फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   raisina dialogoue 2023 EAM Dr S Jaishankar invokes Cricket analogy net practice starts six in morning

Jaishankar on Modi: 'मोदी कप्तान हों तो सुबह छह बजे नेट प्रैक्टिस शुरू होती है और वे विकेट चाहते हैं': जयशंकर

Fri, 03 Mar 2023 04:26 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: निर्मल कांत Updated Fri, 03 Mar 2023 04:26 PM IST
सार

Jaishankar invoked Cricket during Raisana Dialogue: विदेश मंत्री एस जयशंकर अक्सर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कार्यशैली का जिक्र करते हैं। इस बार रायसीना डायलॉग में संबोधन के दौरान उन्होंने क्रिकेट का उदाहरण देते हुए दिलचस्प बात कही...

विज्ञापन
raisina dialogoue 2023 EAM Dr S Jaishankar invokes Cricket analogy net practice starts six in morning
विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

विदेश मंत्री एस जयशंकर शुक्रवार को रायसीना डायलॉग में संबोधित कर रहे थे। चर्चा के दौरान मंच पर उनके साथ इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर केविन पीटरसन भी मौजूद थे। इस दौरान क्रिकेट का जिक्र हुआ। उनसे यह पूछा गया कि जब प्रधानमंत्री मोदी आपके कप्तान हों तो क्या आप आक्रामक खेल दिखाते हैं या बाउंड्री रोकते हैं? इस पर जयशंकर ने दिलचस्प तरीके से जवाब दिया। आइए जानते हैं जयशंकर ने क्या कहा...

विज्ञापन


'नेट प्रैक्टिस सुबह छह बजे शुरू होती है'
जयशंकर ने कहा, ''मोदी कप्तान हों तो बहुत सारी नेट प्रैक्टिस की जरूरत होती है। नेट प्रैक्टिस सुबह छह बजे शुरू होती है और फिर काफी देर तक चलती है। मुझे यकीन है कि केविन पीटरसन मेरी बात से सहमत होंगे कि अगर आपके पास कोई ऐसा गेंदबाज है, जिस पर आपको भरोसा है और जिसका प्रदर्शन आपने देखा है तो आप उसे स्वतंत्रता देते हैं।''
विज्ञापन


'प्रधानमंत्री उम्मीद करते हैं कि गेंदबाज विकेट ले'
विदेश मंत्री ने आगे कहा, ''आप उसे सही क्षण पर गेंदबाजी का मौका देते हैं और आप उस पर यह भरोसा करते हैं कि वह किसी विशेष परिस्थिति का सामना कर लेगा। इस परिप्रेक्ष्य में कैप्टन मोदी अपने गेंदबाजों को स्वतंत्रता देते हैं और फिर यह उम्मीद करते हैं कि आप विकेट लें।''
विज्ञापन
विज्ञापन


Raisina Dialogue: ऑस्ट्रेलियाई विदेश मंत्री बोलीं- हिंद-प्रशांत क्षेत्र में भारत अहम, एस जयशंकर ने कही ये बात


'लॉकडाउन का फैसला मुश्किल था' 
उन्होंने कोरोना का जिक्र करते हुए कहा, ''...लेकिन कुछ मुश्किल फैसले भी होते हैं। जैसे लॉकडाउन का फैसला बहुत कठिन निर्णय था, लेकिन वह निर्णय तब जरूरी था। आज हम पीछे देखते हैं तो यह सोचते हैं कि अगर हमने वह फैसला नहीं लिया होता तो क्या होता?''



'घरेलू मैदान में ही नहीं, विदेश में भी मैच जीतना चाहते हैं..'
विदेश मंत्री डॉ जयशंकर ने विदेश नीति में बढ़ती दिलचस्पी को लेकर कहा, ऐसा इसलिए है क्योंकि दुनिया एक कठिन जगह पर है, ज्यादा लोग दुनिया में रुचि ले रहे हैं। दूसरी वजह भारत का वैश्वीकरण है। एक क्रिकेट टीम की तरह हम सिर्फ घरेलू मैदान पर ही नहीं बल्कि विदेश में भी मैच जीतना चाहते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed