महाराष्ट्र: भाजपा और मनसे पर उद्धव ने साधा निशाना, बोले- मंदिर खुलवाने के लिए नहीं कोरोना के खिलाफ करें प्रदर्शन
महाराष्ट्र में कोरोना तेजी से फैल रहा है। इसके चलते सरकार ने कई प्रतिबंध फिर से लागू कर दिए हैं। मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का कहना है कि केंद्र ने पत्र जारी किया है। सभी राज्यों से तीसरी लहर के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
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महाराष्ट्र में मंदिरों को खुलवाने व धार्मिक आयोजनों की अनुमति के लिए प्रदर्शन कर रही भाजपा व महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना पर मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने निशाना साधा है। उन्होंने कहा है कि कुछ लोग मंदिर व अन्य स्थलों को खुलवाने की जल्दबाजी में हैं। मेरी जनता से अपील है कि मंदिर खुलवाने के लिए नहीं बल्कि कोरोना रोकने के लिए प्रदर्शन करें।
I request people not to protest for reopening of temples and other places. If you want to protest, protest against Corona: Maharashtra Chief Minister Uddhav Thackeray https://t.co/ArMk8JOhx8
— ANI (@ANI) September 5, 2021विज्ञापन
मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का यह बयान उस समय आया है जब महाराष्ट्र में कोरोना तेजी से अपने पैर पसार रहा है और सरकार को फिर से कड़े नियम लागू करने पड़ रहे हैं। इस बीच भाजपा के कई नेता सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं।
भाजपा नेता के खिलाफ दर्ज हुआ था केस
मुंबई पुलिस ने भाजपा नेता सुधीर मुनगंटीवार के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। दरअसल, भाजपा नेता अपने 30 कार्यकर्ताओं के साथ बाबुलनाथ मंदिर के द्वार फिर से खोलने की मांग कर रहे थे।
दही हांडी को लेकर भी हुआ था बवाल
जन्माष्टमी पर सरकार की ओर से धार्मिक आयोजन की अनुमति नहीं दी गई थी। इसके बावजूद भाजपा विधायक राम कदम ने दही हांडी मनाने का एलान कर दिया था, जिसके बाद पुलिस ने उनका घर पूरी तरह घेर लिया था। वहीं महाराष्ट्र नवर्निमाण सेना के चार कार्यकर्ताओं के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया था। ये कार्यकर्ता रोक के बावजूद दही हांडी का आयोजन कर रहे थे।
आप नेहरू से इतनी नफरत क्यों करते हैं? : राउत ने केंद्र से पूछा
शिवसेना सांसद संजय राउत ने दावा किया, ‘जिन्होंने आजादी के संषर्घ में और इतिहास रचने में कोई योगदान नहीं दिया, वे स्वतंत्रता संघर्ष के नायकों में शामिल हो रहे हैं। राजनीतिक प्रतिशोध के कारण किया गया यह कृत्य अच्छा नहीं है और यह उनकी संकीर्ण मानसिकता को दिखाता है। यह प्रत्येक स्वतंत्रता सेनानी का अपमान है।’
राउत ने केंद्र द्वारा हाल में घोषित राष्ट्रीय मुद्रीकरण पाइपलाइन योजना का जिक्र करते हुए कहा, ‘नेहरू ने ऐसा क्या किया जो उनसे इतनी ज्यादा नफरत है? बल्कि उन्होंने जो संस्थान बनाए उन्हें अब भारतीय अर्थव्यवस्था की गति के लिए बेचा जा रहा है।’ उन्होंने कहा कि आप राष्ट्र निर्माण में नेहरू और पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के अमर योगदान को नष्ट नहीं कर सकते। जिन्होंने नेहरू के योगदान को खारिज किया उन्हें इतिहास के खलनायक बताया जाएगा।