फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Shiv Sena (UBT) chief Uddhav Thackeray says CAA is just an election gimmick

Politics: महाराष्ट्र के पूर्व CM उद्धव ठाकरे ने CAA को लेकर BJP पर बोला हमला, कहा- यह सिर्फ चुनावी हथकंडा

Wed, 13 Mar 2024 08:21 AM IST
काव्या मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: काव्या मिश्रा Updated Wed, 13 Mar 2024 08:21 AM IST
सार

उद्धव ठाकरे ने कहा कि देश में एक नया कानून सीएए लाया गया है। जो हिंदू, सिख, पारसी और जैन देश के बाहर डरे हुए हैं, उन्हें हमारे देश में लाया जाएगा। उन्हें जरूर लाया जाना चाहिए, लेकिन यह सिर्फ चुनावी हथकंडा है।

विज्ञापन
Shiv Sena (UBT) chief Uddhav Thackeray says CAA is just an election gimmick
उद्धव ठाकरे - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

केंद्र सरकार ने सोमवार को नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) लागू करने का नोटिफिकेशन जारी कर दिया। भाजपा समर्थक जहां सरकार के इस फैसले पर खुशी जता रहे हैं, वहीं विपक्ष इस मुद्दे पर सरकार के खिलाफ मुखर हो गया है। महाराष्ट्र के पूर्व सीएम और शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे का कहना है कि यह सिर्फ चुनावी हथकंडा है। 

विज्ञापन


कोर्ट का फैसला अभी नहीं आया है
उद्धव ठाकरे ने कहा, 'देश में एक नया कानून सीएए लाया गया है। जो हिंदू, सिख, पारसी और जैन देश के बाहर डरे हुए हैं, उन्हें हमारे देश में लाया जाएगा। उन्हें जरूर लाया जाना चाहिए, लेकिन यह सिर्फ चुनावी हथकंडा है। जब मैं मुख्यमंत्री था तो वे (भाजपा) देश में सीएए और एनआरसी का भूत लेकर आए। उस समय लोगों के मन में खासकर असम के लोगों में डर पैदा हो गया था। इस कानून के खिलाफ कोर्ट में कई याचिकाएं हैं। कोर्ट का फैसला अभी नहीं आया है, लेकिन उन्होंने सीएए नोटिफिकेशन जारी कर दिया है।'
विज्ञापन


झगड़े व दंगे कराना चाहते हैं
उन्होंने आगे कहा, 'वे धर्मों के बीच भेदभाव पैदा करना चाहते हैं और झगड़े व दंगे कराना चाहते हैं। आने वाले चुनावों में एक तरफ भाजपा है जो धर्मों के बीच नफरत पैदा कर रही है तो दूसरी तरफ देशभक्त इंडिया गठबंधन है। यह चुनाव देशभक्त बनाम नफरत करने वालों का होने जा रहा है। अगर आप विदेशों से हिंदुओं को हमारे यहां लाना चाहते हैं तो पहले कश्मीरी पंडितों को वापस लाइए, फिर सीएए लाएं।'

विज्ञापन
विज्ञापन

यह है सीएए
नागरिकता संशोधन विधेयक 11 दिसंबर, 2019 को संसद द्वारा पारित किया गया था। एक दिन बाद ही इस विधेयक को राष्ट्रपति की सहमति मिल गई थी। सीएए के जरिए पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आए हिंदू, सिख, जैन, बौद्ध, पारसी और ईसाई समुदायों से संबंधित अल्पसंख्यकों को भारतीय नागरिकता लेने में आसानी होगी। ऐसे अल्पसंख्यक, 31 दिसंबर, 2014 को या उससे पहले भारत में प्रवेश कर चुके हों।


पोर्टल की यह है लिंक
गृह मंत्रालय ने यह पोर्टल https:/indiancitizenshiponline.nic.in. लॉन्च किया है। बता दें, गृह मंत्रालय द्वारा नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, 2019 (सीएए-2019), जिसे अब नागरिकता (संशोधन) नियम, 2024 कहा जाता है, के तहत नियमों को अधिसूचित करने के तुरंत बाद पोर्टल सोमवार रात को उपलब्ध कराया गया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed