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रेवाड़ी गैंगरेप: डरे हुए आरोपियों ने महिला की तबीयत खराब होने पर बुलाया था डॉक्टर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रेवाड़ी
Updated Sun, 16 Sep 2018 10:12 AM IST
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रेवाड़ी गैंगरेप के विरोध में कैंडल मार्च
हरियाणा के रेवाड़ी में 19 साल की सीबीएसई टॉपर के साथ नया गांव में गैंगरेप की घटना हुई थी। बुधवार को आरोपी उस समय डर गए जब पीड़िता की हालत खराब होने लगी। लगभग आठ घंटों तक पीड़िता को ड्रग्स देकर उसके साथ यौन शोषण को अंजाम दिया गया। माना जा रहा है कि एक दर्जन लोगों ने उसके साथ बलात्कार किया है। हालांकि एफआईआर में केवल तीन लोगों के नाम शामिल हैं।
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सूत्रों का कहना है, 'पीड़िता का ब्लड प्रेशर काफी कम हो गया था जिसके बाद पड़ोस के लुखी गांव से एक डॉक्टर को बुलाया गया था।' नया गांव के एक निवासी ने बताया कि डॉक्टर ने आरोपी को बताया था कि लड़की का सिस्टोलिक प्रेशर केवल 50 है। जिसकी वजह से उसकी मौत हो सकती है। यह सुनने के बाद उन्होंने लड़की को घर भेजने का फैसला किया लेकिन उसे महेंद्रगढ़ से 40 केलोमीटर दूर स्थित कनीना बस स्टैंड लेकर गए जहां से सुबह उसे अगवा किया गया था।
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तीन आरोपियों में से एक मनीष ने महिला के पिता को बताया कि उन्हें उनकी लड़की आधी बेहोशी की हालत में बस स्टॉप पर पड़ी मिली है। सभी आरोपी पंकज, सेना का जवान, निशु और मनीष रेवाड़ी के उसी गांव के रहने वाले हैं जहां पीड़िता रहती है। वह पीड़िता और उसके परिवार को जानते हैं। वहीं दूसरी तरफ स्थानीय निवासियों को डॉक्टर ने लड़की की हालत के बारे में बताया। वहां से यह बात महिला के परिवार और उसके पड़ोसियों तक पहुंच गई।
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पुलिस सूत्रों ने शनिवार को बताया कि डॉक्टर का पता लगा लिया गया है और उसे सुरक्षा दी गई है। उसका बयान जांच के लिए काफी महत्वपूर्ण हो सकता है। इसके अलावा आरोपियों को पकड़ने में भी वह अहम भूमिका निभा सकता है जो फिलहाल फरार हैं। इसी बीच महिला के परिवार ने शिकायत की है कि शुक्रवार देर रात को उसका बयान दर्ज किया गया। उस समय वह पूरे होश में नहीं थी। मामले की जांच कर रही एसआईटी की नाजनीन भसीन का कहना है कि पीड़िता के बयानों को दोबारा रिकॉर्ड किया जाएगा।