{"_id":"661c17357251a15375042d43","slug":"india-has-robust-system-of-documenting-births-and-deaths-say-govt-sources-on-lancet-s-claims-2024-04-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"India: लैंसेट के दावों को भारत ने किया खारिज; कहा- हमारे पास जन्म और मृत्यु के डेटा के लिए मजबूत प्रणाली","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
India: लैंसेट के दावों को भारत ने किया खारिज; कहा- हमारे पास जन्म और मृत्यु के डेटा के लिए मजबूत प्रणाली
Sun, 14 Apr 2024 11:19 PM IST
शिव शरण शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Sun, 14 Apr 2024 11:19 PM IST
सार
लैंसेट ने भारत के लगातार इस दावे पर सवाल उठाया कि COVID-19 महामारी के परिणामस्वरूप केवल 0.48 मिलियन लोगों की मृत्यु हुई है।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : ANI
विस्तार
स्वास्थ्य पर डेटा साझा करने में सटीकता और पारदर्शिता की कमी को लेकर मेडिकल जर्नल लैंसेट के दावे को भारत सरकार ने खारिज किया है। सरकारी सूत्रों ने जोर देकर कहा कि भारत में जन्म और मृत्यु के आंकड़ों को इकट्ठा करने की एक मजबूत प्रणाली है। देश में नागरिक पंजीकरण प्रणाली (सीआरएस) के माध्यम से जन्म और मृत्यु अधिनियम, 1969 के तहत दोनों के आंकड़े रखे जाते हैं।
विज्ञापन
उन्होंने यह भी कहा कि देशभर में लगभग तीन लाख पंजीकरण इकाइयों के जरिए पंजीकरण के लिए जन्म और मृत्यु के रजिस्ट्रार को मृत्यु की सूचना दी जाती है।
गौरतलब है कि लैंसेट ने भारत के लगातार इस दावे पर सवाल उठाया कि COVID-19 महामारी के परिणामस्वरूप केवल 0.48 मिलियन लोगों की मृत्यु हुई है।