क्या परमबीर सिंह ने छोड़ा देश: रूस भागने की खबरों के बीच महाराष्ट्र के गृह मंत्री ने कही यह बात
मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त व आईपीएस अधिकारी परमबीर सिंह के देश छोड़ने की खबर है। हालांकि इसकी अधिकृत तौर पर पुष्टि नहीं हुई है।
विस्तार
महाराष्ट्र के गृह मंत्री दिलीप वलसे पाटिल का कहना है कि आईपीएस अधिकारी परमबीर सिंह कहां हैं, इसका पता लगाया जा रहा है। केंद्रीय गृह मंत्रालय भी उनका पता लगा रहा है। मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि वह रूस भाग गए हैं। पाटिल ने कहा कि हमने भी ऐसी खबरें सुनी हैं, लेकिन वह एक सरकारी अधिकारी हैं, इसलिए बगैर सरकार की मंजूरी के विदेश नहीं जा सकते हैं।
Along with the union home ministry, we're also searching for his whereabouts. I've heard something like that but as a govt officer, he can't go abroad without govt clearance: Maharashtra Home Minister, on reports of ex-Mumbai Police Commissioner Param Bir Singh fleeing to Russia pic.twitter.com/8uxGtWSXZ5विज्ञापन— ANI (@ANI) September 30, 2021
हमने लुकआउट सर्कूलर जारी किया था: पाटिल
महाराष्ट्र के गृहमंत्री दिलीप वलसे पाटिल ने कहा कि हमने परमबीर सिंह के खिलाफ लुकआउट सर्कूलर (LOC) जारी किया था, यदि वह देश छोड़कर चले गए हैं, तो यह ठीक नहीं है। इस बीच सीबीआई ने गुरुवार को राज्य के मुख्य सचिव सीताराम कुंटे और डीजीपी संजय पांडे को तलब किया है। बता दें कि सीबीआई राज्य के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख पर 100 करोड़ रुपए की वसूली के आरोपों की जांच कर रही है। सीबीआई के साथ-साथ प्रवर्तन निदेशालय भी मनी लॉन्ड्रिंग की जांच कर रहा है।
जयंत पाटिल ने भी साधा निशाना
वहीं, महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री और राज्य राकांपा प्रमुख जयंत पाटिल ने शुक्रवार को पूछा कि केंद्रीय एजेंसियों को मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह के आरोपों पर भरोसा क्यों करना चाहिए, जो देश छोड़कर भाग गए हैं। पाटिल ने यह भी दावा किया कि भाजपा की मशीनरी ने पहले भुजबल को जेल में डालने की कोशिश की, लेकिन अदालत ने उन्हें क्लीन चिट दे दी और अब भगवा पार्टी देशमुख को निशाना बना रही है।
परमबीर सिंह के खिलाफ जबरन वसूली के चार केस दर्ज
मुंबई और ठाणे के पूर्व पुलिस आयुक्त रह चुके परमबीर सिंह के खिलाफ जबरन वसूली की कम से कम चार प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। सरकारी सूत्रों ने बताया कि गृह विभाग ने इन मामलों में प्रत्येक आरोपी अधिकारी की भूमिका के बारे में अधिक जानकारी मांगने के लिए डीजीपी के प्रस्ताव को वापस कर दिया।
परमबीर सिंह के अलावा, पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) और सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) रैंक के अधिकारियों को प्राथमिकी में आरोपी बनाया गया है। उद्योगपति मुकेश अंबानी के दक्षिण मुंबई स्थित घर एंटीलिया के पास विस्फोटकों से लदी एसयूवी के मामले में एनआईए द्वारा मुंबई पुलिस अधिकारी सचिन वाजे को गिरफ्तार किए जाने के बाद सिंह का मार्च 2021 में मुंबई पुलिस आयुक्त के पद से तबादला कर दिया गया था।
अनिल देखमुख पर लगाया था रिश्वतखोरी का आरोप
होमगार्ड विभाग में तबादला होने के बाद, आईपीएस अधिकारी ने तत्कालीन राज्य के गृह मंत्री अनिल देशमुख पर पुलिस अधिकारियों से होटल और बार मालिकों से रिश्वत लेने के लिए कहने का आरोप लगाया था। देशमुख ने इस आरोप से इनकार किया था। लेकिन देशमुख ने बाद में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था क्योंकि सीबीआई ने उनके खिलाफ मामला दर्ज किया था।
डीजीपी ने की सस्पेंड करने की मांग
उधर, महाराष्ट्र के डीजीपी संजय पांडे ने हाल ही में आईपीएस अधिकारी परमबीर सिंह और उन दूसरे पुलिस अधिकारियों को सस्पेंड करने की मांग की है जिनका नाम उगाही के मामले में सामने आया है। हालांकि सूत्रों ने बताया कि गृह मंत्रालय ने इस संबंध में कुछ और विवरण मांगा है। बता दें कि इस मामले में दाऊद का खास आदमी भी गिरफ्तार हो चुका है।