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विपक्ष के भारी हंगामे के बीच राज्यसभा से पास हुआ कृषि विधेयक, जानें किसने क्या कहा

Sun, 20 Sep 2020 03:42 PM IST
Sneha Baluni न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Sneha Baluni Updated Sun, 20 Sep 2020 03:42 PM IST
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farm bill passed from rajyasabha from voice vote amid opposition uproar congress tmc dmk shivsena pm modi
सदन में हंगामा करते विपक्षी दल के सांसद - फोटो : ANI

राज्यसभा से विपक्ष के भारी हंगामे और नारेबाजी के बीच कृषि संबंधी दो विधेयक पास हो गए हैं। इन विधेयकों को ध्वनि मत से पारित किया गया है। उच्च सदन में कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने विधेयक के पक्ष में जवाब दिया। इस दौरान असंतुष्ट विपक्षी सांसदों ने जोरदार हंगामा किया। कांग्रेस और आप के सांसद जहां वेल में पहुंच गए। वहीं तृणमूल कांग्रेस के सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने रूल बुक फाड़ दी। इतना ही नहीं सांसदों ने आसन के सामने लगे माइक को तोड़ दिया। इस कारण राज्यसभा की कार्यवाही को थोड़ी देर के लिए स्थगित भी करना पड़ा। ऐसे में जानें किस पार्टी ने चर्चा के दौरान क्या-क्या कहा-

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विधेयकों पर सहमति किसानों के डेथ वारंट पर हस्ताक्षर करने जैसा
विधेयक पर चर्चा के दौरान कांग्रेस सांसद प्रताप सिंह बाजवा ने कहा, 'पार्टी इस विधेयक का विरोध करती है। पंजाब और हरियाणा के किसानों का मानना है कि ये उनकी आत्मा पर हमला है। इन विधेयकों पर सहमति किसानों के डेथ वारंट पर हस्ताक्षर करने जैसा है। कांग्रेस इन दुर्भावनापूर्ण और गलत समय पर पेश किए गए विधेयकों का विरोध करती है।'
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सरकार आश्वासन दे कि विधेयक पारित होने के बाद किसान नहीं करेंगे आत्महत्या
शिवसेना सांसद संजय राउत ने राज्यसभा में कहा, 'क्या सरकार देश को आश्वस्त कर सकती है कि कृषि सुधार विधेयकों के पारित होने के बाद, किसानों की आय दोगुनी हो जाएगी और कोई भी किसान आत्महत्या नहीं करेगा? इन विधेयकों पर चर्चा करने के लिए एक विशेष सत्र बुलाया जाना चाहिए।' क्या सरकार भरोसा दे सकती है कि विधेयक पास होने के बाद किसानों की आय दोगुनी हो जाएगी और आगे देश में कोई भी किसान आत्महत्या नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने बताया था कि विधेयक को लेकर अफवाह फैलाई जा रही है, ऐसे में मैं पूछना चाहता हूं कि क्या अफवाह पर ही एक मंत्री ने इस्तीफा दिया।

ये भी पढ़ें- राज्यसभा से भी कृषि विधेयक पास, नड्डा बोले- कांग्रेस के दोहरे चरित्र से वाकिफ हैं किसान

ये सरकार सिर्फ वादे करती है
राज्यसभा में टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कृषि विधेयकों पर कहा, 'प्रधानमंत्री ने कहा कि विपक्ष किसानों को गुमराह कर रहा है। आपने (केंद्र) 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने को कहा है। लेकिन मौजूदा दरों पर, किसान की आय 2028 से पहले दोगुनी नहीं होगी। वादे करने को लेकर आपकी विश्वसनीयता कम है। ये सरकार सिर्फ वादे करती है। दो करोड़ नौकरियां कहां हैं।'

विधेयकों पर बहस या चर्चा नहीं चाहता सत्ता पक्ष

समाजवादी पार्टी के सांसद राम गोपाल यादव ने राज्यसभा में कहा, 'ऐसा प्रतीत होता है कि सत्ता पक्ष इन विधेयकों पर बहस या चर्चा नहीं चाहता है। वे केवल इन विधेयकों के माध्यम से भाग रहे हैं। आपने किसी भी किसान संघ से परामर्श तक नहीं किया है।'

विधेयकों द्वारा किसानों को बनाया जाएगा गुलाम
राज्यसभा में डीएमके सांसद टीकेएस इलांगोवन ने कृषि विधेयकों पर कहा, 'देश के कुल जीडीपी में कम से कम 20 प्रतिशत का योगदान करने वाले किसानों को इन विधेयकों द्वारा गुलाम बनाया जाएगा। यह किसानों को मार देगा और उन्हें एक उपयोगी वस्तु बना देगा।'

पीएम बताएं किसानों की आय कैसे होगी दोगुनी
पूर्व प्रधानमंत्री और जेडीएस के सांसद एचडी देवगौड़ा राज्यसभा में कहा, 'प्रधानमंत्री को बताना चाहिए कि महामारी के मद्देनजर विधेयक पास कराने की जल्दबाजी क्यों है। उन्हें यह बताना चाहिए कि लघु और दीर्घावधि में कृषक समुदाय के लिए कृषि विधेयक क्या करेंगे और इससे किसानों की आय दोगुनी करने के सरकार के लक्ष्य को प्राप्त करने में कैसे मदद मिलेगी।'

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