फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   NIA launches probe into 3 recent cases of violence in strife-torn Manipur

Manipur Violence: NIA ने मणिपुर हिंसा के तीन बड़े मामलों की जांच शुरू की, फिर से दर्ज किए मुकदमे

Tue, 26 Nov 2024 06:39 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली। Published by: निर्मल कांत Updated Tue, 26 Nov 2024 06:39 PM IST
सार

Manipur Violence: केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देश के बाद एनआईए ने मणिपुर में हिंसा से जुड़े तीन प्रमुख मामलों की जांच शुरू की। इन मामलों में बड़ी साजिश का पर्दाफाश करने के लिए एनआईए ने 13 नवंबर को तीन मामलों को नए सिरे से दर्ज किया।

विज्ञापन
NIA launches probe into 3 recent cases of violence in strife-torn Manipur
राष्ट्रीय जांच एजेंसी - फोटो : एएनआई (फाइल)

विस्तार

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने मणिपुर के हाल के हिंसा से जुड़े तीन बड़े मामलों की जांच शुरू कर दी है। एक आधिकारिक बयान में जानकारी दी गई कि जांच एजेंसी की टीमों ने 21 और 22 नवंबर को घटनास्थलों का दौरा किया और जांच शुरू की। बयान में कहा गया है कि राज्य पुलिस से मामले से जुड़े दस्तावेज एनआईए को सौंपने की प्रक्रिया जारी है। 

विज्ञापन


केंद्रीय गृह मंत्रालय ने दिया था एनआईए को जांच का निर्देश
केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देश के बाद एनआईए ने मणिपुर में हिंसा से जुड़े तीन प्रमुख मामलों की जांच शुरू की। इन मामलों में बड़ी साजिश का पर्दाफाश करने के लिए एनआईए ने 13 नवंबर को तीन मामलों को नए सिरे से दर्ज किया। गृह मंत्रालय ने अपराधों की गंभीरता और राज्य में बढ़ती हिंसा को देखते हुए जांच एनआईए को सौंपने का फैसला लिया था। 
विज्ञापन


तीन महिलाओं और तीन बच्चों की अपहरण के बाद हत्या
पहले मामले की जानकारी देते हुए एनआईए ने बताया कि 11 नवंबर को बोरोबेकरा में कई घरों को आ लगा दी गई थी और दो नागरिकों की हत्या कर दी गई। बाद में अज्ञात उग्रवादियों ने छह लोगों का अपहरण कर हत्या कर दी, जिनमें तीन महिलाएं और तीन बच्चे शामिल थे। इन घटनाओं के बाद पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) ने जवाबी कार्रवाई की, जिससे भारी गोलीबारी हुई। तलाशी अभियान में जलते हुए घरों से दो शव बरामद हुए। एनआईए ने इस मामले को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और शस्त्र अधिनियम, 1959 के तहत फिर से दर्ज किया है।  
विज्ञापन
विज्ञापन


जिरिबाम के दो थानों पर उग्रवादियों ने किया हमला
दूसरे मामले में 11 नववंबर को जिरिबाम के जकुराधोर कड़ोंग और बोरोबेकरा थानों पर उग्रवादियों ने हमला किया था। इस हमले में सीआरपीएफ का एक कांस्टेबल घायल हुआ था और उसे इलाज के लिए सिल्चर भेज गया। इसके बाद सुरक्षा बलों और पुलिस ने जब तलाशी ली, तो हमलावर उग्रवादियों के शव और शस्त्र बरामद हुए। एनआईए ने इस मामले को भी भारतीय न्याय संहिता और शस्त्र अधिनियम, 1959 के तहत फिर से दर्ज किया है। 


तीन बच्चों की मां के साथ दुष्कर्म और फिर जलाकर मार डाला
तीसरे मामले में जिरिबाम में उग्रवादियों ने एक महिला की हत्या की। सात नवंबर को जिरिबाम के जयरलपोकपी निवासी जोसांगकिम (31 वर्षीय) के साथ उग्रवादियों ने कथित तौर पर दुष्कर्म किया और फिर उसे जलाकर मार दिया। जोसांगकिम तीन ब्चों की मां थीं। यह घटना पहले जिरिबाम थाने में आठ नवंबर को दर्ज की गई थी। एनआईए ने इस मामले को भी बीएनएस, शस्त्र अधिनियम (1959) और अवैध गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम के तहत फिर से दर्ज किया। 

संबंधित वीडियो-
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed