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NIA: श्रीलंकाई मानव तस्करी मामले में एनआईए ने मुख्य आरोपी को किया गिरफ्तार, आतंकी संगठन लिट्टे से है कनेक्शन
Sat, 10 Aug 2024 10:20 PM IST
बशु जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: बशु जैन
Updated Sat, 10 Aug 2024 10:20 PM IST
सार
जून 2021 की शुरुआत में 13 श्रीलंकाई नागरिकों को तस्करों से बचाया गया था। इस मामले में मंगलूरू पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की थी। बाद में मामले को एनआईए ने अपने हाथ में लिया।
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एनआईए
- फोटो : पीटीआई
विस्तार
एनआईए ने अंतरराष्ट्रीय मानव तस्करी मामले में मुख्य आरोपी को तमिलनाडु से गिरफ्तार किया। आरोपी का आतंकी संगठन लिट्टे से पुराना कनेक्शन है। एनआईए ने मामले में वांछित चल रहे आरोपियों की तलाश तेज कर दी है।
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एनआईए अधिकारियों ने कहा कि आरोपी सीनी आबुलखान को रामनाथपुरम तमिलनाडु से पकड़ा गया। वह अपने सहयोगियों के साथ तस्करी के पीड़ितों को आगे की कैद के लिए ट्रेन, कार और बाइक से मंगलूरू भेजने से पहले नाव में कैद करता था। आरोपी तीन साल से फरार चल रहा था। आरोपी का लिट्टे (लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम) आतंकवादी संगठन के साथ भी संबंध था।
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जून 2021 की शुरुआत में 13 श्रीलंकाई नागरिकों को तस्करों से बचाया गया था। इस मामले में मंगलूरू पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की थी। बाद में मामले को एनआईए ने अपने हाथ में लिया। एनआईए की जांच में पता चला कि एक श्रीलंकाई व्यक्ति ईसान का आतंकी संगठन एलटीटीई के साथ पूर्व संबंध था, वह रैकेट का सरगना है।
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एनआईए अधिकारियों के मुताबिक आरोपी झूठे वादों का लालच देकर 38 श्रीलंकाई नागरिकों को श्रीलंका से तमिलनाडु के विभिन्न स्थानों पर अवैध रूप से लाता था। इसके अलावा कई व्यक्तियों को कनाडा में प्रवास के लिए दस्तावेज देने और रोजगार दिलाने का वादा करता था। मामले में एनआईए ने अक्टूबर 2021 और जनवरी 2024 के बीच तीन भगोड़ों सहित 10 आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया था। शेष भगोड़ों को पकड़ने के लिए आगे की जांच जारी है।
एनआईए कर रही जांच
पिछले दिनों एनआईए ने मानव तस्करी से जुड़े सिंडिकेट के खुलासे के लिए जांच शुरू की थी। जांच के दौरान एनआईए ने पाया कि सिंडिकेट देश के विभिन्न हिस्सों से संचालित हो रहा था। जांच के बाद ही एनआईए की टीम ने एक साथ छापेमारी की। गिरफ्तार आरोपियों के तार सीमा पार तस्करों से जुड़े थे। जो भारतीय युवाओं को लुभाकर विदेशों में तस्करी करने में लगे थे।