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सहकारी बैंक घोटाले में डिप्टी सीएम अजित पवार के खिलाफ नहीं मिले सुबूत, क्लोजर रिपोर्ट दाखिल
Fri, 09 Oct 2020 04:48 AM IST
Rajeev Rai
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: Rajeev Rai
Updated Fri, 09 Oct 2020 04:48 AM IST
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महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री अजित पवार
- फोटो : एएनआई
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महाराष्ट्र के चर्चित सहकारी बैंक घोटाले में उपमुख्यमंत्री सीएम अजित पवार को बड़ी राहत मिली है। मामले की जांच कर रही मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) को एनसीपी नेता अजित के खिलाफ सुबूत नहीं मिले हैं। ईओडब्ल्यू ने स्थानीय अदालत में क्लोजर रिपोर्ट दाखिल कर दी है।
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एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि ईओडब्ल्यू ने अपनी क्लोजर रिपोर्ट में कहा है कि एनसीपी सुप्रीमो शरद पवार के भतीजे अजित के खिलाफ लगे आरोपों में कोई सुबूत नहीं मिले हैं। 5000 करोड़ रुपये के बैंक घोटाले में अजित सहित 70 लोग आरोपी थे। इस मामले में ईओडब्ल्यू ने पिछले साल अगस्त में एफआईआर दर्ज की थी। इसी आधार पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सितंबर, 2019 में मामला दर्ज किया था और जांच शुरू की थी।
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आरोप था कि महाराष्ट्र सहकारी बैंक ने स्थानीय सहकारी चीनी कारखानों के श्रमिकों, निदेशकों, कताई मिलों और अन्य प्रसंस्करण इकाइयों के लिए फर्जी तरीके से कई लोन स्वीकृत किए थे, जिससे बैंक को करीब 5 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हुआ था।
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