फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Retired sub-inspector beaten to death case, 4 accused got bail

रिटायर्ड दरोगा हत्याकांड में 24 घंटे बाद ही चार को मिली जमानत, डंडों से पीट-पीटकर मार डाला था

Thu, 06 Sep 2018 11:07 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, इलाहाबाद
ब्यूरो, अमर उजाला, इलाहाबाद Updated Thu, 06 Sep 2018 11:07 AM IST
विज्ञापन
Retired sub-inspector beaten to death case, 4 accused got bail

इलाहाबाद के जिला न्यायालय ने रिटायर्ड दरोगा अब्दुल समद की पीट पीट कर की गई हत्या के मामले में आरोपी मो. राजिक, सानाह रुखसाना मेंहदी उर्फ अनमता और हिना की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है। इन पर जमानतीय अपराध का आरोप है। यह आदेश सीजेएम ने दिया है।

विज्ञापन


अभियोजन के अनुसार शिवकुटी थाना क्षेत्र में रिटायर्ड दरोगा अब्दुल समद खान की पीट-पीट कर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में बुधवार को शिवकुटी पुलिस ने सात लोगों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। जिनमें से मो. राजिक, सनाह रुखसाना, मेंहदी और हिना पर जमानतीय अपराध था। बचाव पक्ष की ओर से दी गई अर्जी पर सुनवाई के बाद कोर्ट ने बीस बीस हजार की दो जमानतें दाखिल करने पर रिहा करने का आदेश दिया है। हत्या के अन्य तीन आरोपी इब्ने साउद, युसूफ कमाल और शेबू कमाल को न्यायिक अभिरक्षा में लेकर जेल भेज दिया है।
विज्ञापन



अभियुक्तों की जमानत का कड़ा विरोध करे सरकार: हाईकोर्ट

शिवकुटी में सोमवार को रिटायर्ड दरोगा की बीच सड़क पीटपीट कर हत्या कर देने की घटना का स्वत: संज्ञान लेते हुए हाईकोर्ट ने कहा है कि सरकार सभी अभियुक्तों की जमानत का कड़ा विरोध करे ताकि वह जेल से छूटने न पाएं। कोर्ट का कहना था कि अमूमन गंभीर अपराधों में सरकार की ओर से अभियुक्तों की जमानत का कड़ा विरोध नहीं किया जाता है, जिसकी वजह से वह जमानत पर छूट जाते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कोर्ट को बताया गया कि हत्याकांड के सातों नामजद अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस पर मुख्य न्यायमूर्ति डीबी भोसले और न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा की पीठ ने टिप्पणी की कि यदि जमानत का विरोध नहीं होगा तो यह सभी छूट जाएंगे। कोर्ट ने गैंग रेप और हत्या जैसे अपराधों में अभियोजन को कड़ा विरोध करने की नसीहत दी। कहा कि कम से कम विवेचना पूरी होने तक अभियुक्तों को जमानत पर रिहा नहीं होना चाहिए। पूरे प्रकरण पर 24 सितंबर को जानकारी मांगी है।


अदालत ने अपर महाधिवक्ता मनीष गोयल से पूछा कि मुख्य आरोपी अभी तक गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया है। अपर महाधिवक्ता ने बताया कि सभी फरार आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। घटना की जांच जारी है। उल्लेखनीय है कि मंगलवार को हाईकोर्ट ने इस घटना की मीडिया रिपोर्ट पर संज्ञान लेते हुए प्रदेश सरकार से जानकारी मांगी थी। बुधवार को इस मामले को जनहित याचिका के तौर पर दर्ज करते हुए सुनवाई प्रारंभ कर दी। अदालत का कहना था कि घटना की सीसीटीवी फुटेज होने के बावजूद अभियुक्तों को गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed