आरएसएस में घमासान, वेलिंगकर को हटाने पर 300 कार्यकर्ताओं ने दी इस्तीफे की धमकी
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आरएसएस के गोवा चीफ सुभाष वेलिंगकर को उनके पद से हटाने के बाद संघ में घमासान शुरू हो गया है। 300 से ज्यादा कार्यकर्ताओं ने उनका निलंबन वापस न लेने के विरोध में इस्तीफे की धमकी दे डाली है।
कार्यकर्ताओं ने ये भी चेतावनी दी है कि अगर उनकी बात नहीं मानी जाती है तो अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों में भाजपा की हार के लिए काम किया जाएगा। वहीं वेलिंगकर ने रक्षा मंत्री और गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर परिकर पर हमला बोलते हुए कहा कि वह मेरे सामने बड़े हुए और अब मुझे ही धोखा दे दिया।
बता दें कि कुछ दिन पहले ही आरएसएस ने गोवा ईकाई के प्रमुख सुभाष वेलिंगकर को उनके पद से हटा दिया था। उन पर आरोप था कि वह लगातार भाजपा की नीतियों का विरोध कर रहे हैं। कुछ दिन पहले भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के गोवा दौरे के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने उन्हें काले झंडे भी दिखाए थे। इस पर संघ ने उनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए कहा था कि वह पार्टी की परंपरा से हटकर इसके विरुद्ध कार्य कर रहे हैं।
अमित शाह के विरोध के बाद आरएसएस ने की थी कार्रवाई
वहीं इस मामले में वेलिंगकर का समर्थन कर रहे संघ के ही सदस्य प्रवीण नेसवनकर ने कहा कि अगर वेलिंगकर को बहाल नहीं किया जाता है तो हम सभी लोग संघ से इस्तीफा दे देंगे।
बुधवार को बड़ी संख्या में वेलिंगकर का समर्थन कर रहे संघ के सदस्यों ने इमरजेंसी बैठक कर वेलिंगकर के निलंबन पर चर्चा की। संघ की ही शाखा भारतीय भाषा सुरक्षा मंच के संयोजक सुभाष वेलिंगकर अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों को मिलने वाली ग्रांट वापस लेने के लिए लड़ाई लड़ रहे थे।
इसको लेकर उनका लगातार संघ और पार्टी दोनों से टकराव बना हुआ था। वहीं उनके समर्थक नेसवनकर ने कहा अब आरएसएस कार्यकर्ता गोवा विधानसभा चुनावों के लिएकाम करेंगे। हम राज्य में किसी भी हाल में भाजपा को नहीं जीतने देंगे। वहीं साउथ जिले के अध्यक्ष रामदास सर्राफ ने कहा कि स्वयंसेवक किसी भी हाल में तब तक आरएसएस के लिए कार्य नहीं करेंगे जब तक वह वेलिंगकर का निलंबन वापस नहीं लेते।