{"_id":"582c10664f1c1bd53b8ff406","slug":"protest-march-to-rastrpati-bhawan-against-note-ban","type":"story","status":"publish","title_hn":"नोट बैनः ममता ने दी ATM की नई परिभाषा 'आएगा तब मिलेगा'","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
नोट बैनः ममता ने दी ATM की नई परिभाषा 'आएगा तब मिलेगा'
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Wed, 16 Nov 2016 03:52 PM IST
विज्ञापन
- फोटो : ANI
केंद्र सरकार द्वारा बड़े नोटों पर बैन लगाने के विरोध में तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व में विपक्ष के सांसदों
विज्ञापन
और नेताओं ने राष्ट्रपति भवन तक मार्च निकाला।
इस दौरान आप सांसद भगवंत मान, नेशनल कान्फ्रेंस के उमर अब्दुल्ला सहित कई दलों के बड़े नेता भी मार्च में शामिल रहे। हालांकि संख्याबल के हिसाब से यह आंकड़ा कम ही रहा लेकिन विपक्ष ने इस दौरान एकजुटता दिखाने का पूरा प्रयास किया।
विज्ञापन
राष्ट्रपति भवन पहुंचकर विपक्ष की ओर से इस संबंध में राष्ट्रपति को ज्ञापन दिया गया। ममता बनर्जी ने बताया कि हमने इस संबंध में राष्ट्रपति तक अपनी बात रखी है। हमने उनसे निवेदन किया है कि वह राष्ट्रहित में सरकार से यह निर्णय वापस लेने की बात करें। राष्ट्रपति पूर्व में वित्त मंत्री रहे हैं वो देश के हालात को अच्छी तरह समझ सकते हैं।
विज्ञापन
पत्रकारों से बात करते हुए ममता ने कहा देश के एटीएम की स्थिति अब "आएगा तब मिलेगा" वाली हो चुकी है। सरकार को जल्द से जल्द अपना निर्णय वापस ले लेना चाहिए।
बता दें कि इस मार्च को लेकर तृणमूल कांग्रेस की ओर से कई दिनों से सरकार की मोर्चाबंदी की जा रही थी। खुद तृणमूल सुप्रीमो ममता बनर्जी ने इस मामले की कमान अपने हाथ में संभाल रखी थी। उन्होंने इस मुद्दे पर साथ देने के लिए शिवसेना को भी अपने साथ कर लिया था।
Delhi: Mamata Banerjee leads the protest march to the President's House, other Opposition parties also participate #demonetisation pic.twitter.com/DlnSgrrQiV
— ANI (@ANI_news) November 16, 2016