{"_id":"5d5acda48ebc3e899b560481","slug":"maharashtra-cm-devendra-fadnavis-announced-loan-waive-off-and-house-to-flood-affected","type":"story","status":"publish","title_hn":"महाराष्ट्र के बाढ़ पीड़ितों के लिए कृषि ऋण माफी और नए मकान","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
महाराष्ट्र के बाढ़ पीड़ितों के लिए कृषि ऋण माफी और नए मकान
Mon, 19 Aug 2019 10:23 PM IST
Trainee Trainee
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: Trainee Trainee
Updated Mon, 19 Aug 2019 10:23 PM IST
विज्ञापन
देवेंद्र फडणवीस
- फोटो : Getty Images
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
महाराष्ट्र सरकार ने किसानों के लिए ऋण माफी, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत, बाढ़ में अपना घर गंवा बैठने वालों के लिए नए मकान, मुफ्त खाद्यान्न जैसे विभिन्न कदमों की सोमवार को राज्य के बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए घोषणा की।
इस माह के प्रारंभ में भारी बारिश और बाढ़ ने पश्चिमी महाराष्ट्र और कोंकण में भारी तबाही मचायी। इसकी सबसे अधिक मार कोल्हापुर और सांगली जिलों पर पड़ी। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि एक समिति इस अप्रत्याशित बाढ़ के कारणों का पता लगाएगी और उनकी पुनरावृति को रोकने के उपाय सुझाएगी।
सेवानिवृत अधिकारी नंदकुमार वाडनेरे की अगुवाई में यह समिति बनाई जा रही है। वाडनेरी जल संसाधन विभाग के सेवानिवृत प्रधान सचिव हैं। उन्होंने कहा कि बाढ़ की वजह से जिन किसानों की फसल एक हेक्टयर से अधिक जमीन में नष्ट हो गई, वे ऋण माफी के पात्र होंगे।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आयकर और जीएसटी रिटर्न फाइल करने में छूट की अपनी मांग केंद्र के सामने रखेगी और उसे मान लेने का अनुरोध करेगी। वह वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक के बाद अपने निवास पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि बाढ में अपना घर गंवा बैठे लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत नया मकान और एक लाख रूपये नकद सहायता मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम बाढ़ प्रभावित लोगों को तीन महीने तक मुफ्त अनाज देंगे। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए केंद्र से 6 हजार करोड़ रूपये की वित्तीय सहायता की मांग संबंधी मंत्रिमंडल का प्रस्ताव नई दिल्ली में संबंधित अधिकारियों को मिल गया है।
उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मुझसे कहा है कि उन्हें रिपोर्ट मिल गई है। रिपोर्ट पहुंच जाने के बाद इलाके के सर्वेक्षण के लिए एक टीम महाराष्ट्र आएगी और फिर सहायता जारी की जाएगी।
विज्ञापन
इस माह के प्रारंभ में भारी बारिश और बाढ़ ने पश्चिमी महाराष्ट्र और कोंकण में भारी तबाही मचायी। इसकी सबसे अधिक मार कोल्हापुर और सांगली जिलों पर पड़ी। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि एक समिति इस अप्रत्याशित बाढ़ के कारणों का पता लगाएगी और उनकी पुनरावृति को रोकने के उपाय सुझाएगी।
विज्ञापन
सेवानिवृत अधिकारी नंदकुमार वाडनेरे की अगुवाई में यह समिति बनाई जा रही है। वाडनेरी जल संसाधन विभाग के सेवानिवृत प्रधान सचिव हैं। उन्होंने कहा कि बाढ़ की वजह से जिन किसानों की फसल एक हेक्टयर से अधिक जमीन में नष्ट हो गई, वे ऋण माफी के पात्र होंगे।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आयकर और जीएसटी रिटर्न फाइल करने में छूट की अपनी मांग केंद्र के सामने रखेगी और उसे मान लेने का अनुरोध करेगी। वह वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक के बाद अपने निवास पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि बाढ में अपना घर गंवा बैठे लोगों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत नया मकान और एक लाख रूपये नकद सहायता मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम बाढ़ प्रभावित लोगों को तीन महीने तक मुफ्त अनाज देंगे। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए केंद्र से 6 हजार करोड़ रूपये की वित्तीय सहायता की मांग संबंधी मंत्रिमंडल का प्रस्ताव नई दिल्ली में संबंधित अधिकारियों को मिल गया है।
उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मुझसे कहा है कि उन्हें रिपोर्ट मिल गई है। रिपोर्ट पहुंच जाने के बाद इलाके के सर्वेक्षण के लिए एक टीम महाराष्ट्र आएगी और फिर सहायता जारी की जाएगी।