फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Rajnath Singh Says, CCS Approves Rs 48000 Crore Landmark Deal: India Clears Purchase Of 83 Tejas Jets For IAF

वायुसेना की ताकत बढ़ाएंगे 83 तेजस विमान, 48 हजार करोड़ रुपये के स्वदेशी रक्षा खरीद सौदे को मंजूरी

Wed, 13 Jan 2021 05:30 PM IST
संजीव कुमार झा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: संजीव कुमार झा Updated Wed, 13 Jan 2021 05:30 PM IST
विज्ञापन
Rajnath Singh Says, CCS Approves Rs 48000 Crore Landmark Deal: India Clears Purchase Of 83 Tejas Jets For IAF
एलसीए तेजस - फोटो : social media

प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता वाली सीसीएस ने बुधवार को भारतीय वायुसेना के बेड़े के 83 अतिरिक्त स्वदेशी एडवांस तेजस जेट के लिए लगभग 48,000 करोड़ रुपये के सबसे बड़े स्वदेशी रक्षा खरीद सौदे को मंजूरी दे दी है। यह सौदा भारतीय रक्षा विनिर्माण में आत्मनिर्भरता के लिए एक गेम-चेंजर होगा। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इसकी जानकारी दी। बता दें कि रक्षा मंत्रालय ने 40 तेजस जेट की खरीद को पहले ही मंजूरी दे दी है। यानि कि अब देश के पास कुल 123 एडवांस तेजस जेट हो जाएंगे।

विज्ञापन


इन 123 जेट के अतिरिक्त भारत 170 तेजस Mark-2 की खरीद को मंजूरी देने पर विचार कर रहा है, जो कि पॉवरफुल इंजन और एडवांस टेक्नोलॉजी से बना होगा।

रक्षा मंत्रालय के अनुसार वर्ष 2029 तक सभी 83 विमानों को वायुसेना को सौंपने का लक्ष्य है। इन 83 विमानों से वायुसेना की कम से कम छह स्कॉवड्रन बन जाएंगी। एक स्कॉवड्रन में 16-18 शक्तिशाली लड़ाकू विमान होते हैं। बता दें कि ये 83 मार्क वन-ए फाटइर जेट पुराने सौदे वाले मार्क वन से ज्यादा एडवांस यानी घातक और खतरनाक हैं।
विज्ञापन


तेजस स्वदेशी चौथी पीढ़ी का टेललेस कंपाउंड डेल्टा विंग विमान है। यह फ्लाई बाय वायर फ्लाइट कंट्रोल सिस्टम, इंटीग्रेटेड डिजिटल एवियोनिक्स, मल्टीमॉड रडार से लैस लड़ाकू विमान है और इसकी संरचना कंपोजिट मैटेरियल से बनी है। तेजस चौथी पीढ़ी के सुपरसोनिक लड़ाकू विमानों के समूह में सबसे हल्का और सबसे छोटा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


डीआरडीओ के प्रमुख ने पीएम मोदी का किया धन्यवाद
खरीद की मंजूरी मिलने के बाद डीआरडीओ के प्रमुख ने कहा कि यह देश में विभिन्न उन्नत विमान प्रणालियों के विकास का मार्ग प्रशस्त करता है। मैं इस महत्वपूर्ण परियोजना को स्वीकृति देने के लिए प्रधानमंत्री को धन्यवाद देना चाहता हूं। उन्होंने कहा कि यह भारतीय वैमानिकी वैज्ञानिक समुदाय और उद्योग के लिए एक महान दिन है। विमान की सबसे बड़ी संख्या के आदेश के लिए अनुमोदन प्राप्त करना एक बड़ी उपलब्धि है और तीन दशकों की कड़ी मेहनत का परिणाम है। 


 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed