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शाह महमूद कुरैशी ने कहा मसूद अजहर के खिलाफ ठोस सबूत दो, तब करेंगे कार्रवाई
Sat, 02 Mar 2019 08:16 AM IST
Sneha Baluni
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Sneha Baluni
Updated Sat, 02 Mar 2019 08:16 AM IST
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शाह महमूद कुरैशी
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पाकिस्तान हमेशा से इस बात से इनकार करता रहा है कि उसकी सरजमीं पर आतंकवाद और उसके पनाहगार पल रहे हैं। वह अपनी जमीन का इस्तेमाल आतंकवाद के लिए होने की बात भी नकारता रहा है लेकिन आखिरकार उसने यह बात मान ली है कि आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) का मुखिया मसूद अजहर पाकिस्तान में हैं और उसकी तबीयत खराब है। पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने एक टीवी चैनल पर इस बात को कबूला है कि अजहर पाकिस्तान में है।
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कुरैशी से जब सीएनएन के क्रिश्चियन अमनपोर ने पूछा गया कि क्या जेईएम का मुखिया अजहर पाकिस्तान में है? यदि हां तो क्या आप उसे पकड़ोगे? इसपर जवाब देते हुए मंत्री ने कहा, 'मेरी जानकारी के अनुसार वह पाकिस्तान में है। उनकी तबियत बहुत खराब है। वह इस हद तक अस्वस्थ है कि वह अपना घर तक नहीं छोड़ सकता। मेरे पास यही सूचना है।' उन्होंने अजहर को गिरफ्तार करने के सवाल का जवाब नहीं दिया।
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अमनपोर ने जब पूछा कि पाकिस्तान ने अभी तक अजहर को गिरफ्तार क्यों नहीं किया है तो विदेश मंत्री ने कहा कि उन्हें ठोस और अपरिहार्य सबूत चाहिए जिससे कि वह लोगों और पाकिस्तान की स्वतंत्र न्यायप्रणाली को मना सकें। जब कुरैशी से पूछा गया कि क्या दो देशों के बीच चल रहे तनाव को खत्म करने के लिए पाकिस्तान अजहर के नाम को अतंरराष्ट्रीय आतंकियों की सूची में डालने का स्वागत करेगा तो उन्होंने कहा, 'हम हर उस विकल्प के लिए तैयार हैं जिससे कि युद्ध का माहौल खत्म होता हो। यदि उनके पास अच्छे और ठोस सबूत हैं तो हम बैठकर बात करेंगे। हमारे साथ बातचीत शुरू करें हम उन्हें अपना विवेक दिखाएंगे।'
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युद्ध के खतरे को देखते हुए कुरैशी ने कहा कि सशस्त्र संघर्ष दोनों देशों के लिए आपसी आत्महत्या होगी। उन्होंने कहा पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने भारतीय प्रधानमंत्री को पत्र लिखा है। जिसमें उनका कहना है, 'दोनों विदेश मंत्रियों को न्यूयॉर्क में मिलने दीजिए ताकि वे आगे का रास्ता तय कर सकें।' मंत्री ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और विदेश मंत्री माइक पॉम्पियो का धन्यवाद किया क्योंकि उन्होंने दोनों देशों के बीच युद्ध को खत्म करने में अपनी रुची दिखाई है।