फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Rafale Deal: Supreme Court agrees to hear review petition which gave opposition a opportunity

राफेल पर फिर हमलावर हुआ विपक्ष, राहुल बोले- सुप्रीम कोर्ट ने भी माना चौकीदार ने चोरी की है

Wed, 10 Apr 2019 01:53 PM IST
Sneha Baluni न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Sneha Baluni Updated Wed, 10 Apr 2019 01:53 PM IST
विज्ञापन
Rafale Deal: Supreme Court agrees to hear review petition which gave opposition a opportunity
राफेल को लेकर विपक्ष सरकार पर हमलावर हो गई है (फाइल फोटो) - फोटो : Instagram

राफेल मामले में उच्चतम न्यायालय के फिर से सुनवाई करने के लिए तैयार होने के बाद विपक्ष सरकार को लेकर हमलावर हो गया है। अमेठी में नामांकन दाखिल करने के बाद कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि उच्चतम न्यायालय ने पाया कि चौकीदार ने चोरी की है। गरीबों का पैसा अनिल अंबानी की जेब में डाला है। उन्होंने कहा कि आज खुशी का दिन है। अदालत ने हमारी बात पर अपनी मुहर लगाई है। गांधी ने एक बार फिर से प्रधानमंत्री को 15 मिनट बहस करने की चुनौती दी है। सरकार की तरफ से केंद्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने टिप्पणी की है।  उनका कहना है कि यह सरकार के लिए झटका नहीं है।

विज्ञापन


राहुल से पहले कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र पर निशाना साधते हुए कहा कि इस मामले में सच सामने आकर रहेगा। पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट कर कहा, 'मोदी जी जितना चाहें भाग सकते हैं और झूठ बोल सकते हैं। लेकिन आज नहीं तो कल सच सामने आ जाएगा।' उन्होंने दावा किया, 'राफेल घोटाले की परतें एक-एक करके खुल रही हैं। अब 'कोई गोपनीयता का कानून नहीं है' जिसके पीछे आप छिप सकें।'
विज्ञापन

 
सुरजेवाला ने कहा, 'उच्चतम न्यायालय ने कानूनी सिद्धांत को बरकरार रखा है। परेशान मोदी जी ने राफेल के भ्रष्टाचार का खुलासा करने वाले स्वतंत्र पत्रकारों के खिलाफ सरकारी गोपनीयता कानून लगाने की धमकी दी। सुरजेवाला ने कहा, 'उच्चतम न्यायालय ने कानूनी सिद्धांत को बरकरार रखा है। परेशान मोदी जी ने राफेल के भ्रष्टाचार का खुलासा करने वाले स्वतंत्र पत्रकारों के खिलाफ सरकारी गोपनीयता कानून लगाने की धमकी दी। चिंता मत करिए मोदी जी, अब जांच होने जा रही है चाहे आप चाहें या नहीं चाहें।'

राफेल को लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी सरकार को घेरा। उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, 'मोदी जी हर जगह कह रहे थे कि उन्हें उच्चतम न्यायालय से राफेल में क्लीन चिट मिली है। आज के न्यायालय के फैसले से साबित हो गया कि मोदी जी ने राफेल में चोरी की है, देश की सेना से धोखा किया है और अपना जुर्म छिपाने के लिए सुप्रीम कोर्ट को गुमराह किया।'

बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने भी राफेल को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, 'राष्ट्रीय सुरक्षा की आड़ में राफेल रक्षा सौदे में भारी गड़बड़ी/भ्रष्टाचार को छिपाने की पीएम मोदी सरकार की कोशिश विफल। सुप्रीम कोर्ट में बीजेपी सरकार पूरी तरह घिरी। संसद के भीतर व बाहर बार-बार झूठ बोलकर देश को गुमराह करने के लिए मोदी माफी मांगे व रक्षा मंत्री इस्तीफा दें।' 

विपक्ष जहां राफेल को लेकर एक बार फिर से मोदी सरकार पर हमलावर हो गई है। वहीं अभी तक सरकार की तरफ से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। बता दें कि आज उच्चतम न्यायालय अपने पूर्व के फैसले पर सुनवाई करने के लिए राजी हो गई है। पिछले साल 14 दिसंबर को अदालत ने सरकार को क्लीनचिट देते हुए अदालती निगरानी में इसकी जांच करने वाली याचिका को खारिज कर दिया था।

वामदलों ने अदालत के फैसले पर खुशी जताई। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव सीताराम येचुरी ने कहा, 'मोदी सरकार ने देश के अहम रक्षा सौदे में भ्रष्टाचार कर देश की सुरक्षा से समझौता किया। अब अदालती जांच से सच सामने आएगा।' इस मामले में संयुक्त संसदीय समिति गठित नहीं करके और कैग से राफेल की कीमत छुपाकर मोदी सरकार ने पहले देश को गुमराह किया फिर उच्चतम न्यायालय में सुनवाई को बाधित करने की कोशिश की।


उन्होंने मोदी सरकार पर इस मामले में अदालत से ‘क्लीन चिट’ मिलने का गलत दावा करने का आरोप लगाते हुए कहा, 'मोदी और उनकी सरकार अपनी जिम्मेदारी से बचने की लगातार कोशिश कर रही थी। इसलिए अदालत का यह फैसला महत्वपूर्ण है क्योंकि अब इस मामले के दोषियों के चेहरे सामने आ सकेंगे।'

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed