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लुफ्थांसा ने केंद्र से विवाद के बाद 20 अक्तूबर तक रद्द कीं भारत-जर्मनी की सभी उड़ानें
Tue, 29 Sep 2020 11:31 PM IST
देव कश्यप
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: देव कश्यप
Updated Tue, 29 Sep 2020 11:31 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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दुनिया के बड़े विमान संचालकों में से एक जर्मनी की एयरलाइन लुफ्थांसा ने 30 सितंबर से 20 अक्तूबर के बीच भारत के लिए सभी उड़ानों को रद्द कर दिया है। जर्मनी की एयरलाइन लुफ्थांसा का पिछले कुछ दिनों से नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) के साथ विवाद चल रहा है।
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इस मामले में लुफ्थांसा की ओर से बयान आया है कि 'भारत सरकार द्वारा अक्तूबर की लुफ्थांसा की शेड्यूल फ्लाइट्स रद्द कर दी गई हैं। दुर्भाग्यपूर्ण, लुफ्थांसा को अब 30 सिंतबर और 20 अक्तूबर के बीच भारत और जर्मनी में निर्धारित उड़ानों को रद्द करना पड़ेगा।'
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क्या है विवाद?
डीजीसीए ने मंगलवार को एक बयान में कहा कि कोरोना काल में अभी भारतीय एयरलाइन कंपनियां हफ्ते में तीन से चार उड़ानों को ऑपरेट कर रही हैं, लेकिन लुफ्थांसा ने महज हफ्ते भर में 20 उड़ानें संचालित की हैं। सरकार ने लुफ्थांसा की उड़ानों को हर सप्ताह सात तक सीमित करने का प्रस्ताव दिया, जिसे एयरलाइन ने अस्वीकार कर दिया। फिलहाल दोनों पक्षों के बीच बातचीत जारी है। बता दें कि भारत और जर्मनी ने इस साल जुलाई में एयर बबल की औपचारिक शुरुआत की थी।
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डीजीसीए ने बताया कि 'भारत ने अभी तक जर्मनी की बात को स्वीकार नहीं किया है। इसके बाद लुफ्थांसा ने दोनों देशों के बीच एक अस्थायी यात्रा समझौते की स्थापना करने के लिए केंद्र सरकार से जर्मन सरकार के साथ मिलकर काम करने का आग्रह किया है।'
उन्होंने कहा कि 'इस तरह का समझौता भारत और भारत की यात्रा के लिए हजारों भारतीयों और विदेशी नागरिकों की तत्काल आवश्यकता को पूरा करने के लिए आवश्यक है और यह दोनों देशों की एयरलाइनों के हितों को संतुलित करने में मदद करेगा।'
बयान में आगे कहा गया है कि 'यह अपील भारतीय अधिकारियों द्वारा अक्तूबर के लिए लुफ्थांसा की योजनाबद्ध उड़ान अनुसूची की अप्रत्याशित अस्वीकृति का अनुसरण करती है। लुफ्थांसा ने विशेष उड़ानों की निरंतरता के लिए आवेदन किया था जिसे सितंबर के अंत तक संचालित करने की अनुमति दी गई थी।।' इसमें कहा गया है कि अक्तूबर की उड़ान अनुसूची भारत और जर्मनी के बीच पहले से सीमित संख्या में उड़ानों का विस्तार है, जो लुफ्थांसा ने भारतीय बाजार में जून से शुरू की थी।
अभी भारत का 13 देशों के साथ एयर बबल को लेकर करार है, जिसमें अमेरिका, यूके, फ्रांस, जर्मनी, कनाडा, मालदीव्स, यूएई, कतर, बहरैन, नाइजीरिया, इराक, अफगानिस्तान और जापान शामिल हैं। भारत कई अन्य देशों के साथ भी एयर बबल करार पर विचार कर रहा है, ताकि उन देशों के साथ भी फ्लाइट्स ऑपरेट की जा सकें।