thu, 20 Oct 2022 08:43 PM IST
अभिषेक दीक्षित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अभिषेक दीक्षित
Updated Thu, 20 Oct 2022 08:43 PM IST
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : सोशल मीडिया
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को पश्चिम बंगाल प्राथमिक शिक्षा बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष और तृणमूल कांग्रेस के विधायक माणिक भट्टाचार्य की याचिका को खारिज कर दिया। याचिका में प्राथमिक शिक्षकों की नियुक्तियों में कथित अनियमितताओं से संबंधित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी द्वारा उनकी गिरफ्तारी को चुनौती दी गई थी। इससे पहले जस्टिस अनिरुद्ध बोस और न्यायमूर्ति विक्रम नाथ की पीठ ने मंगलवार को माणिक भट्टाचार्य की याचिका पर फैसला सुरक्षित रख लिया था।
विज्ञापन
Trending Videos
सुप्रीम कोर्ट (फाइल)
- फोटो : सोशल मीडिया
नफरत फैलाने वाले भाषणों के खिलाफ याचिका पर जवाब-तलब
सुप्रीम कोर्ट ने मुस्लिम समुदाय के खिलाफ नफरत फैलाने वाले भाषणों पर रोक लगाने के लिए उचित कदम उठाए जाने के निर्देश दिए जाने की मांग से जुड़ी याचिका पर गुरुवार को केंद्र और राज्यों से जवाब-तलब किया। जस्टिस अजय रस्तोगी और न्यायमूर्ति सीटी रवि कुमार की पीठ ने एक अन्य पीठ के समक्ष लंबित ऐसी ही याचिकाओं के साथ इसे भी नत्थी करते हुए केंद्र और सभी राज्यों को नोटिस जारी किए। इससे पहले याचिकाकर्ता शाहीन अब्दुल्ला ने केंद्र और राज्य सरकारों को देशभर में नफरत फैलाने वाले अपराधों और भड़काऊ भाषणों की घटनाओं की स्वतंत्र, विश्वसनीय और निष्पक्ष जांच शुरू करने का निर्देश देने की मांग को लेकर शीर्ष अदालत का रुख किया है।
सुप्रीम कोर्ट ने मुस्लिम समुदाय के खिलाफ नफरत फैलाने वाले भाषणों पर रोक लगाने के लिए उचित कदम उठाए जाने के निर्देश दिए जाने की मांग से जुड़ी याचिका पर गुरुवार को केंद्र और राज्यों से जवाब-तलब किया। जस्टिस अजय रस्तोगी और न्यायमूर्ति सीटी रवि कुमार की पीठ ने एक अन्य पीठ के समक्ष लंबित ऐसी ही याचिकाओं के साथ इसे भी नत्थी करते हुए केंद्र और सभी राज्यों को नोटिस जारी किए। इससे पहले याचिकाकर्ता शाहीन अब्दुल्ला ने केंद्र और राज्य सरकारों को देशभर में नफरत फैलाने वाले अपराधों और भड़काऊ भाषणों की घटनाओं की स्वतंत्र, विश्वसनीय और निष्पक्ष जांच शुरू करने का निर्देश देने की मांग को लेकर शीर्ष अदालत का रुख किया है।