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Maharashtra: ठाणे में घरेलू विवाद ने लिया खूनी मोड़, पत्नी की हत्या के आरोप में पति को किया गया गिरफ्तार

Sun, 26 Apr 2026 03:24 AM IST
Riya Dubey न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: Riya Dubey Updated Sun, 26 Apr 2026 03:24 AM IST
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Maharashtra updates Domestic dispute takes bloody turn in Thane Crime politics news in hindi
महाराष्ट्र की बड़ी खबरें - फोटो : अमर उजाला
ठाणे शहर में घरेलू विवाद के चलते पत्नी की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने बताया कि 32 वर्षीय व्यक्ति ने अपनी पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी। घटना के बाद आरोपी फरार हो गया था, जिसे पुलिस ने 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया।
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पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान नरेश कमलसिंह खड़का के रूप में हुई है। उसे पनवेल (नवी मुंबई) से गिरफ्तार किया गया। यह वारदात शुक्रवार तड़के आगाखानवाड़ी स्थित दंपति के घर में हुई। नौपाड़ा पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ निरीक्षक अभय महाजन ने बताया कि आरोपी ने कथित तौर पर घरेलू कलह के चलते अपनी पत्नी हीमा खड़का की गला दबाकर हत्या कर दी। घटना की जानकारी पड़ोसियों ने पुलिस को दी, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची।
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पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेज दिया। हत्या के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था, लेकिन पुलिस टीमों ने तलाश अभियान चलाकर उसे पकड़ लिया। इस मामले में आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) (हत्या) के तहत केस दर्ज किया गया है। पुलिस फिलहाल हत्या के पीछे की सटीक वजह जानने के लिए आगे की जांच कर रही है।
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ऑर्केस्ट्रा बार पर पुलिस का छापा, नाबालिग समेत 13 महिलाएं रेस्क्यू
ठाणे जिले में पुलिस ने एक ऑर्केस्ट्रा बार पर छापा मारकर 13 महिलाओं को मुक्त कराया है, जिनमें एक नाबालिग भी शामिल है। पुलिस ने इस मामले में 13 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है। अधिकारियों के अनुसार, पुलिस को सूचना मिली थी कि भायंदर ईस्ट स्थित बार में नियमों से अधिक महिलाओं को काम पर रखा गया है और ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए उनसे अश्लील डांस कराया जा रहा है। इसके बाद गुरुवार रात करीब आधी रात को क्राइम ब्रांच की टीम ने छापेमारी की।

छापे के दौरान पुलिस ने बार में महिलाओं को मंच पर प्रदर्शन करते हुए पाया। तलाशी के दौरान इमारत में एक संकरी गुप्त जगह भी मिली, जिसे अतिरिक्त महिलाओं को छिपाने के लिए बनाया गया था। पुलिस ने उस बंद जगह से छह महिलाओं और एक नाबालिग लड़की को बाहर निकाला। अधिकारी के मुताबिक, तंग और बंद जगह में होने के कारण उनकी हालत खराब हो रही थी और उन्हें सांस लेने में दिक्कत हो रही थी।

पुलिस ने कुल 13 महिलाओं को रेस्क्यू किया है। मामले में बार प्रबंधन सहित 13 आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया है। आरोपियों पर महिलाओं की जान खतरे में डालने, असुरक्षित हालात में छिपाने और अश्लील प्रदर्शन कराने के आरोप लगाए गए हैं।

महाराष्ट्र में एसीबी की बड़ी कार्रवाई, कलेक्ट्रेट का राजस्व सहायक रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार 
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ( एसीबी) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए नागपुर कलेक्ट्रेट के एक राजस्व सहायक को 5 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए उसके घर से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान नरेश साधुरावजी बरवे के रूप में हुई है। आरोपी नंदनवन लेआउट का निवासी है।

मिली जानकारी के अनुसार, शहर के महल इलाके में एक नजूल प्लॉट पर निर्माण कार्य होना था। इस मामले की अपील आरोपी के पास लंबित थी, जिसे वह जानबूझकर टाल रहा था। जब शिकायतकर्ता ने देरी का कारण पूछा, तो बरवे ने फाइल आगे बढ़ाने के बदले पांच लाख रुपये की मांग की।

शिकायत मिलने पर एसीबी ने 17 और 20 अप्रैल को मामले की पुष्टि की। जाल बिछाकर शुक्रवार को टीम ने बरवे के घर पर छापा मारा और उसे रिश्वत की रकम स्वीकार करते हुए पकड़ लिया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच जारी है।

पीएम आवास योजना में 4.24 करोड़ का बड़ा घोटाला, बीड में पूर्व अधिकारी समेत 6 पर एफआईआर दर्ज
महाराष्ट्र के बीड जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 4.24 करोड़ रुपये के गबन का सनसनीखेज मामला सामने आया है। कैज नगर पंचायत के तत्कालीन मुख्य अधिकारी समेत छह लोगों के खिलाफ पुलिस ने धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात का केस दर्ज किया है। पुलिस और कलेक्टर की ओर से गठित जांच समिति की रिपोर्ट के अनुसार, 20 मई 2021 से 31 जनवरी 2022 के बीच मकान निर्माण के लिए जारी की गई सरकारी धनराशि को वास्तविक लाभार्थियों के बजाय साजिश के तहत अन्य अपात्र खातों में ट्रांसफर कर दिया गया। हालांकि प्रशासन ने भ्रष्टाचार की पुष्टि होने के बाद शुक्रवार को संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है, लेकिन फिलहाल इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है और पुलिस गबन की गई इस भारी-भरकम राशि की कड़ियों को जोड़ने के लिए आगे की जांच कर रही है।

शिवाजी महाराज पर धीरेंद्र शास्त्री के बयान से बवाल
बागेश्वर धाम के कथावाचक धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के नागपुर के जमथा में आयोजित धर्मसभा में दिए बयान से विवाद खड़ा हो गया है। शास्त्री ने दावा किया कि मराठा साम्राज्य के महान योद्धा छत्रपति शिवाजी महाराज ने अपने जीवन के अंतिम समय में अपना राज्य संत समर्थ रामदास को सौंपने की इच्छा जताई थी। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि भारतीयों को चार बच्चे पैदा करने चाहिए और उनमें से एक को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) को समर्पित करना चाहिए

इस धर्मसभा में आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी मौजूद थे। हालांकि, फडणवीस ने शास्त्री के बयान को लेकर कहा कि ऐतिहासिक साक्ष्यों में ऐसा कोई जिक्र नहीं मिलता। उन्होंने कहा कि महान विभूतियों से जुड़ी कहानियां समय के साथ अलग-अलग रूप ले लेती हैं। वहीं, विपक्षी दलों ने इस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। एनसीपी (एसपी) के विधायक रोहित पवार ने कहा कि इस तरह के बयान महाराष्ट्र की संत परंपरा और इतिहास का अपमान हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने कहा कि शिवाजी महाराज का अपमान महाराष्ट्र की जनता बर्दाश्त नहीं करेगी। कांग्रेस नेता सचिन सावंत ने भी शास्त्री के दावे को झूठा बताते हुए कहा सवाल उठाया कि चार बच्चे पैदा कर एक को आरएसएस को देने जैसी बातों का क्या औचित्य है। शास्त्री के इस बयान को लेकर माफी की मांग भी उठ रही है।
 

प्रधानमंत्री आवास योजना में 4.24 करोड़ की गड़बड़ी, पूर्व अधिकारी समेत 6 पर केस
महाराष्ट्र के बीड जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 4.24 करोड़ रुपये के गबन का मामला सामने आया है। इस मामले में कैज नगर पंचायत के तत्कालीन मुख्य अधिकारी समेत छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, 20 मई 2021 से 31 जनवरी 2022 के बीच मकान निर्माण के लिए स्वीकृत धनराशि उन लोगों के खातों में ट्रांसफर की गई, जो योजना के वास्तविक लाभार्थी नहीं थे। जांच के लिए बीड कलेक्टर की ओर से गठित समिति ने अपनी रिपोर्ट में अनियमितताओं की पुष्टि की, जिसके आधार पर शुक्रवार को भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत आपराधिक विश्वासघात, धोखाधड़ी समेत अन्य आरोपों में एफआईआर दर्ज की गई। पुलिस ने बताया कि फिलहाल मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है और आगे की जांच जारी है।
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