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एक्सप्लेनर: 21 देशों वाला ब्रिक्स कितना ताकतवर, भारत के लिए कितना बड़ा कारोबारी बाजार?

Sat, 12 Sep 2026 05:04 PM IST
रिया दुबे स्पेशल डेस्क, अमर उजाला
स्पेशल डेस्क, अमर उजाला Published by: रिया दुबे Updated Sat, 12 Sep 2026 05:04 PM IST
सार

ब्रिक्स का बढ़ता दायरा इसे दुनिया की बड़ी आर्थिक ताकतों में शामिल करता है। 11 सदस्य देशों से शुरू हुआ यह समूह अब साझेदार देशों को मिलाकर 21 देशों तक पहुंच चुका है। बड़ी आबादी, विशाल जीडीपी और तेजी से बढ़ते व्यापार ने इसे वैश्विक अर्थव्यवस्था का अहम केंद्र बना दिया है। आइए विस्तार से जानते हैं।

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Explainer: How Powerful Is BRICS, and How Big a Business Market Is It for India?
ब्रिक्स 2026 - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ब्रिक्स बिजनेस फोरम को संबोधित करते हुए ब्रिक्स की बढ़ती आर्थिक ताकत का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि ब्रिक्स देश दुनिया की 50 फीसदी आबादी का प्रतिनिधित्व करते हैं। वैश्विक जीडीपी में इनकी हिस्सेदारी 40 फीसदी है, जबकि वैश्विक व्यापार में इनकी हिस्सेदारी 25 फीसदी से ज्यादा है। पीएम ने कहा कि पिछले वर्षों में वैश्विक जीडीपी करीब 2.5 गुना बढ़ी है, वहीं ब्रिक्स देशों की संयुक्त जीडीपी करीब 4.5 गुना बढ़ी है। ऐसे में आइए जानते हैं कि ब्रिक्स में शामिल किस देश की आर्थिक ताकत कितनी बड़ी है? आबादी, जीडीपी और व्यापार के आंकड़ों में कौन कहां है? 

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ब्रिक्स में कितने देश शामिल हैं?

  • ब्रिक्स में अभी कुल 21 देश जुड़े हैं। इनमें 11 पूर्ण सदस्य देश और 10 साझेदार देश हैं।
  • पूर्ण सदस्य देश: ब्राजील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इथियोपिया, ईरान, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात और इंडोनेशिया।
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  • साझेदार देश: बेलारूस, बोलीविया, क्यूबा, कजाकिस्तान, मलेशिया, नाइजीरिया, थाईलैंड, युगांडा, उज्बेकिस्तान और वियतनाम।
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चीन की आबादी और जीडीपी कितनी?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, चीन की आबादी 141.22 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का करीब 17 फीसदी है। आबादी के लिहाज से चीन दुनिया में दूसरे नंबर पर है।अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष यानी आईएमएफ के अनुसार, 2026 में चीन की नाममात्र जीडीपी 20.85 ट्रिलियन डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 4.4 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 14,874 डॉलर है। विश्व बैंक के मुताबिक, 2025 में चीन की प्रति व्यक्ति आय 14,230 डॉलर रही।

भारत की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, भारत की आबादी 147.92 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का करीब 17.8 फीसदी है। आबादी के लिहाज से भारत दुनिया में पहले नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में भारत की नाममात्र जीडीपी 4.15 ट्रिलियन डॉलर है। इस साल भारत की जीडीपी वृद्धि दर 6.5 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 2,813 डॉलर है। भारत की प्रति व्यक्ति आय 2,760 डॉलर है।

रूस की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, रूस की आबादी 14.30 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 1.7 फीसदी है। आबादी के लिहाज से रूस दुनिया में नौवें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में रूस की नाममात्र जीडीपी 2.66 ट्रिलियन डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 1.1 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 18,525 डॉलर है। रूस में प्रति व्यक्ति आय 15,960 डॉलर है।

Explainer: How Powerful Is BRICS, and How Big a Business Market Is It for India?
ब्रिक्स देशों - फोटो : Amar Ujala

ब्राजील की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, ब्राजील की आबादी 21.38 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 2.6 फीसदी है। आबादी के लिहाज से ब्राजील दुनिया में सातवें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में ब्राजील की नाममात्र जीडीपी 2.64 ट्रिलियन डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 1.9 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 12,313 डॉलर है। ब्राजील में प्रति व्यक्ति आय 10,550 डॉलर है।

इंडोनेशिया की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, इंडोनेशिया की आबादी 28.84 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 3.5 फीसदी है। आबादी के लिहाज से इंडोनेशिया दुनिया में चौथे नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में इंडोनेशिया की नाममात्र जीडीपी 1.54 ट्रिलियन डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 5 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 5,362 डॉलर है। इंडोनेशिया में प्रति व्यक्ति आय 5,120 डॉलर है।

सऊदी अरब की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, सऊदी अरब की आबादी 3.53 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.42 फीसदी है। आबादी के लिहाज से सऊदी अरब दुनिया में 47वें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में सऊदी अरब की नाममात्र जीडीपी 1.39 ट्रिलियन डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 3.1 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 37,811 डॉलर है। सऊदी अरब में प्रति व्यक्ति आय 36,070 डॉलर है।

संयुक्त अरब अमीरात की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, यूएई की आबादी 1.17 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.14 फीसदी है। आबादी के लिहाज से यूएई दुनिया में 86वें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में यूएई की नाममात्र जीडीपी 621.55 अरब डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 3.1 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 54,214 डॉलर है। यूएई में 2024 में प्रति व्यक्ति आय 51,550 डॉलर थी। 

ईरान की आबादी और उसकी जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, ईरान की आबादी 9.34 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 1.1 फीसदी है। आबादी के लिहाज से ईरान दुनिया में 17वें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में ईरान की नाममात्र जीडीपी 300.29 अरब डॉलर है। युद्ध की वजह से इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर -6.1 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 3,415 डॉलर है। ईरान में प्रति व्यक्ति आय 4,650 डॉलर है। 

दक्षिण अफ्रीका की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, दक्षिण अफ्रीका की आबादी 6.56 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.79 फीसदी है। आबादी के लिहाज से दक्षिण अफ्रीका दुनिया में 24वें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में दक्षिण अफ्रीका की नाममात्र जीडीपी 479.96 अरब डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 1 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 7,503 डॉलर है। दक्षिण अफ्रीका में प्रति व्यक्ति आय 6,270 डॉलर है। 

मिस्र की आबादी कितनी है और उसकी जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, मिस्र की आबादी 12.05 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 1.4 फीसदी है। आबादी के लिहाज से मिस्र दुनिया में 13वें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में मिस्र की नाममात्र जीडीपी 429.64 अरब डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 4.2 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 3,904 डॉलर है। मिस्र में प्रति व्यक्ति आय 3,260 डॉलर है। 

इथियोपिया की आबादी कितनी है और उसकी जीडीपी कितनी है?

वर्ल्डओमीटर के अनुसार, इथियोपिया की आबादी 13.95 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 1.7 फीसदी है। आबादी के लिहाज से इथियोपिया दुनिया में 10वें नंबर पर है।

आईएमएफ के अनुसार, 2026 में इथियोपिया की नाममात्र जीडीपी 121.53 अरब डॉलर है। इस साल उसकी जीडीपी वृद्धि दर 9.2 फीसदी रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी 1,081 डॉलर है। इथियोपिया में प्रति व्यक्ति आय 1,110 डॉलर है। 

बेलारूस की आबादी और जीडीपी कितनी है?

बेलारूस की आबादी करीब 89.37 लाख है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.11% है। आबादी के लिहाज से बेलारूस दुनिया में 102 नंबर पर है। 2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 102.04 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। उसकी जीडीपी वृद्धि दर करीब 1.22% है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 11,286 डॉलर है। विश्व बैंक के अनुसार, 2025 में बेलारूस की प्रति व्यक्ति आय करीब 9,160 डॉलर थी।

बोलीविया की आबादी और जीडीपी कितनी है?

बोलीविया की आबादी करीब 1.27 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.15% है। आबादी के लिहाज से बोलीविया दुनिया में 79 नंबर पर है। 

2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 80.74 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। उसकी अर्थव्यवस्था में करीब 3.29% की गिरावट का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 6,333 डॉलर है। विश्व बैंक में उसकी नवीनतम उपलब्ध प्रति व्यक्ति आय 2024 में करीब 4,160 डॉलर थी।

क्यूबा की आबादी और जीडीपी कितनी है?

क्यूबा की आबादी करीब 1.09 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.13% है। आबादी के लिहाज से क्यूबा दुनिया में 90 नंबर पर है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार 2023 में  प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 18,329 डॉलर थी। 

कजाकिस्तान की आबादी और जीडीपी कितनी है?

कजाकिस्तान की आबादी करीब 2.11 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.25% है। आबादी के लिहाज से कजाकिस्तान दुनिया में 65 नंबर पर है।  2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 360.46 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर करीब 4.61% रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 17,503 डॉलर है। विश्व बैंक के अनुसार उसकी 2025 की प्रति व्यक्ति आय का आंकड़ा उपलब्ध है।

Explainer: How Powerful Is BRICS, and How Big a Business Market Is It for India?
ब्रिक्स के साझेदार देश - फोटो : Amar Ujala

मलेशिया की आबादी और जीडीपी कितनी है?

मलेशिया की आबादी करीब 3.64 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.44% है। आबादी के लिहाज से मलेशिया दुनिया में 79 नंबर पर है। 

2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 516.43 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। उसकी अर्थव्यवस्था करीब 4.70% की दर से बढ़ने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 15,085 डॉलर है। विश्व बैंक के अनुसार 2025 में मलेशिया की प्रति व्यक्ति आय करीब 12,380 डॉलर थी।

नाइजीरिया की आबादी और जीडीपी कितनी है?

नाइजीरिया की आबादी करीब 24.24 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 2.9% है। आबादी के लिहाज से नाइजीरिया दुनिया में 6 नंबर पर है। 

2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 377.37 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर करीब 4.06% रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 1,556 डॉलर है। 2025 में उसकी प्रति व्यक्ति आय करीब 750 डॉलर थी।

थाईलैंड की आबादी और जीडीपी कितनी है?

थाईलैंड की आबादी करीब 7.15 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.86% है। आबादी के लिहाज से थाईलैंड दुनिया में 21 नंबर पर है।  2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 580 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर करीब 1.50% रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 8,105 डॉलर है। विश्व बैंक के अनुसार 2025 में थाईलैंड की प्रति व्यक्ति आय करीब 7,690 डॉलर थी।

युगांडा की आबादी और जीडीपी कितनी है?

युगांडा की आबादी करीब 5.13 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.64% है। आबादी के लिहाज से युगांडा दुनिया में 30 नंबर पर है। 

2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 73.37 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। उसकी अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर करीब 7.51% रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 1,476 डॉलर है। 2025 में युगांडा की प्रति व्यक्ति आय करीब 1,120 डॉलर थी।

उज्बेकिस्तान की आबादी और जीडीपी कितनी है?

उज्बेकिस्तान की आबादी करीब 3.77 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 0.45% है। आबादी के लिहाज से उज्बेकिस्तान दुनिया में 43 नंबर पर है। 

2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 181.50 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। उसकी अर्थव्यवस्था करीब 6.47% की दर से बढ़ने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 4,661 डॉलर है। विश्व बैंक के अनुसार 2025 में उसकी प्रति व्यक्ति आय करीब 3,670 डॉलर थी।

वियतनाम की आबादी और जीडीपी कितनी है?

वियतनाम की आबादी करीब 10.22 करोड़ है। यह दुनिया की कुल आबादी का 1.2% है। आबादी के लिहाज से वियतनाम दुनिया में 16 नंबर पर है। 

2026 में उसकी नाममात्र जीडीपी करीब 527.27 अरब डॉलर रहने का अनुमान है। अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर करीब 7.10% रहने का अनुमान है। प्रति व्यक्ति जीडीपी करीब 5,115 डॉलर है। विश्व बैंक के अनुसार 2025 में वियतनाम की प्रति व्यक्ति आय करीब 4,970 डॉलर थी।

Explainer: How Powerful Is BRICS, and How Big a Business Market Is It for India?
व्यापार के आंकड़े - फोटो : Amar Ujala

ब्रिक्स देशों का कुल व्यापार कितना है?

जीटीआरआई के अनुसार, 2025 में ब्रिक्स के 11 देशों ने कुल 5.67 ट्रिलियन डॉलर का माल निर्यात किया। यह दुनिया के कुल माल निर्यात का 21.6 प्रतिशत है। इन देशों ने इसी दौरान 4.58 ट्रिलियन डॉलर का माल आयात किया, जो दुनिया के कुल आयात का 17.3 प्रतिशत है। इस तरह ब्रिक्स देशों का कुल माल व्यापार करीब 1.09 ट्रिलियन डॉलर के अधिशेष में रहा।

ब्रिक्स देश आपस में कितना व्यापार करते हैं?

दुनिया के व्यापार में बड़ी हिस्सेदारी होने के बावजूद ब्रिक्स देशों के बीच आपसी व्यापार अभी अपेक्षाकृत कम है। ब्रिक्स देश एक-दूसरे को करीब 1.1 ट्रिलियन डॉलर का निर्यात करते हैं। यह उनके कुल संयुक्त निर्यात का 18.8 प्रतिशत है। वहीं ये देश एक-दूसरे से करीब 1.4 ट्रिलियन डॉलर का आयात करते हैं, जो उनके कुल आयात का 29.5 प्रतिशत है। दुनिया के कुल व्यापार के मुकाबले ब्रिक्स देशों के बीच होने वाला निर्यात 4.1 प्रतिशत और आयात 5.4 प्रतिशत है।

ब्रिक्स के आपसी व्यापार में चीन कितना आगे है?

ब्रिक्स के भीतर होने वाला व्यापार भी काफी हद तक चीन के इर्द-गिर्द है। 2025 में चीन ने दूसरे ब्रिक्स देशों को 550.8 अरब डॉलर का सामान निर्यात किया, जबकि ब्रिक्स देशों से 464.9 अरब डॉलर का सामान आयात किया।

भारत का ब्रिक्स देशों के साथ व्यापार कितना बढ़ा?

  • भारत का 11 सदस्यीय ब्रिक्स समूह के साथ कुल माल व्यापार वित्त वर्ष 2021 के 203.1 अरब डॉलर से बढ़कर वित्त वर्ष 2026 में 417.5 अरब डॉलर हो गया।
  • इस दौरान ब्रिक्स देशों को भारत का निर्यात 64.3 अरब डॉलर से बढ़कर 95.7 अरब डॉलर हुआ, यानी 48.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी।
  • वहीं ब्रिक्स देशों से भारत का आयात 138.8 अरब डॉलर से बढ़कर 321.8 अरब डॉलर हो गया, यानी 131.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी।

भारत का ब्रिक्स के साथ व्यापार घाटा कितना बढ़ा?

भारत का ब्रिक्स देशों के साथ व्यापार घाटा वित्त वर्ष 2021 में 74.5 अरब डॉलर था, जो वित्त वर्ष 2026 में बढ़कर 226.1 अरब डॉलर हो गया। ब्रिक्स देशों की भारत के कुल माल आयात में हिस्सेदारी भी वित्त वर्ष 2021 के 35.2 प्रतिशत से बढ़कर वित्त वर्ष 2026 में 41.5 प्रतिशत हो गई। वहीं भारत के कुल निर्यात में ब्रिक्स देशों की हिस्सेदारी 22 प्रतिशत से मामूली घटकर 21.7 प्रतिशत रह गई।

भारत के ब्रिक्स आयात का सबसे बड़ा हिस्सा किन देशों से आता है?

  • भारत के ब्रिक्स आयात का करीब 84 प्रतिशत हिस्सा चीन, यूएई और रूस से आता है। इसमें अकेले चीन की हिस्सेदारी करीब 41 प्रतिशत है।
  • चीन से भारत का आयात वित्त वर्ष 2021 के 65.2 अरब डॉलर से बढ़कर वित्त वर्ष 2026 में 131.6 अरब डॉलर हो गया। वहीं चीन को भारत का निर्यात 21.2 अरब डॉलर से घटकर 19.5 अरब डॉलर रह गया।
  • रूस से भारत का आयात 5.5 अरब डॉलर से बढ़कर 55.4 अरब डॉलर हो गया। इसकी मुख्य वजह ऊर्जा खरीद रही। रूस को भारत का निर्यात करीब 2.7 अरब डॉलर से बढ़कर 4.5 अरब डॉलर हुआ।
  • यूएई वित्त वर्ष 2026 में ब्रिक्स के भीतर भारत का सबसे बड़ा निर्यात बाजार रहा। यूएई को भारत का निर्यात 124 प्रतिशत बढ़कर 37.4 अरब डॉलर हुआ, जबकि यूएई से आयात 140 प्रतिशत बढ़कर 63.9 अरब डॉलर हो गया।
  • सऊदी अरब भारत का अगला सबसे बड़ा ब्रिक्स निर्यात बाजार रहा, जहां भारत का निर्यात 10.3 अरब डॉलर था।
  • ब्राजील और दक्षिण अफ्रीका को भारत का निर्यात करीब 7-7 अरब डॉलर रहा।
  • रूस और इंडोनेशिया को करीब 4.5-4.5 अरब डॉलर का निर्यात हुआ।
  • इंडोनेशिया, ईरान और इथियोपिया को भारत के निर्यात में वित्त वर्ष 2021 के मुकाबले गिरावट आई।

ब्रिक्स के साथ व्यापार बढ़ने के बावजूद भारत के सामने चुनौती क्या है?

ब्रिक्स दुनिया के व्यापार में बड़ी ताकत है, लेकिन समूह के भीतर आपसी व्यापार अभी सीमित है। भारत के लिए चुनौती और बड़ी है, क्योंकि ब्रिक्स से आयात जिस तेजी से बढ़ा है, निर्यात उस गति से नहीं बढ़ पाया।

जीटीआरआई के मुताबिक, भारत को चीन, रूस और इंडोनेशिया में बेहतर बाजार पहुंच, गैर-टैरिफ बाधाओं को दूर करने, ज्यादा मूल्य वाले उत्पादों के निर्यात को बढ़ाने और कुछ चुनिंदा ब्रिक्स आपूर्तिकर्ताओं पर अत्यधिक निर्भरता कम करने की जरूरत है।

भारत का यह व्यापार घाटा केवल ब्रिक्स तक सीमित नहीं है। भारत का वैश्विक माल निर्यात वित्त वर्ष 2021 के 291.8 अरब डॉलर से बढ़कर वित्त वर्ष 2026 में 441.5 अरब डॉलर हुआ, जबकि आयात 394.4 अरब डॉलर से बढ़कर 775.7 अरब डॉलर हो गया। इससे भारत का कुल माल व्यापार घाटा 102.6 अरब डॉलर से बढ़कर 334.3 अरब डॉलर हो गया।

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