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West Bengal: 'लोकतंत्र में विरोध स्वाभाविक, पर कानून हाथ मे लेने की इजाजत नहीं', बंगाल के राज्यपाल की दो टूक
सार
राजभवन की ओर से स्थिति पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। आम जनता की सहायता के लिए 24 घंटे का कंट्रोल रूम भी खोला गया है। सूत्रों के मुताबिक, सीमा से सटे इलाकों में अशांति को देखते हुए राज्यपाल ने केंद्रीय गृह मंत्रालय से भी बातचीत की है।
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सीवी आनंद बोस, राज्यपाल, पश्चिम बंगाल
- फोटो : ANI
विस्तार
पश्चिम बंगाल के राज्यपाल डॉ. सीवी आनंद बोस ने कहा है कि राज्य के कई इलाकों में वक्फ संशोधन कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। कई जगहों पर तोड़फोड़ और हिंसा की घटनाएं भी सामने आई हैं। लोकतंत्र में विरोध होना स्वाभाविक है, लेकिन अराजकता नहीं। कानून को हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जा सकती।
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मालदा, मुर्शिदाबाद और दक्षिण 24 परगना समेत राज्य के कई हिस्सों में वक्फ संशोधन कानून के विरोध में प्रदर्शन हो रहे हैं। कहीं गाड़ियों को जला दिया जा रहा है, तो कहीं बम फेंके जा रहे हैं। इस स्थिति को देखते हुए राज्यपाल ने विशेष संदेश जारी किया। उन्होंने बताया कि उन्होंने राज्य प्रशासन के साथ भी इस मुद्दे पर बातचीत की है।
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उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को मुर्शिदाबाद के सूती से लेकर दक्षिण 24 परगना के आमतला तक हिंसा और बमबारी की तस्वीरें सामने आईं। शुक्रवार शाम को सूती और शमशेरगंज में लगातार बम विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं। इस बीच एक किशोर सहित दो लोग गोलीबारी में घायल हो गए। हालांकि, यह साफ नहीं हो पाया कि गोली किसने चलाई। दक्षिण 24 परगना के आमतला में शुक्रवार दोपहर के बाद से सड़क जाम कर दी गई थी। पुलिस की गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की गई। इसके बाद राज्यपाल ने एक वीडियो संदेश जारी किया।
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राज्यपाल ने दिए कड़े कदम उठाने के आदेश
सीवी आनंद बोस ने बताया कि उन्होंने राज्य को सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। जैसे ही उन्हें अशांति की खबर मिली, उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ एक बैठक की। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट किया कि बैठक में क्या चर्चा हुई, वह सार्वजनिक नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि शुक्रवार को भी राज्य के मुख्य सचिव मनोज पंथ के साथ उनकी बात हुई, जिन्होंने बताया कि राज्य सरकार इस मामले में सख्त कार्रवाई कर रही है। राज्यपाल ने कहा कि विरोध स्वीकार्य है, लेकिन हिंसा नहीं। कानून तोड़ने पर सख्त कार्रवाई होगी। किसी को कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं है।
केंद्र के संपर्क में राजभवन
राजभवन की ओर से स्थिति पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। आम जनता की सहायता के लिए 24 घंटे का कंट्रोल रूम भी खोला गया है। सूत्रों के मुताबिक, सीमा से सटे इलाकों में अशांति को देखते हुए राज्यपाल ने केंद्रीय गृह मंत्रालय से भी बातचीत की है।