{"_id":"659c3fd5f66f682afb01a6ff","slug":"new-delhi-declined-china-offer-to-send-deputy-minister-to-india-after-balakot-strikes-2024-01-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pakistan: ‘बालाकोट हमले के बाद PM मोदी से बात करना चाहते थे इमरान खान’, पूर्व राजनयिक ने किताब में किया जिक्र","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Pakistan: ‘बालाकोट हमले के बाद PM मोदी से बात करना चाहते थे इमरान खान’, पूर्व राजनयिक ने किताब में किया जिक्र
Tue, 09 Jan 2024 12:02 AM IST
जलज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: जलज मिश्रा
Updated Tue, 09 Jan 2024 12:02 AM IST
सार
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में स्थित भारतीय उच्चायुक्त के रूप में कार्यरत रहे अजय बिसारिया ने एक किताब लिखी है, जिसका जल्द ही विमोचन होगा। इस किताब में उन्होंने बालाकोट हमले से जुड़े कई अनसुने किस्से साझा किए हैं।
विज्ञापन
pm imran khan and pm modi
- फोटो : amar ujala
विस्तार
पाकिस्तान और भारत के बीच लंबे समय से खींचतान जारी है। इस बीच भारत के पूर्व राजनयिक ने बताया कि बालाकोट हमले के बाद चीन सहित कई देशों ने पाकिस्तान को सुझाव दिया था कि वे भारत के साथ तनाव को कम करने के लिए एक उप मंत्री भेजे लेकिन नई दिल्ली ने इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया।
विज्ञापन
अभिनंदन की वापसी के लिए भारत प्लेन भेजने को तैयार था
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायुक्त के रूप में कार्यरत रहे अजय बिसारिया ने एक किताब ‘एंगर मैनेजमेंट: द ट्रब्ल्ड डिप्लोमेटिक रिलेशनशिप बिटवीन इंडिया एंड पाकिस्तान’ लिखी है, जिसका जल्द ही विमोचन होगा। इस किताब में उन्होंने बालाकोट हमले से जुड़े कई अनसुने किस्से साझा किए हैं। इस किताब में उन्होंने बताया कि विंग कमांडर अभिनंदन की वापसी के लिए भारत वायुसेना का एक विमान पाकिस्तान भेजने के लिए तैयार था, लेकिन पाकिस्तानी सरकार ने इनकार कर दिया था। इसके एक दिन पहले पाकिस्तान ने बालाकोट में हवाई हमला किया था। इस दौरान भारत की जवाबी कार्रवाई में अभिनंदन को पकड़ लिया गया था।
विज्ञापन
मोदी से बात करना चाहता थे इमरान खान
बिसारिया ने अपनी किताब में लिखा है कि बालाकोट एयर स्ट्राइक के अगले दिन 27 फरवरी 2019 को जब विंग कमांडर अभिनंदन वर्धमान का मिग 21 बाइसन विमान पाकिस्तानी सीमा में गिर गया था, भारत ने वायुसेना का विमान भेजने की सिफारिश की थी लेकिन पाकिस्तान ने मना कर दिया था। इसके बाद पाकिस्तानी उच्चायुक्त को उनकी सेना से सूचना मिली थी कि भारत की ओर से नौ मिसाइलें उनकी तरफ तनी हैं। इसके बाद तत्कालीन पाकिस्तानी पीएम इमरान खान डर गए थे और आधी रात केो पीएम मोदी से फोन पर बात करने की कोशिश की थी। बिसारिया ने अपनी किताब में जिक्र किया कि दिल्ली में पाकिस्तानी उच्च आयुक्त ने सोहेल महमूद ने आधी रात को फोन कर बताया कि इमरान खान मोदी से बात करना चाहते हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि इमरान अगले ही दिन अभिनंदन को वापस भारत भेजने का एलान करेंगे। हालांकि, इसके बाद से अब तक मुझे कोई कॉल नहीं आया। पूरी घटना के दौरान भारत की कूटनीति प्रभावी रही। पाकिस्तान और दुनिया को भारत से ही उम्मीदें थीं।
विज्ञापन