{"_id":"68da3fb9c4834d01c00ad0d8","slug":"minister-tdb-allege-conspiracy-behind-sabarimala-missing-peedam-episode-sponsor-denies-charges-2025-09-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kerala: 'सबरीमाला के सोने से बने चबूतरे के गायब होने के पीछे साजिश', मंत्री और टीडीबी ने की जांच की मांग","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Kerala: 'सबरीमाला के सोने से बने चबूतरे के गायब होने के पीछे साजिश', मंत्री और टीडीबी ने की जांच की मांग
Mon, 29 Sep 2025 01:43 PM IST
निर्मल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम।
Published by: निर्मल कांत
Updated Mon, 29 Sep 2025 01:43 PM IST
सार
Kerala: केरल के देवस्वोम मंत्री और त्रावणकोर देवस्वोम बोर्ड ने सबरीमाला से सोने से मढ़ा चबूतरा गायब होने के मामले में साजिश का आरोप लगाया। बाद में यह चबूतरा एक प्रायोजक के रिश्तेदार के घर से मिला। मंत्री ने कहा कि प्रायोजक ने इसे छिपाकर नाटक किया और जांच के आदेश के बाद मामला सामने आया है।
विज्ञापन
सबरीमाला मंदिर
- फोटो : पीटीआई (फाइल)
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
केरल के देवस्वोम मंत्री वीएन वासवन और त्रावणकोर देवस्वोम बोर्ड (टीडीबी) ने सोमवार सबरीमाला से 'गायब' सोने से ढके पीड़म (चबूतरे) के मामले में साजिश का आरोप लगाया। यह पीड़म बाद में एक आयोजनकर्ता उन्निकृष्णन पोट्टी के रिश्तेदार के घर से बरामद हुआ।
वासवन ने उन्निकृष्णन पर आरोप लगाया कि उन्होंने पीड़म को छिपाकर एक नाटक रचा और फिर यह दावा किया कि पीड़म टीडीबी की देखरेख से गायब हो गया है। मंत्री ने कहा, हमारा मानना है कि पीड़म को छिपाने के बाद उन्निकृष्णन ने 'गायब होने' का नाटक किया। इसलिए हमें शक है कि इसमें कोई साजिश है। उन्होंने कहा कि केरल हाईकोर्ट के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पीड़म के गायब होने की जानकारी तब सामने आई, जब हाईकोर्ट ने द्वारपालक की मूर्तियों पर लगे चढ़ी सोने की ताम्र पट्टियों के वजन में कमी की जांच का आदेश दिया था। इस जांच के दौरान उन्निकृष्णन ने कहा कि उन्होंने ही 2019 में उस पीड़म को बनाया था, जो मंदिर से गायब हो गया था। टीडीबी की सतर्कता टीम ने बाद में पीड़म को उन्निकृष्णन के एक रिश्तेदार वेंजरामूडु के घर से खोज निकाला। टीडीबी के अध्यक्ष पी. एस. प्रशांत ने पीड़म की बरामदगी की सराहना की। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि उन्निकृष्णन ने जानबूझकर जनता को गुमराह किया और वैश्विक अयप्पा सम्मेलन का नाम खराब किया।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें: 'दशहरा रैली रद्द कर बाढ़ पीड़ितों की मदद करें, आ गया सही समय..', भाजपा का उद्धव ठाकरे पर तंज
प्रशांत ने कहा कि उन्होंने जानबूझकर झूठ बोला जबकि उन्हें पता था कि पीड़म उनके पास है। उनके इस दावे की वजह से विपक्ष ने मुझे भी चोर कहा। मुझे लगता है कि यह संगम (वैश्विक अयप्पा सम्मेलन) की छवि खराब करने की साजिश थी। उन्होंने कहा कि बोर्ड के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं था और सतर्कता टीम ने पारदर्शी रूप से काम किया। लेकिन इस मामले की विशेष सूचना आयुक्त को देने में देरी हुई। उन्होंने कहा, उन्निकृष्णन की गहन जांच होनी चाहिए। जब तक उन्होंने आरोप नहीं लगाया था, हमें पीड़म के बारे में जानकारी नहीं थी।
वहीं, बंगलूरू में रहने वाले उन्निकृष्णन ने किसी भी बुरे इरादे से इनकार किया। उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता था कि पीड़म उनके कर्मचारी वासुदेवन के पास कोट्टायम में है। मीडिया रिपोर्ट के बाद वासुदेवन ने मुझे संपर्क किया और बताया कि पीड़म उनके पास है। फिर मैंने उसे अपने रिश्तेदार के घर तिरुवनंतपुरम भेज दिया।
विज्ञापन
वासवन ने उन्निकृष्णन पर आरोप लगाया कि उन्होंने पीड़म को छिपाकर एक नाटक रचा और फिर यह दावा किया कि पीड़म टीडीबी की देखरेख से गायब हो गया है। मंत्री ने कहा, हमारा मानना है कि पीड़म को छिपाने के बाद उन्निकृष्णन ने 'गायब होने' का नाटक किया। इसलिए हमें शक है कि इसमें कोई साजिश है। उन्होंने कहा कि केरल हाईकोर्ट के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
पीड़म के गायब होने की जानकारी तब सामने आई, जब हाईकोर्ट ने द्वारपालक की मूर्तियों पर लगे चढ़ी सोने की ताम्र पट्टियों के वजन में कमी की जांच का आदेश दिया था। इस जांच के दौरान उन्निकृष्णन ने कहा कि उन्होंने ही 2019 में उस पीड़म को बनाया था, जो मंदिर से गायब हो गया था। टीडीबी की सतर्कता टीम ने बाद में पीड़म को उन्निकृष्णन के एक रिश्तेदार वेंजरामूडु के घर से खोज निकाला। टीडीबी के अध्यक्ष पी. एस. प्रशांत ने पीड़म की बरामदगी की सराहना की। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि उन्निकृष्णन ने जानबूझकर जनता को गुमराह किया और वैश्विक अयप्पा सम्मेलन का नाम खराब किया।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें: 'दशहरा रैली रद्द कर बाढ़ पीड़ितों की मदद करें, आ गया सही समय..', भाजपा का उद्धव ठाकरे पर तंज
प्रशांत ने कहा कि उन्होंने जानबूझकर झूठ बोला जबकि उन्हें पता था कि पीड़म उनके पास है। उनके इस दावे की वजह से विपक्ष ने मुझे भी चोर कहा। मुझे लगता है कि यह संगम (वैश्विक अयप्पा सम्मेलन) की छवि खराब करने की साजिश थी। उन्होंने कहा कि बोर्ड के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं था और सतर्कता टीम ने पारदर्शी रूप से काम किया। लेकिन इस मामले की विशेष सूचना आयुक्त को देने में देरी हुई। उन्होंने कहा, उन्निकृष्णन की गहन जांच होनी चाहिए। जब तक उन्होंने आरोप नहीं लगाया था, हमें पीड़म के बारे में जानकारी नहीं थी।
वहीं, बंगलूरू में रहने वाले उन्निकृष्णन ने किसी भी बुरे इरादे से इनकार किया। उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता था कि पीड़म उनके कर्मचारी वासुदेवन के पास कोट्टायम में है। मीडिया रिपोर्ट के बाद वासुदेवन ने मुझे संपर्क किया और बताया कि पीड़म उनके पास है। फिर मैंने उसे अपने रिश्तेदार के घर तिरुवनंतपुरम भेज दिया।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन