{"_id":"5a2a12f84f1c1b8e698c06dd","slug":"india-is-a-member-of-wassenaar-now-can-control-on-export-of-nuclear-weapons","type":"story","status":"publish","title_hn":"भारत को वासेनार संधि में मिली सदस्यता, अब परमाणु हथियारों के एक्सपोर्ट पर कर सकेगा कंट्रोल","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
भारत को वासेनार संधि में मिली सदस्यता, अब परमाणु हथियारों के एक्सपोर्ट पर कर सकेगा कंट्रोल
एजेंसी/नई दिल्ली
Updated Fri, 08 Dec 2017 09:51 AM IST
विज्ञापन
symbolic picture
- फोटो : reuters
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
परमाणु हथियारों के अप्रसार पर नियंत्रण रखने वाले एक बड़े समूह में भारत को भी प्रवेश मिल गया है। परमाणु हथियारों के निर्यात पर नियंत्रण रखने वाली वासेनार संधि में भारत की सदस्यता स्वीकार कर ली गई है।
विज्ञापन
पढ़ें: कोई भी कानून शादी के बाद पत्नी को धर्म बदलने पर मजबूर नहीं कर सकता: SC
विज्ञापन
इससे परमाणु अप्रसार संधि (एनपीटी) पर हस्ताक्षर नहीं करने के बावजूद अप्रसार के क्षेत्र में भारत की विश्वसनीयता बढ़ जाएगी। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि समूह के 41 सदस्यों की संपूर्ण बैठक में भारत के आवेदन पर विचार किया गया। बैठक के पहले ही रूस के उप विदेश मंत्री सर्गेई रिबकोव ने उम्मीद जताई थी कि भारत को सदस्यता मिलना तय है।
विज्ञापन
भारत लंबे समय से परमाणु आपूर्तिकर्ता समूह (एनएसजी), वासेनार संधि और ऑस्ट्रेलिया ग्रुप समेत सभी बड़े निर्यात नियंत्रण समूहों की सदस्यता के लिए प्रयासरत रहा है। पिछले साल इसे मिसाइल टेक्नोलॉजी कंट्रोल रिजिम (एमटीसीआर) में प्रवेश मिला था जिससे इसके लिए महत्वपूर्ण मिसाइल टेक्नोलॉजी हासिल करने और अपनी मिसाइलों को निर्यात करने का रास्ता खुला।
पढ़ें: संसद में बीजेपी सदस्य कहते थे 'मणिशंकर बैठ जाओ वर्ना अमर सिंह आ जायेगा'
लेकिन एनएसजी की सदस्यता के लिए चीन लगातार अड़ंगा लगाता आ रहा है।