फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Hindi row Cong takes dig at Thackeray cousins for claiming credit on withdrawal of GRs News In Hindi

Hindi Row: 'लड़ाई केवल आपकी नहीं थी', हिंदी भाषा विवाद पर ठाकरे बंधुओं को कांग्रेस की नसीहत

Sat, 05 Jul 2025 04:40 PM IST
शुभम कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: शुभम कुमार Updated Sat, 05 Jul 2025 04:40 PM IST
सार

महाराष्ट्र में हिंदी भाषा लागू करने के आदेश वापसी पर शिवसेना (यूबीटी) और मनसे के संयुक्त जश्न के बाद कांग्रेस की प्रतिक्रिया सामने आई है। कांग्रेस ने ठाकरे बंधुओं को नसीहत देते हुए कहा कि यह सिर्फ ठाकरे बंधुओं की लड़ाई नहीं थी बल्कि राज्य के कई वर्गों ने विरोध किया। कांग्रेस ने दोनों की संभावित राजनीतिक एकता पर भी दूरी बनाई।

विज्ञापन
Hindi row Cong takes dig at Thackeray cousins for claiming credit on withdrawal of GRs News In Hindi
महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्द्धन सपकाल और राज ठाकरे, उद्धव ठाकरे - फोटो : ANI/PTI

विस्तार

महाराष्ट्र में स्कूलों में हिंदी भाषा लागू करने के सरकारी फैसले के खिलाफ विरोध के बाद सरकार को अपने आदेश वापस लेने पड़े। इस फैसले को लेकर शिवसेना (उद्धव गुट) प्रमुख उद्धव ठाकरे और मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने शनिवार को एक संयुक्त विजय रैली का आयोजन कर इसे अपनी जीत बताया। लेकिन अब कांग्रेस ने ठाकरे बंधुओं को यह कहकर घेरा है कि यह लड़ाई सिर्फ उनकी नहीं थी, बल्कि पूरे राज्य के कई वर्गों ने इस फैसले का विरोध किया था।

विज्ञापन


कांग्रेस नेता ने बताया पूरे राज्य की लड़ाई
कांग्रेस का बयान वरिष्ठ कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने कहा कि अगर उद्धव और राज ठाकरे इस फैसले को वापस लेने का श्रेय लेना चाहते हैं, तो उन्हें लेने दीजिए। लेकिन राज्यभर में इस फैसले के खिलाफ विरोध हुआ था। अगर वे दोनों राजनीतिक रूप से साथ आते हैं, तो हमारी तरफ से शुभकामनाएं। साथ ही महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने भी कहा कि जीआर (सरकारी आदेश) वापसी का जश्न और ठाकरे भाइयों की संभावित राजनीतिक एकता, दोनों अलग-अलग मुद्दे हैं।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें:- 20 साल बाद एक मंच पर राज-उद्धव ठाकरे: मराठी अस्मिता से लेकर CM फडणवीस तक, ठाकरे बंधुओं ने जमकर चलाए सियासी तीर
विज्ञापन
विज्ञापन


भाषा विवाद पर कांग्रेस का दो टूक

साथ ही सपकाल ने दावा किया कि उन्होंने राज्य के अलग-अलग हिस्सों से करीब 600 लोगों को पत्र लिखकर इस फैसले के विरोध में एकजुट होने का आह्वान किया था। उन्होंने शिक्षाविदों और मराठी भाषा विशेषज्ञों के साथ कई बैठकें भी की थीं। सपकाल ने कहा कि हिंदी भाषा को पहली कक्षा से लागू करने के फैसले के खिलाफ हर किसी ने मिलकर विरोध किया। यह सिर्फ ठाकरे बंधुओं की जीत नहीं है, यह पूरे महाराष्ट्र की आवाज थी।

ये भी पढ़ें:- Maharashtra Politics: 'ये रैली राजनीतिक जमीन बचाने की बेताबी है', राज-उद्धव के साथ आने पर भाजपा का जुबानी हमला

अब समझिए पूरा मामला
गौरतलब है कि महाराष्ट्र की फडणवीस सरकार ने जून में आदेश जारी किया था कि पहली कक्षा से स्कूलों में हिंदी को तीसरी भाषा के रूप में पढ़ाया जाएगा। इस पर मराठी भाषा को कमजोर करने का आरोप लगते ही व्यापक विरोध हुआ। इसके चलते सरकार ने 29 जून को ये आदेश वापस ले लिए। हालांकि ठाकरे बंधु इसे जनता की जीत बता रहे हैं और भविष्य में मिलकर चुनाव लड़ने का संकेत दे रहे हैं, कांग्रेस ने यह साफ कर दिया है कि इस आंदोलन का श्रेय किसी एक पार्टी को नहीं दिया जा सकता।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed