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चार महिलाओं ने सबरीमाला मंदिर में दर्शन के लिए मांगी पुलिस सुरक्षा, हाईकोर्ट में दाखिल की याचिका
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम
Updated Fri, 23 Nov 2018 05:25 PM IST
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केरल हाईकोर्ट में 4 महिलाओं ने याचिका दाखिल कर सबरीमाला दर्शन के दौरान पुलिस सुरक्षा की मांग की है। समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, उन्होंने अदालत से राज्य सरकार को उन लोगों को सुरक्षा प्रदान करने का निर्देश देने की भी मांग की है जिनको धमकी दी गई है। इसके साथ उन्होंने सबरीमाला में महिलाओं के दर्शन करने के लिए अलग दिन आरक्षित करने की भी मांग की है।
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4 women file petition at Kerala HC seeking police protection for #Sabarimala darshan & seeking directions from court for state govt to ensure the protection to them who are facing life threat. They also demanded particular days reserved for only women's entry in the temple
— ANI (@ANI) November 23, 2018विज्ञापन
उधर, सबरीमाला विवाद पर टिप्पणी करने वाले केरल भाजपा अध्यक्ष पीएस श्रीधरन पिल्लई, मंदिर के पुजारी और तीन अन्य के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अवमानना याचिका दायर की गई है। बता दें कि इससे पहले सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने फाइल याचिका को मंजूरी दे दी थी, इसलिए याचिकाकर्ताओं ने सीधे सर्वोच्च न्यायालय में आवेदन दायर किया है।
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उल्लेखनीय है कि इससे पहले गुरुवार को सबरीमाला मंदिर पर जारी विवाद को लेकर केरल के एक मंत्री के खिलाफ फेसबुक पर पोस्ट डालने वाले मंदिर के मुख्य पुजारी टी. माधवन नंबूदरी को हटा दिया गया। बता दें कि माधवन ने राज्य के देवासम मंत्री के. सुरेंद्रन के खिलाफ फेसबुक पर एक पोस्ट किया था, जिसमें अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया था। यह मंदिर मालाबार देवासम बोर्ड के अधीन आता है। बोर्ड मालाबार (उत्तरी केरल) में मंदिरों का संचालन करता है।
बुधवार को कासरगोड में हुई बोर्ड की बैठक में मंदिर के मुख्य पुजारी माधवन को हटाने का निर्णय हुआ था। हालांकि, माधवन ने दावा किया कि वह इस मंदिर के अनुवांशिक ट्रस्टी हैं और उन्हें कोई हटा नहीं सकता। सबरीमाला मंदिर विवाद को लेकर भाजपा के प्रदेश महासचिव सुरेंद्रन की गिरफ्तारी के बाद माधवन ने देवासम मंत्री के खिलाफ पोस्ट डालकर अपनी भड़ास निकाली थी। भाजपा नेता को 18 नवंबर को गिरफ्तार किया गया था और वह न्यायिक हिरासत में हैं।