{"_id":"58e5c1134f1c1b4a3e5b7ae5","slug":"prime-minister-narendra-modi-intervene-in-ganga-clean-up-project","type":"story","status":"publish","title_hn":"गंगा सफाई की 'सुस्त चाल' से परेशान हुए मोदी, सीधे हस्तक्षेप के लिए आए आगे ","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
गंगा सफाई की 'सुस्त चाल' से परेशान हुए मोदी, सीधे हस्तक्षेप के लिए आए आगे
amarujala.com- Presented by: जया पाण्डेय
Updated Thu, 06 Apr 2017 09:51 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बड़े पैमाने पर विषाक्त अपशिष्ट और सीवेज की वजह से भारत की गंगा नदी को साफ करने की 3 अरब डॉलर यानि 20 हजार करोड़ की परियोजना फिलहाल अधर में लटकी है। सरकारी अधिकारियों और दस्तावेजों के अनुसार अब इस मामले में प्रधानमंत्री मोदी को हस्तक्षेप करना पड़ रहा है।
विज्ञापन
नेशनल मिशन फॉर क्लीन गंगा(एनएमसीजी) के अधिकारी के अनुसार मोदी सरकार की इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए आवंटित अधिकतर धन को अभी तक खर्च नहीं किया जा सका है।
विज्ञापन
एनएमसीजी के एक अन्य अधिकारी के अनुसार इस परियोजना को दिया गया 2018 का डेडलाइन पूरा हो ही नहीं सकता। उन्होंने बताया कि अगर हमें इस अभियान को 2018 तक पूरा करना था तो हमें आधी सफाई पूरी कर लेनी चाहिए थी।
विज्ञापन
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस परियोजना की धीमी गति को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस पर खुद नियंत्रण रखने का फैसला लिया है। मोदी के लिए ये अभियान काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि मोदी 2019 के चुनावों से पहले वो इसमें सुधार दिखाना चाहते हैं।
संबंधित अधिकारी ने बताया कि उनके मुख्य सेक्रेटरी नृपेंद्र मिश्रा हर महीने एनएमसीजी के अधिकारियों से मिलते हैं और उनसे इस अभियान का ब्यौरा लेते हैं।
2014 में सत्ता में आने पर मोदी ने गंगा को साफ करने के लिए 5 साल का समय मांगा था और 20 हजार करोड़ की राशि खर्च करने का वादा किया था। लेकिन सरकार की जनवरी की प्रस्तुति से पता चला है कि अप्रैल 2015 से मार्च 2017 के बीच इस अभियान में केवल 1300 करोड़ रुपए ही खर्च हुए।
हालांकि अभी तक इस मामले पर केंद्रीय जल संसाधन मंत्री उमा भारती की कोई टिप्पणी नहीं मिली है। एनएमसीजी के डिप्टी डायरेक्टर जनरल सीवी धर्म राव ने कहा कि इस अभियान में आप सुधार देखेंगे। हमने राज्य को इस काम में तेजी लाने के लिए कहा है और पैसा तो कोई मुद्दा है ही नहीं।