विशेष सत्र: सदन में खूब होता था हंसी-मजाक; जब सांसद की पत्नी को बताया 'संसद' की संपत्ति, तो जम कर लगे थे ठहाके
निरंतर एक्सेस के लिए सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ रजिस्टर्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ सब्सक्राइब्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
विस्तार
नए संसद भवन में जाने से पहले सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष एवं राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और अधीर रंजन चौधरी, नेता विपक्ष लोकसभा ने संसद की 75 साल की यात्रा का स्मरण कराया। पुराने संसद भवन की इस लंबी यात्रा में अनेक ऐसे प्रसंग भी देखने को मिले, जब संसद ठहाकों से गूंज उठती थी। हर तरह का मजाक होता था। संसद की डिबेट में एक सांसद बार-बार अपनी पत्नी का नाम ले रहे थे। मधु दंडवते, इससे परेशान हो गए। उन्होंने कहा, आप बार-बार अपनी पत्नी का नाम कोट क्यों कर रहे हैं। आपको पता है, अब वे संसद की संपत्ति बन गई हैं। इतना कहते ही संसद में जोर-जोर से ठहाके लगने लगे। इसी तरह एक बार अटल बिहारी वाजपेयी ने मजाक के लहजे में सदन के भीतर एक महिला सांसद से कहा, आपने हमें मौका ही कब दिया। इतना सुनते ही पूरा सदन ठहाकों से गूंज उठा।
हंसते-हंसते सांसदों के पेट में बल पड़ जाते थे
लोकसभा के पूर्व महासचिव और संविधान विशेषज्ञ सुभाष कश्यप के साथ काम कर चुके दिल्ली विधानसभा के पूर्व सचिव एसके शर्मा ने बताया, मौजूदा संसद भवन कई बातों का साक्षी रहा है। पहले तो सदन में खूब ठहाके लगते थे। खासतौर पर, सदन के वरिष्ठ सदस्य ऐसे जोक मारते थे कि हंसते-हंसते सांसदों के पेट में बल पड़ जाते थे। मोरारजी देसाई सरकार में वे रेल मंत्री थे, तो वीपी सिंह की कैबिनेट में उन्होंने वित्त मंत्री का कार्यभार संभाला था। सांसद, महंगाई पर बोल रहे थे। एक सांसद ने महंगाई की डिबेट में कई बार अपनी पत्नी का नाम ले दिया। वे बोले, मेरी पत्नी आज प्याज खरीदने गई थीं, उन्होंने मुझे बताया कि महंगाई बहुत बढ़ गई है। इसके बाद उन्होंने दोबारा से महंगाई का जिक्र करते हुए अपनी पत्नी का नाम ले दिया। इसी तरह से उन्होंने सदन में कई बार अपनी पत्नी की कही बात का हवाला दिया।
आपकी पत्नी अब संसद की संपत्ति बन गई हैं…
मधु दंडवते खड़े हो गए। वे बोले, आपको हर बात पत्नी ही बता रही हैं, आप बार-बार अपनी पत्नी को कोट कर रहे हैं। डिबेट में उनका ही नाम ले रहे हैं। बतौर एसके शर्मा, आपको पता है कि आपके द्वारा बार-बार अपनी पत्नी को कोट करने से आपकी पत्नी अब संसद की संपत्ति बन गई हैं। मधु दंडवते बोले, चूंकि अब वे संसद की संपत्ति बन गई हैं, तो उन्हें सदन के पटल पर रखा जाए। बस फिर क्या था, पूरे सदन में हंसी के फव्वारे फूट पड़े। काफी देर तक सांसद हंसते रहे।
आपने हमें मौका ही कहां दिया
एसके शर्मा के मुताबिक, बिहार में स्वतंत्रता सेनानी रहीं तारकेश्वरी सिन्हा, केंद्र सरकार में उप वित्त मंत्री थीं। सदन में बहस चल रही थी। तारकेश्वरी सिन्हा, महिलाओं की परेशानी को लेकर बोल रही थीं। सांसद अटल बिहारी वाजपेयी ने उन्हें बीच में डिस्टर्ब कर दिया। दो-तीन बार की टोका टाकी ने सिन्हा को परेशान कर दिया। उन्होंने अपनी बात बीच में रोक दी और अटल बिहारी वाजपेयी की तरफ मुखातिब होकर बोलीं, आप चुप रहें, आपको नहीं मालूम कि गृहिणी की क्या क्या समस्याएं होती हैं। इस पर अटल जी ने सदन को हंसने का भरपूर अवसर दे दिया। वे बोले, आपने हमें मौका ही कहां दिया है। अटल जी की इस बात से सदन में खूब ठहाके लगे। इसी तरह से एक बार जब मोरारजी देसाई पीएम थे, तो वे संसद भवन के अपने कमरे में पहुंचे। उन्होंने तारकेश्वरी सिन्हा से कहा, चाय बनाना एक कप। सिन्हा ने चाय बनाने की तैयारी शुरू कर दी। वे बोलीं, सर शुगर कितनी लेंगे। मोरारजी देसाई ने मजाक के लहजे में कहा, अरे शुगर की क्या जरुरत है, बस एक अंगुली चला दो, काफी है।