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संसदीय समिति के सामने शुक्रवार को पर्यावरण मंत्रालय और दिल्ली-हरियाणा-पंजाब के अधिकारी होंगे पेश
Thu, 05 Nov 2020 11:14 PM IST
मुकेश कुमार झा
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: मुकेश कुमार झा
Updated Thu, 05 Nov 2020 11:14 PM IST
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केंद्रीय पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर
- फोटो : ट्विटर
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केंद्रीय पर्यावरण एवं स्वास्थ्य मंत्रालयों, दिल्ली, हरियाणा और पंजाब की सरकारों के वरिष्ठ अधिकारी शुक्रवार को पर्यावरण संबंधी संसदीय समिति के समक्ष उपस्थित होंगे। समिति की बैठक दिल्ली एवं आसपास के इलाकों में वायु प्रदूषण की समस्या का ‘स्थायी समाधान’ निकालने को लेकर होगी।
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लोकसभा सचिवालय की ओर से जारी नोटिस के मुताबिक, केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय, पर्यावरण एवं वन मंत्रालय और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अधिकारी शहरी विकास संबंधी संसद की स्थायी समिति के समक्ष उपस्थित होंगे।
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भाजपा सांसद जगदंबिका पाल की अध्यक्षता वाली इस समिति के सामने केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब के अधिकारी भी दिल्ली एवं आसपास के इलाकों में वायु प्रदूषण की स्थिति को लेकर अपनी बात रखेंगे।
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इस बैठक के एजेंडा में कहा गया है कि संसदीय समिति दिल्ली और एनसीआर में वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए उठाए जाने वाले कदमों पर विचार-विमर्श करेगी तथा समस्या के स्थायी समाधान पर मुख्य रूप से जोर दिया जाएगा।
इस बीच, पराली जलाने के मामलों में वृद्धि और हवा की गति कम होने के कारण राष्ट्रीय राजधानी में गुरुवार सुबह प्रदूषण की स्थिति पिछले एक साल में सबसे खराब स्तर पर पहुंच गयाी। पराली जलाने की हिस्सेदारी प्रदूषण में 42 फीसदी तक पहुंच गई।
विशेषज्ञों ने बताया कि हवा की कम गति, तापमान में गिरावट जैसी मौसम की प्रतिकूल स्थिति और पड़ोसी राज्यों से पराली का धुआं आने से बुधवार रात वायु गुणवत्ता सूचकांक ‘गंभीर’ श्रेणी में रहा। गुरुवार को हालांकि हवा की तेज गति की वजह से प्रदूषक तत्वों का बिखराव हुआ और धुंध में कमी आई।