फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   DMK's attack on AIADMK, stopping them from going to SC against CBI investigation of Kallakurichi liquor case

Tamil Nadu: डीएमके का अन्नाद्रमुक पर हमला, कहा- कल्लाकुरिची शराब कांड की CBI जांच के खिलाफ SC जाने से रोक रहे

Thu, 21 Nov 2024 05:19 PM IST
बशु जैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई Published by: बशु जैन Updated Thu, 21 Nov 2024 05:19 PM IST
सार

मद्रास उच्च न्यायालय ने 20 नवंबर को कल्लकुरिची शराब त्रासदी मामले की जांच CBI को सौंपी थी। इसे लेकर कानून मंत्री एस रेगुपथी ने कहा कि मुख्यमंत्री एमके स्टालिन उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ उच्चतम न्यायालय में अपील करने पर निर्णय लेंगे। राज्य सरकार को अपील करने का अधिकार है। 

विज्ञापन
DMK's attack on AIADMK, stopping them from going to SC against CBI investigation of Kallakurichi liquor case
अन्नाद्रमुक प्रमुख एडप्पादी पलानीस्वामी और तमिलनाडु के सीएम एमके स्टालिन। - फोटो : ANI

विस्तार

कल्लाकुरिची शराब कांड की जांच सीबीआई को सौंपने के मद्रास हाईकोर्ट के फैसले को लेकर डीएमके ने अन्नाद्रमुक को घेरा। डीएमके ने कहा कि  अन्नाद्रमुक प्रमुख एडप्पादी पलानीस्वामी मद्रास हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाने से सरकार को रोक रहे हैं। जबकि पहले एक मामले की जांच केंद्रीय जांच एजेंसी को सौंपे जाने पर पलानीस्वामी खुद ही शीर्ष अदालत पहुंचे थे।
विज्ञापन


डीएमके नेता आरएस भारती ने कहा कि 2018 में जब उनकी पार्टी ने अन्नाद्रमुक शासन के तहत राजमार्ग विभाग में लगभग 4,800 करोड़ रुपये के कथित भ्रष्टाचार को लेकर मद्रास उच्च न्यायालय में याचिका दायर की, तो अदालत ने सीबीआई जांच का आदेश दिया था। भारती ने कहा कि हमने सीबीआई जांच की मांग नहीं की थी, लेकिन अदालत ने निर्देश दिया कि। तब पलानीस्वामी ने ही सीबीआई की जांच के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट से स्टे लिया था। 
विज्ञापन


भारती ने कहा कि जब मामला शीर्ष अदालत में सुनवाई के लिए आया तो DMK ने दलील दी कि उसे CBI जांच के खिलाफ पलानीस्वामी की याचिका पर कोई आपत्ति नहीं है। CBI जांच की मांग करना उनकी पार्टी का पसंदीदा विकल्प नहीं रहा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


भारती ने 2016 में राज्य विधानसभा चुनाव से पहले तिरुपुर में एक कंटेनर लॉरी में रखे 570 करोड़ रुपये की जब्ती के मामले में उच्च न्यायालय द्वारा निर्देशित CBI जांच के परिणाम पर आश्चर्य जताया। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय अन्नाद्रमुक सत्ता में थी। चुनाव अधिकारियों ने नकदी जब्त की और DMK उच्च न्यायालय में चली गई। आज तक मामले में क्या CBI ने जांच शुरू की? 

कल्लकुरिची मुद्दे पर राज्य सरकार द्वारा की गई कार्रवाई को लेकर भारती ने कहा कि दोषियों की त्वरित गिरफ्तारी की गई।  भारती ने दोहराया कि वे पलानीस्वामी ही थे जिन्होंने कथित भ्रष्टाचार के मामले को CBI को स्थानांतरित करने के उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ शीर्ष न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था।

मद्रास उच्च न्यायालय ने 20 नवंबर को कल्लकुरिची शराब त्रासदी मामले की जांच CBI को सौंपी थी। इसे लेकर कानून मंत्री एस रेगुपथी ने कहा कि मुख्यमंत्री एमके स्टालिन उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ उच्चतम न्यायालय में अपील करने पर निर्णय लेंगे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को अपील करने का अधिकार है। मंत्री ने कहा कि राज्य की सीबीसीआईडी जांच सही दिशा में है और सरकार के पास अपने मामले का समर्थन करने के लिए सबूत हैं।


याचिका दायर करने वाली अन्नाद्रमुक ने अदालत के फैसले का स्वागत किया और कहा कि यह न्याय के लिए उनकी निरंतर लड़ाई की जीत है। अन्नाद्रमुक प्रमुख एडप्पादी पलानीस्वामी ने कहा कि अगर डीएमके ने कुछ भी गलत नहीं किया है तो उसे उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ अपील दायर नहीं करनी चाहिए।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed