{"_id":"6379a3efec53e654bf34c5f8","slug":"gujarat-election-mood-of-the-people-on-pm-modi-rahul-gandhi-and-kejriwal-news-in-hindi","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gujarat Election Express: PM मोदी, राहुल-केजरीवाल पर क्या है लोगों का मूड? जानें राज्य के मुद्दे व जनता की राय","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Gujarat Election Express: PM मोदी, राहुल-केजरीवाल पर क्या है लोगों का मूड? जानें राज्य के मुद्दे व जनता की राय
सार
अमर उजाला ने दिल्ली से गुजरात के रास्ते महाराष्ट्र जाने वाली ट्रेन में लोगों की चुनावी बातों को सुना। गुजरात के लोगों की अंतिम राय इस बार क्या है, इसका फैसला तो आठ दिसंबर को ही होगा। आइए पढ़ते हैं इस सफर के बारे में...
विज्ञापन
गुजरात चुनाव के दौरान ट्रेन में चर्चा
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
गुजरात में चुनावी माहौल गर्म है। दो चरणों में होने वाले मतदान से पहले भाजपा, कांग्रेस, आम आदमी पार्टी समेत अन्य दल व निदर्लीय प्रत्याशी जनता के समर्थन के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा रहे हैं। गुजरात में एक और पांच दिसंबर को वोट डाले जाएंगे। इससे पहले भी दल और उनके दिग्गज नेताओं ने राज्य में अपना डेरा डाल रखा है।
विज्ञापन
इस बीच अमर उजाला ने दिल्ली से गुजरात के रास्ते महाराष्ट्र जाने वाली ट्रेन में लोगों की चुनावी बातों को सुना। गुजरात के लोगों की अंतिम राय इस बार क्या है और वे किसका समर्थन करेंगे, इसका फैसला तो आठ दिसंबर को ही होगा। आइए पढ़ते हैं इस सफर के बारे में...
विज्ञापन
दिल्ली के हजरत निजामुद्दीन स्टेशन पहुंचे तो उद्घोषणा हो रही थी....'यात्रीगण कृपया ध्यान दीजिए, हजरत निजामुद्दीन स्टेशन से चलकर मथुरा, कोटा, रतलाम,वढोदरा और सूरत के रास्ते बांद्रा टर्मिनस जाने वाली गाड़ी 12248 युवा एक्सप्रेस प्लेटफार्म नंबर सात पर लग चुकी है। ट्रेन अपने निर्धारित समय शाम 4:30 बजे स्टेशन से रवाना होगी।'
विज्ञापन
ट्रेन के स्टेशन छोड़ते ही रतलाम, वडोदरा, सूरत और मुंबई जाने वाले यात्री अपने-अपने मोबाइल में समाचार पढ़ते और सुनते नजर आते हैं। सभी की जुबान पर एक ही चर्चा है। कैसे दिल्ली की आम आदमी पार्टी सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन तिहाड़ जेल में मसाज करते हुए वीडियों में नजर आ रहे हैं। उन्हीं में से सूरत के रहने वाले एक शख्स बहस की लाइन तय करते हैं। वे लगभग घोषणा के अंदाज में कहते है-'सूरत में इस बार आम आदमी पार्टी का वजन दिख रहा है। समझो इस बार गुजरात केजरीवाल के हाथ में गया।' सब चेहरे पर आश्चर्य और सवाल लिए उनकी ओर ताकते हैं। तो वह समझाने की कोशिश करते हैं।
सूरत के कपड़ा व्यापारी मोहन भाई कहते है- 'दिल्ली, पंजाब में आम लोगों ने अरविंद केजरीवाल को जिताया है। गुजरात में इस बार हवा केजरीवाल की है। सूरत में तो नगर पालिका के चुनाव में आप ने भाजपा-कांग्रेस से अच्छा प्रदर्शन किया है। सत्येंद्र जैन का वीडियो भाजपा ने जानबूझकर फैलाया है। क्योंकि वह जानती है कि अगर केजरीवाल को उलझा कर रखेंगे। तो वह दिल्ली और गुजरात दोनों जगह ध्यान नहीं दे सकेंगे। लेकिन फिर भी मोदी के बराबर ही गुजरात के लोग केजरीवाल के भी मुरीद हैं।'
पास बैठे वडोदरा के जगन भाई के चेहरे पर अफसोस झलकने लगता है। कहते हैं, 'पिछली बार कांग्रेस पार्टी को वोट दिया था। लेकिन जीत हाथ से फिसल गई। इसके बाद पार्टी ऐसी टूटी की अब तक खड़ी नहीं हो सकी। कहने को राहुल गांधी पार्टी के बड़े नेता हैं, लेकिन गुजरात चुनाव के नतीजों के बाद तो वे राज्य में नजर तक नहीं आए। अगर थोड़ी मेहनत करते तो आज स्थिति कुछ और होती। आज कांग्रेस पार्टी की जगह केजरीवाल की पार्टी ने ले ली है। इस बार तो तय किया है कि हारने वाली पार्टी को वोट नहीं दूंगा।'
इस बीच सूरत के रहने वाले अमितेश जैन भी चर्चा में शामिल हो गए। बोले- 'देखों कोई कुछ भी करे, लेकिन जीत तो भाजपा की होगी। मोदी और शाह का गढ़ है हमारा गुजरात। पूरी सरकार दिल्ली से आ गई है। शनिवार की रात को प्रचार के लिए साहेब भी गुजरात पहुंच रहे हैं। तीन दिन वहीं रहेंगे। फिर देखना हमारे गुजरात का माहौल...राहुल गांधी तो दूर केजरीवाल पर भी झाडू चल जाएगी।'
विदेश नीति, सड़क इंफ्रास्टक्चर, रेलवे, जीएसटी से होते-होते बात कारोबार और आर्थिक नीति पर आ गई। अमितेश कहने लगे मोदी सरकार ने सभी फ्रंट पर जोरदार काम किया है। कांग्रेस और आप के पास कोई नीति नहीं है। उनका इतना कहना था कि पास बैठे एक वृद्ध नाराज हो गए। कहने लगे- 'सूरत रत्न और आभूषण उद्योग की अहम कड़ी हीरा उद्योग पर वैश्विक मंदी का असर दिखाई देने लगा है। कुछ दिनों में क्रिसमस आ रहा है। अमेरिकी बाजारों में खास मांग नहीं है। जबकि चीन के बाजार भी पूरे तरह से नहीं खुले हैं।'
बुजुर्ग हीरे के कारोबार से जुड़े है। फिर सहयात्रियों को बारीकि समझाते हुए कहते हैं, 'करोबार में तेजी से गिरावट आ रही है। सबसे ज्यादा बड़े आकार वाले हीरे की मांग प्रभावित हुई है। भारतीय हीरे का सबसे बड़ा बाजार अमेरिका है। लेकिन वहां से भी मांग लगातार प्रभावित हो रही है। लोग भी शौक पूरा करने के लिए कृत्रिम हीरा ले रहे हैं। मांग कम होने के कारण हीरे के दाम भी कम हो रहे हैं।'
वडोदरा के एक इंजीनियरिंग कॉलेज में पढ़ने वाले आरिफ को भी इस मुद्दे पर कुछ कहना था। बोले- 'अरे जनता की कौन सोचता है। फिर भी जनता समय आने पर बदला ले लेती है। अगले कुछ दिन में जवाब देगी जनता। बेबाक होकर आरिफ बोलता है- जो कॉमन वोटर है वो अपनी बातें दिल में रखता है। कहता नहीं, बस सीधे बटन दबाता है। जो सुनने और सुनाने वाले हैं, थोड़े से हैं। आज गुजरात का युवा वर्ग मुफ्त की रेवड़ी और पर्चा लीक से नाराज है। गावों में प्राथमिक शिक्षा की हालत खराब है। नौकरियां पहले की मुकाबले कम हो गई हैं। महंगाई के साथ बेरोजगारी तेजी से बढ़ रही है।
इसी बीच बुजुर्ग के साथ मौजूद साथी टोकते हुए कहते हैं, हर पांच साल में चुनाव होते हैं। राजनीतिक दल लुभावने वादों से जनता को रिझाने का प्रयास करते हैं। लेकिन सरकार बनने के बाद वादे से सब हवा हो जाते हैं। पूरे गुजरात में विकास के तमाम काम हुए लेकिन फिर भी गांवों की सड़कों की हालत खस्ता है। शहरों में आवारा पशु और सुरक्षा का बड़ा मुद्दा है। बड़े शहरों में बिजली, पानी, ट्रैफिक के साथ पार्किंग बड़ा मुद्दा है। किसान भी आज एमएसपी और आवारा पशु की समस्या से त्रस्त है।
रात करीब 10 बजे बाद कोटा के गुजरने के बाद सभी सोने के लिए अपनी बर्थ को खोलने के लिए बढ़ते हैं। तभी सूरत में आयकर विभाग में काम करने वाले एक शख्स पूरी बात को कन्क्लूड करने का जिम्मा लेते हैं। कहते हैं, 'भाजपा जीते या फिर आप या कांग्रेस। गरीब तो गरीब ही रहेगा। अमीर और अमीर होता जाएगा। गुजरात क्या पूरे इंडिया की यही कहानी है। जनता को झुनझना समझते हैं यह नेता लोग।'
इस बात पर दुष्यंत कुमार की लाइनें याद आ जाती है- जिस तरह चाहो बजाओ। इस सभा में हम नहीं आदमी, हम झुनझुने हैं।