फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Oppositions attacks govt on Bill for selection of ECs, Congress says aimed at making EC puppet in PM hands

ECs Bill: विपक्ष ने सरकार पर बोला हमला, कांग्रेस ने कहा- इसका उद्देश्य EC को PM के हाथों की 'कठपुतली' बनाना

Thu, 10 Aug 2023 08:14 PM IST
देव कश्यप पीटीआई, नई दिल्ली।
पीटीआई, नई दिल्ली। Published by: देव कश्यप Updated Thu, 10 Aug 2023 08:14 PM IST
सार

कांग्रेस नेताओं ने सभी लोकतांत्रिक ताकतों से प्रस्तावित कानून का विरोध करने की अपील करते हुए सवाल किया कि क्या बीजू जनता दल (BJD) और वाईएसआर कांग्रेस (YSRCP) भी विधेयक का विरोध करने के लिए हाथ मिलाएंगे।

विज्ञापन
Oppositions attacks govt on Bill for selection of ECs, Congress says aimed at making EC puppet in PM hands
राज्यसभा में चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति संबंधी विधेयक पेश। - फोटो : PTI (फाइल फोटो)

विस्तार

विपक्ष ने मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति से संबंधित नए विधेयक को लेकर गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोला और कहा कि यह चुनाव निगरानी संस्था को प्रधानमंत्री के हाथों की कठपुतली बनाने का प्रयास है। आम आदमी पार्टी (आप) ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी भारतीय लोकतंत्र को कमजोर कर रहे हैं और नियुक्त होने वाले चुनाव आयुक्त भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रति वफादार होंगे। वहीं, तृणमूल कांग्रेस ने आरोप लगाया कि यह 2024 के चुनाव में धांधली की दिशा में एक स्पष्ट कदम है।

विज्ञापन


कांग्रेस नेताओं ने सभी लोकतांत्रिक ताकतों से प्रस्तावित कानून का विरोध करने की अपील करते हुए सवाल किया कि क्या बीजू जनता दल (BJD) और वाईएसआर कांग्रेस (YSRCP) भी विधेयक का विरोध करने के लिए हाथ मिलाएंगे। बीजद और वाईएसआर कांग्रेस द्वारा राज्यसभा में सरकार को महत्वपूर्ण मुद्दों पर समर्थन दिया जाता रहा है क्योंकि उच्च सदन (राज्यसभा) में भाजपा के पास बहुमत नहीं है।
विज्ञापन


विधि एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने गुरुवार को राज्यसभा में मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य चुनाव आयुक्तों (नियुक्ति, सेवा शर्तें और पदावधि) विधेयक, 2023 पेश किया। विपक्षी सदस्यों के विरोध के बीच उन्होंने यह विधेयक दोपहर के भोजन के बाद के राज्यसभा में पेश किया, जिसके बाद सदन स्थगित कर दिया गया। कांग्रेस महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल ने सरकार पर निशाना साधा और इस विधेयक को चुनाव आयोग को प्रधानमंत्री के हाथों की कठपुतली बनाने का प्रयास बताया।
विज्ञापन
विज्ञापन


वेणुगोपाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा, उच्चतम न्यायालय के मौजूदा फैसले के बारे में क्या कहना है जिसके तहत एक निष्पक्ष समिति की आवश्यकता है? प्रधानमंत्री को पक्षपाती चुनाव आयुक्त नियुक्त करने की आवश्यकता क्यों महसूस होती है? यह एक असंवैधानिक, मनमाना और अनुचित विधेयक है। हम हर मंच पर इसका विरोध करेंगे। कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि आज लोकतंत्र के लिए "काला दिन" है। उन्होंने कहा, 2024 का लोकसभा चुनाव हमारे सामने है और कर्नाटक और हिमाचल प्रदेश में हारने के बाद मोदी सरकार हार के कगार पर है।

उन्होंने एक्स पर लिखा, राज्यसभा में आज भारतीय लोकतंत्र के लिए एक 'काला दिन' है क्योंकि मोदी सरकार भारत के चुनाव आयोग को 'मोदी निर्वाचन आयोग' के तौर पर पुनर्गठित करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा, हमने भारत के लोकतंत्र पर हमले और चुनाव आयोग की संवैधानिक स्वतंत्रता को ध्वस्त करने का विरोध किया, लेकिन संसदीय प्रक्रियाओं और संवैधानिक औचित्य की भावनाओं को दरकिनार करते हुए हंगामे के बीच विधेयक को पेश किया गया। 

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने हमेशा कहा है कि मौजूदा केंद्र सरकार उच्चतम न्यायालय के ऐसे किसी भी आदेश को पलट देगी जो उसे पसंद नहीं आएगा। उन्होंने कहा कि यह एक खतरनाक स्थिति है और इससे चुनाव की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने एक निष्पक्ष समिति बनाई है जो निष्पक्ष चुनाव आयुक्तों का चयन करेगी। सुप्रीम कोर्ट के आदेश को पलटते हुए मोदी जी ने एक ऐसी समिति बनाई जो उनके नियंत्रण में होगी और जिसके माध्यम से वह अपनी पसंद के व्यक्ति को चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्त कर सकेंगे। इससे चुनाव की निष्पक्षता प्रभावित होगी। केजरीवाल ने एक्स पर कहा, प्रस्तावित समिति में भारतीय जनता पार्टी के दो और कांग्रेस के एक सदस्य होंगे। उन्होंने कहा, जाहिर है कि जो चुनाव आयुक्त चुने जाएंगे, वे भाजपा के वफादार होंगे।

तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के राष्ट्रीय प्रवक्ता और राज्यसभा सदस्य साकेत गोखले ने एक्स पर लिखा, चौंकाने वाला: भाजपा खुलेआम 2024 के चुनावों के लिए धांधली कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया, मोदी सरकार ने एक बार फिर बेशर्मी से उच्चतम न्यायालय के फैसले को कुचल दिया और आयोग को अपनी कठपुतली बना रही है।

राज्यसभा में विपक्ष के हंगामे के बीच पेश विधेयक में मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य आयुक्तों के चयन के लिए समिति में मुख्य न्यायाधीश के स्थान पर एक कैबिनेट मंत्री को शामिल करने का प्रस्ताव किया गया है। गोखले ने आरोप लगाया, अब, मोदी और एक मंत्री पूरे निर्वाचन आयोग की नियुक्ति करेंगे। संयुक्त विपक्षी गठबंधन को लेकर भाजपा के दिल में डर पैदा होने के बाद यह 2024 के चुनावों में धांधली की दिशा में एक स्पष्ट कदम है।

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट (माकपा) नेता जॉन ब्रिटास ने कहा कि यह देश में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को ध्वस्त करने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि उच्चतम न्यायालय ने कहा था कि चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति किसी स्वतंत्र प्रक्रिया से होनी चाहिए। राज्यसभा सदस्य ब्रिटास ने कहा कि उन्होंने इस विधेयक को पेश किए जाने के खिलाफ नियम 167 के तहत प्रस्ताव पेश किया था, लेकिन उन्हें इसकी अनुमति नहीं दी गई। उन्होंने कहा, हम सरकार के रुख और विधेयक पेश करने के तरीके की निंदा करते हैं।

कांग्रेस नेता और लोकसभा में पार्टी के सचेतक मणिक्कम टैगोर ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री अमित शाह यह विधेयक लाकर निर्वाचन आयोग को नियंत्रित करना चाहते हैं। टैगोर ने एक्स पर लिखा, मोदी और शाह निर्वाचन आयोग को नियंत्रित करना चाहते हैं, जैसा वे अभी कर रहे हैं।

सुरजेवाला ने कहा कि विधेयक उच्चतम न्यायालय के फैसले का सीधा उल्लंघन है। उन्होंने कहा, मोदी जी को याद रखना चाहिए कि संविधान और लोग आपसे ऊपर हैं और हम निर्णायक रूप से संघर्ष करेंगे।


यह विधेयक मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति, सेवा की शर्तों और कार्यकाल के विनियमन से संबंधित है। इस विधेयक में प्रावधान किया गया है कि भविष्य में चुनाव आयुक्तों का चयन प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय समिति द्वारा किया जाएगा, जिसमें लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और एक कैबिनेट मंत्री शामिल होंगे। यदि लोकसभा में कोई नेता प्रतिपक्ष नहीं है तो सदन में विपक्ष की सबसे बड़ी पार्टी के नेता को नेता प्रतिपक्ष माना जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed