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Hindi News ›   India News ›   One country, one language: Acceptance of Hindi across the country, Raut said Amit Shah to take up the challenge of implementing one language

one country, one language : पूरे देश में हिंदी की स्वीकार्यता, राउत बोले- एक भाषा लागू करने की चुनौती लें अमित शाह

Sat, 14 May 2022 01:01 PM IST
सुरेंद्र जोशी पीटीआई, मुंबई
पीटीआई, मुंबई Published by: सुरेंद्र जोशी Updated Sat, 14 May 2022 01:01 PM IST
सार

राउत का यह बयान अमित शाह के बयान के एक महीने बाद आया है। शाह ने कहा था कि हिंदी को अंग्रेजी के विकल्प के रूप में स्वीकार किया जाना चाहिए, न कि स्थानीय भाषाओं को।

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One country, one language: Acceptance of Hindi across the country, Raut said Amit Shah to take up the challenge of implementing one language
संजय राउत - फोटो : पीटीआई

विस्तार

शिवसेना नेता संजय राउत ने 'एक देश, एक भाषा' की पैरवी की है। उन्होंने शनिवार को कहा कि हिंदी पूरे भारत में बोली जाती है। इसकी पूरे देश में स्वीकार्यता है। सभी राज्यों में एक भाषा होना चाहिए। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को देश में एक भाषा लागू करने की चुनौती स्वीकार करना चाहिए। 

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राउत का यह बयान अमित शाह के बयान के एक महीने बाद आया है। इससे पहले शाह ने कहा था कि हिंदी को अंग्रेजी के विकल्प के रूप में स्वीकार किया जाना चाहिए, न कि स्थानीय भाषाओं को।राउत ने शनिवार को मुंबई में मीडियाकर्मियों से बात करते हुए 'एक देश, एक भाषा' फॉर्मूला लागू करने की बात कही। उनसे तमिलनाडु के शिक्षा मंत्री के पोनमुडी की एक दिन पहले की गई टिप्पणी को लेकर सवाल किया गया था। 
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पोनमुडी ने कथित तौर पर हिंदी थोपने के किसी भी प्रयास की निंदा की थी और इस दावे पर सवाल उठाया था कि हिंदी भाषा सीखने से रोजगार मिलेगा। हिंदी सीखने वालों के लिए नौकरी उपलब्ध कराने पर जोर देने के दावे पर तंज करते हुए, तमिलनाडु के मंत्री ने कहा था कि कोयंबटूर में कौन 'पानी पुरी' बेच रहा है? उनका इशारा उत्तर भारतीय पानीपुरी विक्रेताओं की ओर था कि वे बगैर स्थानीय भाषा जानें, व्यापार करते हैं। 
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दक्षिण भारत के नेता हिंदी थोपने के खिलाफ
गृह मंत्री अमित शाह के बयान का दक्षिण भारत के नेताओं ने जोरदार विरोध किया है। उनका कहना था कि लोगों पर हिंदी थोपना स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने इसे क्षेत्रीय भाषाओं को कमजोर करने के एजेंडे का हिस्सा भी बताया। 

शिवसेना ने हमेशा हिंदी का सम्मान किया
तमिलनाडु के मंत्री की टिप्पणी के बारे में पूछे जाने पर राउत ने कहा कि उनकी पार्टी ने हमेशा हिंदी का सम्मान किया है। जब भी मुझे सदन में अवसर मिलता है, हिंदी में बोलता हूं, क्योंकि देश को सुनना चाहिए कि मैं क्या कहना चाहता हूं, यह देश की भाषा है। हिंदी एकमात्र ऐसी भाषा है जिसे स्वीकार किया जाता है और पूरे देश में बोली जाती है। उन्होंने यह भी कहा कि बॉलीवुड की हिंदी फिल्में देश और दुनिया में प्रभावशाली हैं। इसलिए किसी भी भाषा का अपमान नहीं किया जाना चाहिए।


राउत ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को इस चुनौती को स्वीकार करना चाहिए कि सभी राज्यों में एक भाषा होनी चाहिए। 'एक देश, एक संविधान, एक निशान और एक भाषा होनी चाहिए।'

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