{"_id":"5a2f05564f1c1b4c528b8d9b","slug":"growth-rate-can-be-7-5-percent-in-2018-year","type":"story","status":"publish","title_hn":"\"साल 2018 में 7.5 फीसदी हो जाएगी भारत की विकास दर\"","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
"साल 2018 में 7.5 फीसदी हो जाएगी भारत की विकास दर"
एजेंसी / सिंगापुर
Updated Tue, 12 Dec 2017 03:53 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वैश्विक निवेश बैंक नोमुरा ने संभावना जताई है कि साल 2018 में भारत की अर्थव्यवस्था 7.5 फीसदी की दर से आगे बढ़ेगी और यह चक्रीय सुधार की ओर अग्रसर है। नोमुरा ने कहा कि भारत की सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) विकास दर चालू वर्ष की दूसरी तिमाही में 5.7 फीसदी के निचले स्तर पर पहुंच गई थी, जबकि तीसरी तिमाही में यह बढ़कर 6.3 फीसदी के स्तर पर रही।
वैश्विक बैंक ने अनुमान जताया है कि चौथी तिमाही में विकास दर का आंकड़ा 6.7 फीसदी रहेगा, जबकि इस पूरे साल की विकास दर 6.2 फीसदी रहेगी, जो साल 2018 में बढ़कर 7.5 फीसदी पर पहुंच जाएगी। नोमुरा ने अपने एशियाई आर्थिक परिदृश्य 2018 में कहा कि हम भारत के वृहद आर्थिक परिदृश्य के प्रति आश्वस्त हैं।
पढ़ें- पूर्व RBI गवर्नर ने जताई अर्थव्यवस्था में मजबूती की उम्मीद, कहा- सरकार उठाए जरूरी कदम
विज्ञापन
भारतीय अर्थव्यवस्था चक्रीय सुधार की दिशा में अग्रसर है और सरकार द्वारा संरचनात्मक सुधार तथा विवेकपूर्ण आर्थिक नीतियों को लागू करना जारी है। इसके ठोस लाभ के बारे में बताना फिलहाल कठिन हो सकता है, लेकिन समय बीतने के साथ यह विकास के लिए सकारात्मक होगा। एजेंसी
विज्ञापन
वैश्विक बैंक ने अनुमान जताया है कि चौथी तिमाही में विकास दर का आंकड़ा 6.7 फीसदी रहेगा, जबकि इस पूरे साल की विकास दर 6.2 फीसदी रहेगी, जो साल 2018 में बढ़कर 7.5 फीसदी पर पहुंच जाएगी। नोमुरा ने अपने एशियाई आर्थिक परिदृश्य 2018 में कहा कि हम भारत के वृहद आर्थिक परिदृश्य के प्रति आश्वस्त हैं।
विज्ञापन
पढ़ें- पूर्व RBI गवर्नर ने जताई अर्थव्यवस्था में मजबूती की उम्मीद, कहा- सरकार उठाए जरूरी कदम
विज्ञापन
भारतीय अर्थव्यवस्था चक्रीय सुधार की दिशा में अग्रसर है और सरकार द्वारा संरचनात्मक सुधार तथा विवेकपूर्ण आर्थिक नीतियों को लागू करना जारी है। इसके ठोस लाभ के बारे में बताना फिलहाल कठिन हो सकता है, लेकिन समय बीतने के साथ यह विकास के लिए सकारात्मक होगा। एजेंसी