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एनआईए ने विशाखापट्टनम जासूसी मामले में मुख्य साजिशकर्ता को किया गिरफ्तार, आज अदालत में होगी पेशी
Sat, 16 May 2020 04:38 AM IST
Rohit Ojha
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
Published by: Rohit Ojha
Updated Sat, 16 May 2020 04:38 AM IST
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एनआईए
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को विशाखापट्टनम जासूसी मामले में एनआईए को ये बड़ी सफलता हाथ लगी है। उसने शुक्रवार को विशाखापट्टनम जासूसी मामले में मुख्य साजिशकर्ता मोहम्मद हारून हाजी अब्दुल रहमान लाकड़ावाला (49 वर्ष) को मुंबई से गिरफ्तार कर लिया है। आज उसे विजयवाड़ा की एक अदालत में पेश किया जाएगा।
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20 दिसंबर को भारतीय खुफिया एजेंसियों ने सात भारतीय नौसेना कर्मियों और एक हवाला ऑपरेटर की गिरफ्तारी के साथ पाकिस्तान से जुड़े जासूसी रैकेट का भंडाफोड़ किया था। लाकड़ावाला की गिरफ्तारी के साथ अब तक कुल 14 आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं, जिनमें 11 नौसेना के जवान और एक पाकिस्तानी मूल के भारतीय नागरिक शाइस्ता कैसर शामिल है।
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जांच से पता चला है कि सीमा पार व्यापार करने की आड़ में लकड़ावाला कई बार अपने हैंडलर्स से मिलने कराची (पाकिस्तान) गया था। इन यात्राओं के दौरान, वह दो पाकिस्तानी जासूसों अकबर उर्फ अली और रिजवान के संपर्क में था, जिन्होंने उसे नियमित अंतराल पर नौसेना कर्मियों के बैंक खातों में पैसा जमा करने के निर्देश दिए।
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ऐसा ही अलग-अलग माध्यमों से किया गया है। अधिकारियों के अनुसार लाकड़ावाला के घर में तलाशी के दौरान, एनआईए द्वारा कई डिजिटल डिवाइस और दस्तावेज जब्त किए गए हैं। उन्होंने कहा कि मामले में आगे की जांच चल रही है।
भारतीय नौसेना के जहाजों ,पनडुब्बियों और अन्य रक्षा प्रतिष्ठानों के स्थानों के बारे में संवेदनशील जानकारी एकत्र करने के लिए पाकिस्तान ने भारत में अपने जासूस भर्ती किए हैं। जांच से पता चला है कि कुछ नौसेना कर्मी फेसबुक और व्हाट्सएप जैसे विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफार्मों के माध्यम से पाकिस्तानी नागरिकों के संपर्क में आए और पैसों के बदले वर्गीकृत जानकारी साझा करने में शामिल थे। यह पैसा नौसेना के कर्मियों के बैंक खातों में जमा किया गया था।