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Singapore: ‘फलस्तीन को अलग राज्य की मान्यता देने के लिए तैयार है सिंगापुर’, विदेश मंत्री बालकृष्णन ने की घोषणा
Tue, 02 Jul 2024 03:44 PM IST
मिथिलेश नौटियाल
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, सिंगापुर
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, सिंगापुर
Published by: मिथिलेश नौटियाल
Updated Tue, 02 Jul 2024 03:44 PM IST
सार
10 मई को सिंगापुर ने संयुक्त राष्ट्र में फलस्तीन की स्थाई सदस्यता के पक्ष में मतदान करने पर सहमति जताई थी। विवियन बालाकृष्णन ने इस बात पर जोर दिया कि इस्राइल और फलस्तीन, दोनों पक्षों के बीच शांति स्थापित होनी चाहिए।
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सिंगापुर के विदेश मंत्री विवियन बालकृष्णन
- फोटो : ANI
विस्तार
इस्राइल और फलस्तीन के बीच जंग लगातार जारी है। इस बीच कुछ देश ऐसे हैं, जिन्होंने फलस्तीन को अलग राज्य की मान्यता देने पर जोर दिया है। इन देशों में सिंगापुर भी शामिल है। सिंगापुर एक सुनिश्चित समय में फलस्तीन को अलग राज्य की मान्यता देने के लिए तैयार है।
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सिंगापुर के विदेश मंत्री विवियन बालकृष्णन ने संसद में की घोषणा
सिंगापुर के विदेश मंत्री विवियन बालकृष्णन ने संसद में इस बात की घोषणा की। उन्होंने कहा कि सिंगापुर, दो राज्य समाधान (Two-State Solution) की अवधारणा की वकालत करता है। साथ ही संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा समिति की शांति स्थापित करने वाली विचारधारा का समर्थन करता है। विवियन बालाकृष्णन ने कहा, ‘एक ऐसी प्रभावी फलस्तीनी सरकार होनी चाहिए जो आतंक के अंत के लिए इस्राइल के अधिकारों को स्वीकारे। दोनों पक्षों के अपने अधिकार हैं और दोनों जगहों के लोगों को शांतिपूर्वक जीवन बिताने का अधिकार है।’ विदेश मंत्री ने ये बातें संसद में सांसदों के सवालों का जवाब देते हुए कहीं। दरअसल, 10 मई को सिंगापुर ने संयुक्त राष्ट्र में फलस्तीन की स्थाई सदस्यता के पक्ष में मतदान करने पर सहमति जताई थी।
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दोनों पक्षों के बीच शांति स्थापित करने पर जोर
विवियन बालाकृष्णन ने इस बात पर जोर दिया कि इस्राइल और फलस्तीन, दोनों पक्षों में शांति स्थापित होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों के लोग बहुत लंबे समय से युद्ध को झेल रहे हैं। बालाकृष्णन के अनुसार, ‘इस्राइल और फलस्तीन के बीच शांति स्थापित करने के लिए साथ में काम करने की आवश्यकता है। इससे दोनों देशों के लोगों का भविष्य सुधरेगा। दोनों देशों का मित्र होने के नाते सिंगापुर शांति स्थापित करने के प्रयासों को लेकर दोनों पक्षों का साथ देता रहेगा।’
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सिंगापुर ने यूएन में फलस्तीन के पक्ष में किया था मतदान
इस वर्ष 18 अप्रैल को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा समिति ने एक प्रस्ताव पेश किया था। इसमें फलस्तीन को संयुक्त राष्ट्र में शामिल करने की बात कही गई थी। इसके बाद 10 मई को संयुक्त राष्ट्र में फलस्तीन की सदस्यता के पक्ष में मतदान किया गया था। सिंगापुर ने भी फलस्तीन के पक्ष में मतदान किया था। इस दौरान कुल 143 देशों ने फलस्तीन के पक्ष में तो नौ देशों ने फलस्तीन के खिलाफ मतदान किया था। मतदान के दौरान 25 सदस्य देशों के प्रतिनिधि अनुपस्थित रहे।