{"_id":"5946b3434f1c1be6498b46f6","slug":"fever-gripped-kerala-so-far-103-deaths","type":"story","status":"publish","title_hn":"फीवर की चपेट में केरल, अब तक 103 की मौत","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
फीवर की चपेट में केरल, अब तक 103 की मौत
एजेंसी/ तिरुवनंतपुरम
Updated Sun, 18 Jun 2017 10:37 PM IST
विज्ञापन
केरला
- फोटो : ie
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केरल में इस साल जनवरी से अभी तक विभिन्न प्रकार के बुखारों की वजह से 100 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। इस बीच सरकार ने लोगों से रविवार को अपील करते हुए कहा कि वह युद्धस्तर पर जन स्वच्छता अभियान में शामिल हों। स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों के मुताबिक, महिलाओं एवं बच्चों सहित 103 व्यक्तियों की एच1एन1, लेप्टोस्पाइरोसिस और डेंगू सहित विभिन्न तरह के बुखारों से मौत हो चुकी है। इनमें से 53 व्यक्तियों की मौत एच1एन1 से और 13 की डेंगू से हुई है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने कहा कि गंदगी जमा होने से मच्छरों के प्रजनन को बुखार और अन्य संचारी रोग फैलने का प्रमुख कारण माना गया है। उन्होंने कहा कि बीमारियों को दूर रखने के लिए सामाजिक स्वच्छता जरूरी है। विजयन ने इस बात पर जोर दिया कि राजनीतिक पार्टी के कार्यकर्ताओं, स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों और सामाजिक सांस्कृतिक संगठनों और विभिन्न क्लब के सदस्यों को युद्धस्तर पर स्वच्छता अभियान में हिस्सा लेना चाहिए।
विज्ञापन
इसको लेकर विपक्ष के नेता रमेश चेनीथाला ने विजयन के आधिकारिक आवास पर उनसे मुलाकात की और इस समस्या से निदान पाने के लिए कुछ सुझावों के साथ ज्ञापन सौंपा। उन्होंने ज्ञापन में कहा कि जनवरी से अभी तक कथित रूप से 117 लोगों की बुखार की वजह से मौत हो चुकी है। वहीं करीब 20 हजार लोगों ने इस दौरान इलाज के लिए अस्पतालों के चक्कर काटे हैं। महिलाओं व बच्चों के अलावा युवा भी बुखार की चपेट में हैं। चेनीथाला ने इसे आपातकाल की स्थिति करार दिया।
विज्ञापन