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लद्दाख: ड्रैगन की सेना ने खाली किया फिंगर-4 का इलाका, भारत की कूटनीति के सामने झुका चीन
Mon, 15 Feb 2021 09:54 PM IST
संजीव कुमार झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Mon, 15 Feb 2021 09:54 PM IST
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चीन की सेना(फाइल फोटो)
- फोटो : पीटीआई
पूर्वी लद्दाख में भारत और चीन के बीच जारी तनाव को कम करने के लिए दोनों तरफ से कोशिशें तेज कर दी गई हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार पूर्वी लद्दाख में पैंगोंग झील के पास स्थित फिंगर 4 एरिया को चीनी सैनिक पीछे हटना शुरू कर दिया है। बता दें कि पैंगोंग झील के उत्तरी किनारे स्थित इस महत्वपूर्ण पहाड़ी पर चीनी सैनिकों ने लंबे समय से कब्जा कर रखा था लेकिन भारत सरकार की कूटनीति काम आई और चीनी सेना पीछे हटने को मजबूर हो गई।
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मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार चीन ने फिंगर 5 और फिंगर 8 के बीच अपने कई शेल्टर्स और ढांचे को भी हटा लिया है। चीन के इस कदम का स्वागत करते हुए भारत ने भी अपनी जवानों की संख्या कम कर दी है।
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डेपसांग मामले को भी जल्द सुलझाया जाएगा
वहीं सेना और सरकार के रणनीतिकार यकीन जता रहे हैं कि पैंगोंग झील में भारत और चीन की सेना के पीछे हटने की सहमति के बाद डेपसांग के पुराने और जटिल मसले को भी बातचीत से ही सुलझा लिया जाएगा। लिलाजा कोर कमांडर से पहले ब्रिगेडियर स्तर पर बातचीत की अलग से तैयारी की जा रही है। संभव है कि पैंगोंग के उत्तरी और दक्षिणी किनारे से सेनाओं के पूरी तरह हटने से पहले ही डेपसांग पर बातचीत शुरू हो जाए।
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पूर्वी लद्दाख में पैंगोग त्सो (झील) इलाके में सैनिकों को पीछे हटाने के लिए चीन के साथ समझौते के बाद बीजिंग और भारत की सेनाएं इस इलाके में सैनिकों की संख्या को लगातार कम कर रही हैं और बख्तरबंद वाहनों को पीछे ले जा रही हैं।
सेना के सूत्रों ने शुक्रवार को यह बात कही। उन्होंने बताया कि पैंगोंग के दक्षिण तट पर टकराव के बिंदु से युद्धक टैंक और बख्तरबंद वाहनों को हटाया जा रहा है जबकि उत्तरी तट के क्षेत्रों से जवानों को वापस बुलाया जा रहा है।