गुजरात हाई कोर्ट ने कोरोना के चलते भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा पर लगाई रोक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोरोना वायरस की मार झेल रहे अहमदाबाद में 23 जून को होने वाली भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा अब नहीं निकलेगी। गुजरात उच्च न्यायालय ने आदेश दिया है कि कोरोना महामारी के चलते रथ यात्रा आयोजित नहीं की जाएगी।
मुख्य न्यायाधीश विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति जेबी पारडीवाला की खंडपीठ ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश के तहत रथ यात्रा से संबंधित सभी धार्मिक गतिविधियों पर रोक लगा दी। सुप्रीम कोर्ट ने पुरी की रथ यात्रा पर भी रोक लगाने का आदेश दिया है। गुजरात सरकार ने सूचित किया कि यात्रा लगभग 18 किमी के मार्ग को कवर करती है और लगभग 7-8 लाख लोग इसमें भाग लेंगे।
पुरी में भी पाबंदी
कोविड-19 महामारी को देखते हुए इस साल पुरी में भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा पर रोक लगाने के न्यायिक आदेश वापस लेने के लिए शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है।
मुख्य न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ ने गुरुवार को कहा था कि सार्वजनिक स्वास्थ्य और सुरक्षा के हित को ध्यान में रखते हुए इस साल पुरी में रथ यात्रा की अनुमति नहीं दी जा सकती। मुख्य न्यायाधीश ने कहा था कि अगर हम इस साल रथ यात्रा आयोजित होने देते तो भगवान जगन्नाथ हमें माफ नहीं करते।
पुरी के शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती और जगन्नाथ मंदिर के अन्य पुजारियों ने कहा कि रथ यात्रा को रोकने के अपने फैसले पर कोर्ट दोबारा विचार करे और जरूरी एहतियात के साथ आयोजन की मंजूरी दे। उन्होंने कहा कि कोर्ट कुछ ही सेवकों के साथ इस समारोह को आयोजित करने की मंजूरी दी जा सकती है।
Gujarat High Court has ordered that Lord Jagannath's Rath Yatra that was scheduled to take place on 23 June in Ahmedabad will not be held, in view of #COVID19 pandemic pic.twitter.com/NGNiMP3bKB
— ANI (@ANI) June 20, 2020