{"_id":"60dc8db50e64983c7d3a02ab","slug":"mumbai-police-registers-tenth-fir-in-connection-with-fake-vaccine-cases-in-the-city","type":"story","status":"publish","title_hn":"नकली वैक्सीन: मुंबई पुलिस ने दिखाई सख्ती, शहर में दर्ज की गई 10वीं एफआईआर","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
नकली वैक्सीन: मुंबई पुलिस ने दिखाई सख्ती, शहर में दर्ज की गई 10वीं एफआईआर
Wed, 30 Jun 2021 09:44 PM IST
गौरव पाण्डेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Wed, 30 Jun 2021 09:44 PM IST
सार
कोरोना वायरस की नकली वैक्सीन से संबंधित मामलों को लेकर मुंबई पुलिस ने सख्ती तेज कर दी है। बुधवार को पुलिस ने शहर में इससे संबंधित 10वीं एफआईआर दर्ज की।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : पेक्सेल्स
विस्तार
मुंबई पुलिस ने शहर में नकली वैक्सीन के मामलों के संबंध में बुधवार को 10वीं एफआईआर दर्ज की है। समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार नौवीं एफआईआर भी बुधवार को ही दर्ज की गई थी। नौवीं एफआईआर दो चिकित्सकों और उनके दो छात्रों को बिना बीएमसी (बृहन्मुंबई महानगरपालिका) की अनुमति के टीकाकरण शिविर आयोजित करने के आरोप में समता नगर पुलिस थाने में दर्ज की गई थी। वहीं, मुंबई टीकाकरण घोटाला के मुख्य आरोपी मनीष त्रिपाठी को चार जुलाई तक के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।
विज्ञापन
मुंबई में एक हीरा कंपनी के 600 से अधिक कर्मियों के लिए फर्जी कोविड-19 शिविर लगाने के मामले में मुंबई पुलिस ने शुक्रवार को चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
विज्ञापन
Mumbai Police registers tenth FIR in connection with fake vaccine cases in the city.
— ANI (@ANI) June 30, 2021
नौवीं एफआईआर के बाद छह लोग गिरफ्तार
इस महीने सामने आए इस फर्जी टीकाकरण गिरोह के संबंध में यह नौवीं प्राथमिकी थी। मामले में मुख्य आरोपी डॉ. मनीष त्रिपाठी समेत अब तक छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है। प्रतिष्ठित निजी अस्पतालों से संबद्ध होने का दावा करने वाले गिरोह ने बड़ी आवासीय सोसाइटी और निजी कंपनियों में कथित रूप से अनधिकृत और फर्जी टीकाकरण शिविर लगाया था।
विज्ञापन
शहर की इंटर कांटिनेंटल डायमंड कंपनी ने हाल में गिरोह के खिलाफ उसके 618 कर्मियों के लिए ऐसे ही शिविर का आयोजन कर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार डॉ. मनीष त्रिपाठी, डॉ. अनुराग करीम और रोशनी पटेल ने 23, 24 और 28 अप्रैल को कांदीवली (पूर्व) उपनगर में कंपनी के कर्मियों के लिए शिविर का आयोजन किया था। समता नगर पुलिस ने मामले में भारतीय दंड संहिता की धाराओं 308 (गैर इरातन हत्या का प्रयास), 420 (ठगी) और 120-बी (साजिश) के तहत प्राथमिकी दर्ज की।
पहली शिकायत हीरानंदानी हेरिटेज रेजिडेंट्स वेलफेयर एससोसिएशन ने दर्ज कराई थी, जिसने पाया कि एक निजी अस्पताल के नाम पर आयोजित टीकाकरण शिविर में हिस्सा लेने वाले उसके निवासियों का नाम कोविन पोर्टल पर दर्ज नहीं है। टीके की खुराक लेने के बाद किसी में भी टीका लेने के बाद के लक्षण नहीं दिखे, जिससे संदेह पैदा हुआ कि क्या उन्होंने सही टीका लिया। ऐसी ही शिकायतें वर्सोवा, खार, बोरीवली और भोईवाड़ा में भी पुलिस थानों में दर्ज की गई हैं।