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Teesta Setalvad: गुजरात एटीएस ने तीस्ता सीतलवाड़ को मुंबई से हिरासत में लिया, अहमदाबाद के लिए रवाना
Sat, 25 Jun 2022 09:13 PM IST
निर्मल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: निर्मल कांत
Updated Sat, 25 Jun 2022 09:13 PM IST
सार
गुजरात एटीएस सामाजिक कार्यकर्ता तीस्ता सीतलवाड़ के मुंबई स्थित घर पहुंची। उन्हें हिरासत में लिया गया है। सीतलवाड़ को सांताक्रूज पुलिस स्टेशन ले जाया गया है।
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हिरासत में ली गईं तीस्ता सीतलवाड़
- फोटो : ANI
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विस्तार
सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को यह कहते हुए जाकिया जाफरी की याचिका खारिज कर दी थी कि कानून का दुरुपयोग करना ठीक नहीं। इस दौरान कोर्ट ने तीस्ता सीतलवाड़ का भी जिक्र किया था। इसके अगले दिन शनिवार को गुजरात एटीएस सामाजिक कार्यकर्ता तीस्ता सीतलवाड़ के मुंबई स्थित घर पहुंची। उन्हें हिरासत में लिया गया है। सीतलवाड़ को सांताक्रूज पुलिस स्टेशन ले जाया गया। एटीएस की टीम उन्हें लेकर अहमदाबाद के लिए रवाना हो गई है।
इस बीच कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में 2002 गुजरात दंगे के मामले में तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ केस शुरू करवाने की साजिश रचने के आरोप में गुजरात एटीएस ने पूर्व डीजीपी श्रीकुमार व कार्यकर्ता तीस्ता सीतलवाड़ को गिरफ्तार करने की बात की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक, अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने तीस्ता सीतलवाड़ के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिसके बाद एटीएस ने शनिवार को उन्हें मुंबई से हिरासत में ले लिया।
बता दें कि गुजरात दंगों पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित एसआईटी में पीएम नरेंद्र मोदी समेत 55 राजनेताओं व अधिकारियों को मिली क्लीन चिट के खिलाफ जाकिया जाफरी ने याचिका की थी। कोर्ट ने शुक्रवार को यह कहते हुए उनकी याचिका को खारिज कर दिया कि कानून का दुरुपयोग करना ठीक नहीं।
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कोर्ट ने एसआईटी की तारीफ की और सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि जितने लोग कानून से खिलवाड़ करते हैं उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने तीस्ता सीतलवाड़ का भी नाम लिया और कहा कि सीतलवाड़ के खिलाफ और जांच की जरूरत है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, इससे पहले सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा था, ''भाजपा की विरोधी राजनीतिक पार्टियां, कुछ वैचारिक राजनीति में आए हुए पत्रकार और कुछ एनजीओ ने मिलकर..इस त्रिकूट ने मिलकर इन आरोपों को इतना प्रचारित किया.. और इनका इकोसिस्टम भी इतना मजबूत था कि धीरे-धीरे लोग झूठ को ही सत्य मानने लगे।
शाह ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हवाला देते हुए कहा कि अदालत ने भी कहा कि जाकिया जाफरी किसी ओर के इशारे पर काम कर रही थीं। शाह ने तीस्ता सीतलवाड़ का भी नाम लिया जिनका एनजीओ पूरे केस में खासा सक्रिय था। उन्होंने तहलका पत्रिका के स्टिंग ऑपरेशन का भी जिक्र किया और कहा कि अदालत ने उसको खारिज कर दिया है।
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इस बीच कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में 2002 गुजरात दंगे के मामले में तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ केस शुरू करवाने की साजिश रचने के आरोप में गुजरात एटीएस ने पूर्व डीजीपी श्रीकुमार व कार्यकर्ता तीस्ता सीतलवाड़ को गिरफ्तार करने की बात की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक, अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने तीस्ता सीतलवाड़ के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिसके बाद एटीएस ने शनिवार को उन्हें मुंबई से हिरासत में ले लिया।
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बता दें कि गुजरात दंगों पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित एसआईटी में पीएम नरेंद्र मोदी समेत 55 राजनेताओं व अधिकारियों को मिली क्लीन चिट के खिलाफ जाकिया जाफरी ने याचिका की थी। कोर्ट ने शुक्रवार को यह कहते हुए उनकी याचिका को खारिज कर दिया कि कानून का दुरुपयोग करना ठीक नहीं।
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कोर्ट ने एसआईटी की तारीफ की और सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि जितने लोग कानून से खिलवाड़ करते हैं उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने तीस्ता सीतलवाड़ का भी नाम लिया और कहा कि सीतलवाड़ के खिलाफ और जांच की जरूरत है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, इससे पहले सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा था, ''भाजपा की विरोधी राजनीतिक पार्टियां, कुछ वैचारिक राजनीति में आए हुए पत्रकार और कुछ एनजीओ ने मिलकर..इस त्रिकूट ने मिलकर इन आरोपों को इतना प्रचारित किया.. और इनका इकोसिस्टम भी इतना मजबूत था कि धीरे-धीरे लोग झूठ को ही सत्य मानने लगे।
शाह ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हवाला देते हुए कहा कि अदालत ने भी कहा कि जाकिया जाफरी किसी ओर के इशारे पर काम कर रही थीं। शाह ने तीस्ता सीतलवाड़ का भी नाम लिया जिनका एनजीओ पूरे केस में खासा सक्रिय था। उन्होंने तहलका पत्रिका के स्टिंग ऑपरेशन का भी जिक्र किया और कहा कि अदालत ने उसको खारिज कर दिया है।