फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Girl kidnapped in WB: CBI takes over case; 'political functionaries' role to be probed

West Bengal: CBI ने अपने हाथ में लिया किशोरी के अपहरण का मामला, राजनीतिक पदाधिकारियों की भूमिका की होगी जांच

Mon, 19 Feb 2024 07:19 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: निर्मल कांत Updated Mon, 19 Feb 2024 07:19 PM IST
सार

West Bengal: बर्धमान जिले से पिछले साल एक किशोरी के अपहरण के मामले की जांच का जिम्मा सीबीआई ने अपने हाथों में लिया है। इस मामले में राजनीतिक पदाधिकारियों की भूमिका की भी जांच हो सकती है। 

विज्ञापन
Girl kidnapped in WB: CBI takes over case; 'political functionaries' role to be probed
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

पश्चिम बंगाल के बर्धमान जिले में एक किशोरी के कथित अपहरण की जांच का जिम्मा केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने अपने हाथों में लिया है। इस मामले में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के पदाधिकारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी। 

विज्ञापन

किशोरी (14 वर्षीय) के माता-पिता ने कलकत्ता उच्च न्यायालय में एक याचिका दाखिल की है। जिसमें आरोप लगाया था कि उनकी बेटी नौ अगस्त 2023 की शाम छह बजे अपनी पढ़ाई के लिए घर से निकली थी। लेकिन वापस घर नहीं लौटी। केंद्रीय एजेंसी की यह कार्रवाई अदालत के निर्देशों पर शुरू की गई है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

याचिका में किशोरी के माता-पिता ने कहा है कि स्थानीय पुलिस जांच नहीं करना चाहती थी। बहुत आग्रह करने के बाद उसने एक मामला दर्ज किया। लेकिन इस मामले जांच को आगे नहीं बढ़ाया। अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने उसी महीने 17 अगस्त को राज्य अपराध जांच विभाग (सीआईडी) की मानव तस्करी रोधी इकाई में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उच्च न्यायालय ने इस साल आठ फरवरी को मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी। 

विज्ञापन

इसके बाद उच्च न्यायालय ने लड़की के माता-पिता की ओर से लगाए गए आरोपों का हवाला देते हुए कहा था कि दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। लेकिन कानूनी अवधि के भीतर जांच पूरी नहीं की गई है। जिसके कारण सह-आरोपी को जमानत दी गई थी। इस बीच, बदमाश किशोरी के माता-पिता और परिवार के सदस्यों धमकी दे रहे थे। 

'माता-पिता पर मामले को निपटाने का दबाव डाला'
उच्च न्यायालय ने कहा, माता-पिता ने आरोप लगाया है कि बदमाशों का एक समूह उनके घर आया था। जहां पैसे से मामले को निपटाने का उन पर दबाव डाला गया। उन्होंने माता-पिता को यह भी बताया कि उनकी लड़की को बेच दिया गया है। उनकी ओर से यह भी आरोप लगाया गया था कि पुलिस ने जानबूझकर जांच में देरी की और विभिन्न राज्यों के सीमावर्ती इलाकों में कोई जानकारी नहीं भेजी। 

अदालत ने कहा, उनकी ओर से यह कहा गया है कि जिन दो आरोपियों को सूचना के आधार पर गिरफ्तार किया गया है और जिन्हें वैधानिक जमानत दी गई है, वे सत्तारूढ़ व्यवस्था के राजनीतिक पदाधिकारी हैं और राजनीतिक रूप से कुछ ताकतवर लोगों के बहुत करीबी हैं। 

राज्य पुलिस की जांच में स्पष्ट खामियां: उच्च न्यायालय
इस पर राज्य पुलिस ने कहा था कि उन्होंने लड़की की तस्वीर को अखबारों के जरिए प्रसारित की थी। गिरफ्तार किए गए और जमानत पर रिहा किए गए संदिग्धों की जांच की थी और उनकी गतिविधियों पर भी नजर रखी थी। इसके बाद उच्च न्याायलय ने कहा था कि राज्य पुलिस की जांच में खामियां स्पष्ट हैं। 

जांच एजेंसियों को करना चाहिए था ये काम
न्यायमूर्ति जय सेन गुप्ता ने कहा था, जांच एजेंसी को मिले समय का इस्तेमाल मामले की आगे की जांच के लिए करना चाहिए था। उदाहरण के लिए पीड़िता की तस्वीरों को नजदीकी राज्यों को भेजना, गृहमंत्रालय को सूचित करना और इस संबंध में जरूरी मदद मांगना और यहां तक उचित चैनलों के जरिए पड़ोसी देश की कानून प्रवर्तन एजेंसियों से संपर्क करना चाहिए था। 

उच्च न्यायालय ने सीबीआई को सौंपा था फैसला
अदालत ने कहा था कि वह जांच एजेंसी को यह नहीं बता सकती कि जांच कैसे की जाए। इसने कहा था कि पुलिस गिरफ्तार व्यक्तियों का नार्को-टेस्ट कराने का आग्रह कर सकती थी और उन लोगों से पूछताछ कर सकती थी, जिन्होंने परिवार को धमकी दी थी। उच्च न्यायालय ने कहा था, एक महीने के अंतराल में बच्ची का पता लगाने में स्थानीय पुलिस और सीआईडी की असमर्थता और इस तथ्य पर विचार करते हुए कि मामले की जांच के लिए अन्य राज्यों या देशों की मदद की आवश्यकता हो सकती है, मामले की जांच सीबीआई की स्थानांतरित की जाती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed