फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Mallikarjun Kharge on Women Reservation Bill said 2010 congress had passed

महिला आरक्षण बिल: 2010 में भी कांग्रेस ने राज्यसभा में विधेयक किया था पारित, मल्लिकार्जुन खरगे का आया बयान

Wed, 20 Sep 2023 11:39 AM IST
यशोधन शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: यशोधन शर्मा Updated Wed, 20 Sep 2023 11:39 AM IST
सार

महिला आरक्षण बिल पर कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि  2010 में हमने राज्यसभा में विधेयक पारित किया था, लेकिन यह लोकसभा में पारित नहीं हो सका।

विज्ञापन
Mallikarjun Kharge on Women Reservation Bill said 2010 congress had passed
Mallikarjun Kharge - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

महिला आरक्षण बिल पर कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि  2010 में हमने राज्यसभा में विधेयक पारित किया था, लेकिन यह लोकसभा में पारित नहीं हो सका। इसलिए, यह कोई नया विधेयक नहीं है। 

विज्ञापन


उन्होंने अगर उस विधेयक को उस वक्त ही आगे बढ़ाया होता, तो यह आज तक जल्दी पारित हो गया होता।  मुझे लगता है कि वे इसे चुनावों के मद्देनजर प्रचारित कर रहे हैं, लेकिन वास्तव में जब तक परिसीमन या जनगणना नहीं होती, आप खुद देखिएगा कि इसे लाने में कितना वक्त लगेगा। 
विज्ञापन


वे पहले भी बिल को जारी रख सकते थे, लेकिन उनके इरादे कुछ और हैं। खैर हम इस बात पर जोर देंगे कि महिला आरक्षण लाना होगा और हम पूरा सहयोग करेंगे, लेकिन कमियां दूर की जानी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रमोद तिवारी ने दी चेतावनी
इधर, महिला आरक्षण बिल पर कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने भी भाजपा पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि  मैं चुनौती देता हूं कि अगर बीजेपी की नीति और नियत साफ है तो गारंटी दें कि 2024 के चुनाव में महिलाओं को आरक्षण मिलेगा। 

हम पूरी ताकत से आपके साथ खड़े रहेंगे। क्या पिछड़े वर्ग और एससी महिलाएं नहीं हैं? उन्हें शामिल किए बिना आप महिला आरक्षण कैसे लेंगे? मैं केवल इतना कहता हूं कि यदि आप ईमानदार होते, तो 2010 का विधेयक जो राज्यसभा द्वारा पारित किया गया था। 

क्या है महिला आरक्षण बिल
बता दें कि महिला आरक्षण बिल के लागू होने से प्रदेश की 70 विधानसभा सीटों में 23 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हो जाएंगी। पार्टी ने कहा, 23 महिलाएं विधानसभा पहुंचेंगी। इससे महिलाएं राजनीतिक तौर पर सशक्त होंगी। 


इसके साथ ही लोकसभा और विधानसभाओं में महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण दिया जाएगा। इसके मिलने से देश के सर्वोच्च सदन में महिलाओं के लिए 181 सीटें आरक्षित हो जाएंगी। उत्तराखंड जैसे छोटे राज्य में भी 70 में से 23 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हो जाएंगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed