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Jaishankar Iran Visit: ईरान की दो दिवसीय यात्रा पर जाएंगे विदेश मंत्री जयशंकर, कई प्रमुख मुद्दों पर होगी चर्चा
Sun, 14 Jan 2024 03:25 AM IST
यशोधन शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: यशोधन शर्मा
Updated Sun, 14 Jan 2024 03:25 AM IST
सार
जयशंकर और अमीर-अब्दुल्लाहियन के चाबहार बंदरगाह के माध्यम से क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने पर भी विचार-विमर्श करने की संभावना है। ऊर्जा संपन्न ईरान के दक्षिणी तट पर सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में स्थित, चाबहार बंदरगाह कनेक्टिविटी और व्यापार संबंधों को बढ़ावा देने के लिए भारत और ईरान द्वारा विकसित किया जा रहा है।
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एस जयशंकर।
- फोटो : Twitter
विस्तार
विदेश मंत्री एस जयशंकर 14 जनवरी से दो दिन के लिए ईरान दौरे पर जाएंगे। इस दौरान वह अपने ईरानी समकक्ष होसैन अमीर-अब्दुल्लाहियन के साथ लाल सागर में उभरती सुरक्षा स्थिति सहित कई प्रमुख मुद्दों पर चर्चा करेंगे। विदेश मंत्रालय (एमईए) ने बताया कि दोनों मंत्रियों का द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर विचार-विमर्श होगा। मंत्रालय न आगे कहा कि जयशंकर और अमीर-अब्दुल्लाहियन के बीच वार्ता के एजेंडे के महत्वपूर्ण पहलुओं में राजनीतिक सहयोग, कनेक्टिविटी पहल और मजबूत लोगों से लोगों के संबंध शामिल होंगे।
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गौरतलब है कि विदेश मंत्री की तेहरान की नियोजित यात्रा लाल सागर में व्यापारिक जहाजों को हौथी आतंकवादियों द्वारा निशाना बनाए जाने पर बढ़ती वैश्विक चिंताओं की पृष्ठभूमि में हो रही है। वहीं, अमेरिका और ब्रिटेन पहले ही यमन में हौथी ठिकानों को निशाना बनाकर हवाई हमले शुरू कर चुके हैं। भारत लाल सागर में उभरती स्थिति पर करीब से नजर रख रहा है।
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भारतीय नौसेना ने उत्तर और मध्य अरब सागर सहित महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में समुद्री वातावरण को देखते हुए समुद्री सुरक्षा अभियानों के लिए अपने अग्रिम पंक्ति के जहाजों और निगरानी विमानों की तैनाती पहले ही बढ़ा दी है। हौथी ठिकानों को निशाना बनाकर किए गए हवाई हमलों के बाद, अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा कि वह आगे के उपायों को निर्देशित करने में संकोच नहीं करेंगे।
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जयशंकर और अमीर-अब्दुल्लाहियन के चाबहार बंदरगाह के माध्यम से क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने पर भी विचार-विमर्श करने की संभावना है। ऊर्जा संपन्न ईरान के दक्षिणी तट पर सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में स्थित, चाबहार बंदरगाह कनेक्टिविटी और व्यापार संबंधों को बढ़ावा देने के लिए भारत और ईरान द्वारा विकसित किया जा रहा है। भारत क्षेत्रीय व्यापार को बढ़ावा देने के लिए चाबहार बंदरगाह परियोजना और विशेषकर अफगानिस्तान से इसकी कनेक्टिविटी पर जोर दे रहा है।
बता दें कि विदेश सचिव विनय क्वात्रा ने राजनीतिक मामलों के लिए ईरानी उप विदेश मंत्री अली बघेरी कानी के साथ भारत-ईरान विदेश कार्यालय परामर्श (एफओसी) की बैठक की थी। उन्होंने सह-अध्यक्षता करने के लिए नवंबर में तेहरान का दौरा किया था।