{"_id":"6058ca698ebc3ecbe1297519","slug":"green-delhi-committee-to-monitor-central-ridge-project-government-will-replace-kikar-tree-with-mango-and-guava-tree","type":"story","status":"publish","title_hn":"ग्रीन दिल्ली : सेंट्रल रिज प्रोजेक्ट की निगरानी के लिए कमेटी, कीकर की जगह आम-अमरूद के पेड़ लगाएंगे","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
ग्रीन दिल्ली : सेंट्रल रिज प्रोजेक्ट की निगरानी के लिए कमेटी, कीकर की जगह आम-अमरूद के पेड़ लगाएंगे
Mon, 22 Mar 2021 10:18 PM IST
सुरेंद्र जोशी
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: सुरेंद्र जोशी
Updated Mon, 22 Mar 2021 10:18 PM IST
सार
- दिल्ली में हरियाली को बढ़ाने के लिए राज्य सरकार ने उठाया बड़ा कदम
- सेंट्रल रिज कमेटी हर 15 दिन में करेगी बैठक, लेगी अहम निर्णय
विज्ञापन
Green Delhi app
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
दिल्ली में हरियाली बढ़ाने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सेंट्रल रिज प्रोजेक्ट की निगरानी के लिए छह सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है। यह हर 15 दिन में बैठक कर राजधानी में हरियाली बढ़ाने के संदर्भ में महत्वपूर्ण फैसले लेगी। सरकार 423 हेक्टेयर क्षेत्र से कीकर के पेड़ों को हटाकर उनकी जगह आम, अमरूद, जामुन जैसे स्थानीय पौधों को लगाएगी। विशेषज्ञों का कहना है कि कीकर के पेड़ ज्यादा पानी अवशोषित करते हैं और पर्यावरण को ज्यादा लाभ नहीं पहुंचाते हैं।
विज्ञापन
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि दिल्ली सरकार ने यह निर्णय लिया है कि सेंट्रल रिज पारिस्थितिक बहाली प्रोजेक्ट को अंतर्राष्ट्रीय मानकों के आधार पर विकसित किया जाए। छह सदस्यों वाली सेंट्रल रिज कमेटी का प्रमुख पर्यावरण विभाग का सचिव होगा और उसकी निगरानी में यह कमेटी काम करेगी।
विज्ञापन
पांच साल में लगेंगे नए पौधे
प्रोजेक्ट के तहत पांच साल में 423 हेक्टेयर क्षेत्र से कीकर को हटाकर स्थानीय प्रजाति के पौधे लगाने का काम किया जाएगा। इसका पूरा क्षेत्रफल 800 हेक्टेयर के करीब है। पौधों को विशेष तकनीकी से हटाया जाएगा।
विज्ञापन
कमेटी समय पर पूरा कराएगी काम
जानकारी के मुताबिक 16 मार्च को दिए गए एक आदेश के आधार पर इस कमेटी का गठन किया गया है। वन और वन्यजीव विभाग के प्रमुख सचिव पर्यावरण विभाग की अध्यक्षता में सलाहकार समिति काम करेगी। यह कमेटी सेंट्रल रिज पारिस्थितिक बहाली प्रोजेक्ट को समय पर पूरा कराने का काम करेगी।
कितना है यह क्षेत्र
यह पूरा क्षेत्र लगभग 800 हेक्टेयर में पसरा हुआ है। इसमें दिल्ली का बेहद प्रसिद्ध बुद्धा जयंती पार्क, तालकटोरा स्टेडियम और दिल्ली कैंटोनमेंट का क्षेत्र आता है। इसमें से सेंट्रल रिज प्रोजेक्ट के तहत 423 हेक्टेयर क्षेत्र को दुबारा हरितकरण किया जाएगा। सबसे पहले इसे विलायती कीकर से मुक्त किया जाएगा। इसके बाद स्थानीय प्रजाति के पौधे लगाए जाएंगे। इसके अलावा जिन स्थानों पर कीकर नहीं हैं वहां पर स्थानीय प्रजाति के पौधे लगाने का काम शुरू किया जाएगा।
तितलियों के लिए बनेगी सफारी
सेंट्रल रिज प्रोजेक्ट में विशेष प्रकार के घास के मैदान विकसित किए जाएंगे जो तितली और पक्षियों को बेहद प्रिय होते हैं। सरकार को उम्मीद है कि अगर तितलियों की पसंद-नापसंद को ध्यान में रखकर विशेष मैदान तैयार किए जाएंगे तो यहां स्थानीय तितलियों को पलने का विशेष वातावरण मिल सकेगा। यह क्षेत्र बच्चों के लिए बेहद आकर्षक टूरिस्ट स्पॉट की तरह भी विकसित किया जाएगा।