{"_id":"5a43c9174f1c1b156b8beb98","slug":"president-ram-nath-kovind-stops-public-speech-after-disturbance","type":"story","status":"publish","title_hn":"सम्मेलन के दौरान राष्ट्रपति कोविंद हुए बेहद नाराज, बीच में ही रोका भाषण ","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
सम्मेलन के दौरान राष्ट्रपति कोविंद हुए बेहद नाराज, बीच में ही रोका भाषण
एजेंसी/ अमरावती
Updated Wed, 27 Dec 2017 10:07 PM IST
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आमतौर पर ऐसा नहीं होता कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद अपना भाषण अचानक रोक दें। लेकिन बुधवार को अमरावती में ऐसा वाकया देखने को मिला। राष्ट्रपति इंडियन इकोनॉमिक एसोसिएशन के सौवें सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इसी दौरान आयोजकों की ओर से प्रतिनिधियों को खाने के पैकेज बांटे जाने से उनके भाषण में व्यवधान हुआ। उन्होंने अपना संबोधन बीच में रोककर इस पर अपनी नाखुशी जताई।
राष्ट्रपति ने आयोजकों से कहा कि उनका भाषण खत्म होने तक इसे रोक दिया जाए। दरअसल, अपने संबोधन के दौरान राष्ट्रपति ने देखा कि प्रतिभागियों को खाने के पैकेट वितरित किए जा रहे हैं। इस पर उन्होंने अपना संबोधन रोक दिया और श्रोतागणों को देखने लगे। वहां काफी शोरगुल था। दरअसल, स्वयंसेवकों ने प्रतिनिधियों और मीडियाकर्मियों को खाने के पैकेट बांटना शुरू कर दिया था। इस बीच, कुछ छात्र भी अपनी सीटों से उठकर पैकेट लेने की कोशिश कर रहे थे।
इस पर राष्ट्रपति ने कहा, ‘आर्थिक जगत को क्या हो गया है। मुझे इस सम्मेलन में भी वही देखने को मिल रहा है। मुझे लगता है कि कुछ खाने के पैकेट बांटे गए हैं। निश्चित रूप से यह जरूरी है लेकिन इसे बांटे जाने का एक तरीका होता है। मैं आयोजकों से अनुरोध करता हूं कि कुछ समय के लिए इन पैकेटों को बांटने का काम रोक दें।’ राष्ट्रपति के यह कहते ही वहां खड़े सुरक्षाकर्मी और अधिकारी सन्न रह गए। उन्होंने तुरंत पैकेट बांटने का काम रुकवाया। इसके बाद राष्ट्रपति ने अपना भाषण पूरा किया।
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राष्ट्रपति ने आयोजकों से कहा कि उनका भाषण खत्म होने तक इसे रोक दिया जाए। दरअसल, अपने संबोधन के दौरान राष्ट्रपति ने देखा कि प्रतिभागियों को खाने के पैकेट वितरित किए जा रहे हैं। इस पर उन्होंने अपना संबोधन रोक दिया और श्रोतागणों को देखने लगे। वहां काफी शोरगुल था। दरअसल, स्वयंसेवकों ने प्रतिनिधियों और मीडियाकर्मियों को खाने के पैकेट बांटना शुरू कर दिया था। इस बीच, कुछ छात्र भी अपनी सीटों से उठकर पैकेट लेने की कोशिश कर रहे थे।
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इस पर राष्ट्रपति ने कहा, ‘आर्थिक जगत को क्या हो गया है। मुझे इस सम्मेलन में भी वही देखने को मिल रहा है। मुझे लगता है कि कुछ खाने के पैकेट बांटे गए हैं। निश्चित रूप से यह जरूरी है लेकिन इसे बांटे जाने का एक तरीका होता है। मैं आयोजकों से अनुरोध करता हूं कि कुछ समय के लिए इन पैकेटों को बांटने का काम रोक दें।’ राष्ट्रपति के यह कहते ही वहां खड़े सुरक्षाकर्मी और अधिकारी सन्न रह गए। उन्होंने तुरंत पैकेट बांटने का काम रुकवाया। इसके बाद राष्ट्रपति ने अपना भाषण पूरा किया।
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