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New IT Law: नए आईटी नियमों से जुडे़ मामलों को सुप्रीम कोर्ट में हस्तांतरित करने की मांग पर आदेश देने से इनकार
Sat, 10 Jul 2021 02:33 AM IST
Jeet Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Sat, 10 Jul 2021 02:33 AM IST
सार
कोर्ट ने आदेश दिया कि इस मामले पर जस्टिस फॉर राइट्स फाउंडेशन वाले लंबित मामले के साथ विचार किया जाएगा।
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supreme court
- फोटो : ANI
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विस्तार
सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को विभिन्न हाईकोर्ट में नए सूचना प्रौद्योगिकी नियम, 2021 की सांविधानिकता को चुनौती देने वाली लंबित सभी मामलों को शीर्ष अदालत में हस्तांतरित करने की केंद्र की याचिका पर किसी तरह का अंतरिम आदेश पारित करने से इनकार कर दिया।
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जस्टिस एएम खानविलकर की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा, हम इस मामले को शीर्ष अदालत में लंबित मामले के साथ जोड़ देते हैं और इसे 16 जुलाई को उपयुक्त पीठ के समक्ष रखने का निर्देश देते हैं। पीठ ने कहा, हम इसे संबद्ध करने और उचित पीठ के समक्ष सूचीबद्ध करने के निर्देश के अलावा कोई अन्य आदेश पारित नहीं कर रहे हैं।
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कोर्ट ने आदेश दिया कि इस मामले पर जस्टिस फॉर राइट्स फाउंडेशन वाले लंबित मामले के साथ विचार किया जाएगा। केंद्र सरकार की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने विभिन्न हाईकोर्ट में लंबित याचिकाओं पर रोक लगाने की मांग की, लेकिन कोर्ट ने किसी तरह का आदेश पारित करने से इनकार किया।
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केंद्रसरकार ने अपनी याचिका में कहा कि ओवर द टॉप (ओटीटी) प्लेटफॉर्म को विनियमित करने का मुद्दा शीर्ष अदालत के समक्ष लंबित है। सरकार नए आईटी नियम, 2021 लेकर आई है जो ओटीटी प्लेटफार्मों के विनियमित करने से संबंधित है।
केंद्र सरकार ने यह ट्रांसफर याचिका यह देखते हुए दायर की है क्योंकि इस मामले से संबंधित याचिकाएं दिल्ली हाईकोर्ट, केरल हाईकोर्ट समेत अन्य हाईकोर्ट में लंबित हैं।
केंद्र सरकार का कहना है कि विभिन्न हाईकोर्ट द्वारा इस मसले का परीक्षण करने से भ्रम की स्थिति होगी। ऐसे में बेहतर होगा कि इन सभी याचिकाओं को सुप्रीम कोर्ट में हस्तांतरित कर दिया जाए, जिससे प्रभावी व्यवस्था दी जा सके।